सरायकेला | सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया थाना परिसर में महिला से कथित दुष्कर्म के मामले में नया मोड़ सामने आया है। ओडिशा के बड़बिल से पहुंचे परिजनों ने पीड़िता को नाबालिग बताते हुए दावा किया है कि वह पिछले छह महीने से घर से लापता थी।

बुधवार को परिजन मानवाधिकार संगठन की टीम के साथ गम्हरिया थाना पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने पीड़िता की उम्र की पुष्टि के लिए संबंधित दस्तावेजों की जांच शुरू कर दी है।

वहीं, पीड़िता के पति शंकर दास को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वह युवती को ओडिशा से गम्हरिया किन परिस्थितियों में लेकर आया था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग ने झारखंड के डीजीपी को पत्र भेजकर सात दिनों के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है। वहीं, जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा) ने भी पीड़िता को कानूनी सहायता और पुनर्वास उपलब्ध कराने की पहल शुरू की है।

गौरतलब है कि 29 अक्टूबर की रात पति के साथ विवाद के बाद मदद मांगने पहुंची पीड़िता को पीसीआर वैन गम्हरिया थाना लेकर आई थी। आरोप है कि थाने में ड्यूटी पर तैनात सिपाही नीरज लकड़ा ने उसके साथ दुष्कर्म किया। इस मामले में अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि तत्कालीन थाना प्रभारी समेत 15 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है।

फिलहाल पुलिस पीड़िता की उम्र, उसके गम्हरिया पहुंचने की परिस्थितियों और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।

