कोल्हान

चाईबासा में “कोल्हान बह रुमुल सह सांस्कृतिक यात्रा” का भव्य समापन, हजारों लोगों की सहभागिता

चाईबासा में “कोल्हान बह रुमुल सह सांस्कृतिक यात्रा” का भव्य समापन, हजारों लोगों की सहभागिता

चाईबासा | खूंटकट्टी मैदान में 15 मार्च 2026 को “कोल्हान बह रुमुल सह सांस्कृतिक यात्रा” का भव्य समापन हुआ। इस कार्यक्रम का आयोजन कोल्हान हो फिल्म्स एंड म्यूजिक एसोसिएशन के तत्वावधान में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आदिवासी हो समाज की पारंपरिक संस्कृति, प्रकृति-पूजा और विलुप्त होती परंपराओं को संरक्षित करना था। इस अवसर पर हजारों आदिवासी पुरुष-महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा और वाद्य यंत्रों के साथ उत्साहपूर्वक भाग लिया।

Book your slot today : +91 7250214782

कार्यक्रम की शुरुआत गोवारी गीत से हुई। प्रतिभागियों का स्वागत सरजोम और पलाश के फूल लगाकर किया गया। इसके बाद बह पर्व के 10 प्रमुख ताड़ों—गेना, गाड़ूवा, चंगुड़िया, दांवडिया, जापे, जादूर, केंमटा, सार, ले और रचा—पर आधारित गीत और नृत्य प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य पारंपरिक धुनों और विधाओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाना और उन्हें संरक्षित करना था।

Book your slot today : +91 7250214782

नृत्य प्रतियोगिता के परिणाम :


प्रथम स्थान : बिरुवा रूमुल पड़सी
द्वितीय स्थान : मुंडारी सुसुन दुरं क्लब, खूंटी
तृतीय स्थान : बले सुड़ा सगेन ओल-पड़ाओ षुषुन-दुरं इनुङ गुटि कतिगुटु मोंडो, चाईबासा

सामूहिक लोकगीत प्रतियोगिता के परिणाम:
प्रथम स्थान: पुदगल हो हयम् ओल-पड़ाओ षुषुन-दुरं इनितुङ मोंडो तुइबिर, चाईबासा
द्वितीय स्थान: हयम ल्हेचकोम ओल-पड़ाओ पटुवा गुटि नरसंडा मोंडो, चाईबासा
तृतीय स्थान: लिटे सी’ईत मोंडो तुंगी रहे

कार्यक्रम में सोमा जेराई ने बह पर्व के 10 ताड़ों की विशेषताओं पर विस्तार से जानकारी दी। मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष केशव कमलेश महतो ने कहा कि ऐसे आयोजन संस्कृति को पहचान दिलाने के साथ-साथ युवा पीढ़ी को पूर्वजों की प्रकृति-आधारित जीवनशैली से जोड़ते हैं। उन्होंने जिला प्रशासन से आदिवासी संस्कृति के संरक्षण के लिए सहयोग की अपील भी की।

चक्रधरपुर नगर परिषद के नवनिर्वाचित अध्यक्ष सन्नी उरांव ने सामाजिक सौहार्द और आदिवासी एकता पर जोर देते हुए कहा कि ऐसे सांस्कृतिक मंच समाज को जोड़ने का कार्य करते हैं। वहीं आदिवासी हो समाज महिला महासभा की सचिव ने महिलाओं से समाज में अपनी भूमिका मजबूत करने और ऐसे आयोजनों में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।

कार्यक्रम के दौरान तांबो चौक, गौशाला चौक और पोस्ट ऑफिस चौक में विभिन्न संस्थाओं द्वारा प्रतिभागियों के लिए जलपान की व्यवस्था की गई थी।

यह आयोजन बह पर्व की परंपरा, प्रकृति-पूजा और हो समाज की सांस्कृतिक धरोहर को पुनर्जीवित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ। कार्यक्रम में कई गणमान्य लोग, सामाजिक कार्यकर्ता और कलाकार उपस्थित रहे।

आयोजन समिति के अध्यक्ष संजय सारील देवगम सहित सभी सदस्यों ने कार्यक्रम की सफलता के लिए सहयोग करने वाले सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।

सरायकेला: छऊ नृत्य केवल कला नहीं, धार्मिक आस्था से जुड़ा — राजा प्रताप आदित्य सिंहदेव

सरायकेला: छऊ नृत्य केवल कला नहीं, धार्मिक आस्था से जुड़ा — राजा प्रताप आदित्य सिंहदेव

सरायकेला खरसावां | सरायकेला राजमहल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजा प्रताप आदित्य सिंहदेव ने कहा कि सरायकेला की छऊ केवल एक नृत्य कला नहीं है, बल्कि यह यहां की पहचान, धार्मिक आस्था और आध्यात्म से भी गहराई से जुड़ी हुई है। उन्होंने बताया कि हर वर्ष अप्रैल महीने में चैत्र पर्व के अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना और अनुष्ठान के साथ इस पर्व को मनाया जाता है।

Book your slot today : +91 7250214782

उन्होंने कहा कि पहले की तरह चैत्र पर्व को एक दिवसीय कार्यक्रम के रूप में मनाया जाना चाहिए, जबकि जिला स्थापना दिवस 30 अप्रैल को महोत्सव के रूप में आयोजित किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि विश्व प्रसिद्ध छऊ नृत्य की ख्याति देश ही नहीं, बल्कि विदेशों तक फैली हुई है।

राजा प्रताप आदित्य सिंहदेव ने कहा कि छऊ नृत्य यहां की धार्मिक आस्था से जुड़ा हुआ है, इसलिए आस्था का सम्मान करते हुए इस कला को और अधिक विकसित व संरक्षित किया जाना चाहिए।

Book your slot today : +91 7250214782

उन्होंने जानकारी दी कि चैत्र पर्व के आयोजन को लेकर शुक्रवार को सदर एसडीओ की अध्यक्षता में एक बैठक हुई थी। बैठक में 29 अप्रैल को अंतरराष्ट्रीय डांस डे के अवसर पर छऊ महोत्सव आयोजित करने का सुझाव दिया गया है। वहीं 13 अप्रैल को केवल छऊ नृत्य कार्यक्रम और चैत्र पर्व मनाने का प्रस्ताव एसडीओ को दिया गया है, ताकि यहां की संस्कृति और परंपरा सुरक्षित रह सके।

उन्होंने कहा कि बिहार सरकार के समय से ही चैत्र पर्व मनाया जाता रहा है, लेकिन झारखंड राज्य बनने के बाद इसमें बदलाव कर इसे महोत्सव का रूप दे दिया गया। कई बार ऐसा भी हुआ कि छऊ नृत्य की जगह अन्य राज्यों के नृत्य कार्यक्रमों को ज्यादा महत्व दिया गया।

उन्होंने कहा कि चैत्र पर्व स्थानीय धार्मिक परंपरा और पूजा-पाठ से जुड़ा हुआ है, इसलिए महोत्सव के नाम पर इससे छेड़छाड़ करना उचित नहीं है। अगर जिला प्रशासन इस प्रस्ताव से सहमत नहीं होता है, तो राजमहल में अलग से विधिवत चैत्र महोत्सव का आयोजन किया जाएगा, जिसमें स्थानीय कलाकार अपनी प्रस्तुति देंगे।

सरायकेला: सिविल कोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत का सफल आयोजन, 7,626 मामलों का निपटारा

सरायकेला: सिविल कोर्ट में राष्ट्रीय लोक अदालत का सफल आयोजन, 7,626 मामलों का निपटारा

सरायकेला | सिविल कोर्ट परिसर में शनिवार 14 मार्च को राष्ट्रीय लोक अदालत का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड उच्च न्यायालय, रांची के न्यायमूर्ति अनिल कुमार चौधरी उपस्थित रहे। इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रमाशंकर सिंह, उपायुक्त नितिश कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत, उप विकास आयुक्त रीना हांसदा, न्यायिक पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी तथा अन्य सरकारी अधिकारी मौजूद रहे।

Book your slot today : +91 7250214782

लोक अदालत के सफल संचालन के लिए छह बेंचों का गठन किया गया था। सरायकेला और चांडिल अनुमंडल न्यायालयों की बेंचों ने कुल 7,626 मामलों की सुनवाई की, जिनमें से कई मामलों का निपटारा आपसी सहमति से किया गया। इस दौरान लगभग 2 करोड़ 35 लाख रुपये की राजस्व राशि की भी वसूली हुई।

Book your slot today : +91 7250214782

लोक अदालत में राजस्व, दीवानी, समझौता योग्य आपराधिक मामले, विद्युत से जुड़े मामले, परक्राम्य लिखत अधिनियम से संबंधित मामले, पुलिस अधिनियम और मोटर वाहन अधिनियम से जुड़े छोटे मामलों का निपटारा किया गया। इसके माध्यम से लोगों को त्वरित और सौहार्दपूर्ण न्याय मिला।

कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत लाभुकों को मुख्य अतिथि द्वारा लाभ प्रदान किया गया और परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया।

न्यायमूर्ति अनिल कुमार चौधरी ने सरायकेला स्थित वृद्धाश्रम का भी दौरा किया। उन्होंने वहां रह रहे बुजुर्गों से मुलाकात कर उनसे बातचीत की और उन्हें कपड़े व मिठाइयाँ वितरित कीं। इस दौरान उनकी धर्मपत्नी ने भी वृद्धाश्रम में बुजुर्गों से आत्मीय बातचीत की।

डीएलएसए के सचिव तौसीफ मेराज ने बताया कि इस बार लोक अदालत में मामलों के निपटारे की संख्या पिछले लोक अदालत की तुलना में अधिक रही।

स्वास्थ्य विभाग की मासिक समीक्षा बैठक, टीकाकरण और मातृत्व सेवाओं को मजबूत करने पर जोर

स्वास्थ्य विभाग की मासिक समीक्षा बैठक, टीकाकरण और मातृत्व सेवाओं को मजबूत करने पर जोर

चाईबासा | जिला समाहरणालय स्थित सभागार में जिला उपायुक्त Chandan Kumar की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा पीपीटी के माध्यम से की गई।

Book your slot today : +91 7250214782

बैठक के दौरान मातृत्व स्वास्थ्य से संबंधित प्रखंडवार एएनसी (ANC) कवरेज की समीक्षा की गई। समीक्षा में कुमारडुंगी, टोंटो, गोइलकेरा, खूंटपानी और बंदगांव प्रखंडों का प्रतिशत कम पाया गया। उपायुक्त ने संबंधित प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को छूटे हुए क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

Book your slot today : +91 7250214782

प्रसव सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए डिलीवरी प्वाइंट को सुदृढ़ करते हुए उन्हें एल-1 (L1) प्वाइंट के रूप में विकसित करने तथा आवश्यक उपकरण और सामग्रियों की मांग उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।

नियमित टीकाकरण की समीक्षा में बताया गया कि जिले में प्रतिरक्षण की उपलब्धि 94 प्रतिशत है। वहीं टोंटो, कुमारडुंगी, खूंटपानी, सोनुआ और जगन्नाथपुर प्रखंडों में अपेक्षाकृत कम उपलब्धि पाई गई। उपायुक्त ने छूटे हुए बच्चों की पहचान कर विशेष अभियान के माध्यम से शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने को कहा।

बैठक में 108 एंबुलेंस चालकों की हड़ताल के दौरान जरूरत के अनुसार विभिन्न मदों और सामाजिक संस्थाओं द्वारा उपलब्ध कराए गए एंबुलेंस का उपयोग करने का भी निर्देश दिया गया।

इसके अलावा जिले में जरूरत के अनुसार मानवबल, मशीन, उपकरण और सामग्रियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा सदर अस्पताल की नवनिर्मित एक्सटेंडेड बिल्डिंग को सुसज्जित करने के लिए आवश्यक मांग उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।

बैठक में उप विकास आयुक्त, सिविल सर्जन, जिला स्वास्थ्य विभाग की टीम, सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, डीएमएफटी की टीम, पीरामल फाउंडेशन के सदस्य और World Health Organization के प्रतिनिधि सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

चाईबासा: रोटरैक्ट क्लब के सदस्यों ने नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश से की शिष्टाचार मुलाकात

चाईबासा: रोटरैक्ट क्लब के सदस्यों ने नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश से की शिष्टाचार मुलाकात

पश्चिम सिंहभूम | चाईबासा में रोटरैक्ट क्लब के सदस्यों ने नगर परिषद के नवनिर्वाचित अध्यक्ष नितिन प्रकाश से शिष्टाचार मुलाकात कर उन्हें अध्यक्ष बनने पर बधाई दी। इस दौरान क्लब की ओर से उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

मुलाकात के दौरान नितिन प्रकाश ने रोटरैक्ट क्लब चाईबासा द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि समाज के विकास में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण होती है और रोटरैक्ट क्लब जैसे संगठन समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अपने कार्यकाल में नगर परिषद और रोटरैक्ट क्लब के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाएगा, ताकि सामाजिक कार्यों को और प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाया जा सके।

Book your slot today : +91 7250214782

रोटरैक्ट क्लब चाईबासा के अध्यक्ष विनय लोधा ने कहा कि नितिन प्रकाश एक सक्रिय, मिलनसार और जनसेवा के प्रति समर्पित व्यक्तित्व हैं। उनके नेतृत्व में चाईबासा शहर के विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। उन्होंने नितिन प्रकाश को क्लब हाउस में आयोजित होने वाली बैठक में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया, जिसे उन्होंने स्वीकार कर लिया।

Book your slot today : +91 7250214782

विनय लोधा ने बताया कि रोटरैक्ट क्लब चाईबासा द्वारा हर वर्ष रामनवमी के अवसर पर सेवा शिविर का आयोजन किया जाता है। इस वर्ष यह सेवा शिविर 27 मार्च 2026 को पोस्ट ऑफिस के पास स्कॉट स्कूल के सामने आयोजित किया जाएगा, जिसमें लगभग 3000 श्रद्धालुओं के बीच मटर-घुगनी चाट और ठंडा शरबत का वितरण किया जाएगा। इस सेवा शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में नितिन प्रकाश को आमंत्रित किया गया है और उन्होंने कार्यक्रम में शामिल होने का आश्वासन दिया है।

मंझारी प्रखंड के कई गांवों में बिजली नहीं, ग्रामीणों का विद्युत कार्यालय घेराव

मंझारी प्रखंड के कई गांवों में बिजली नहीं, ग्रामीणों का विद्युत कार्यालय घेराव

चाईबासा | मंझारी प्रखंड के मेरोमहोनर पंचायत के कई गांवों में आज तक बिजली नहीं पहुंचने के विरोध में ग्रामीणों ने आंदोलन किया। झारखंड बचाओ जनसंघर्ष मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष माधव चंद्र कुंकल के नेतृत्व में ग्रामीणों ने गांधी मैदान से पदयात्रा करते हुए खप्परसाई स्थित विद्युत कार्यालय का घेराव किया और अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरना पर बैठ गए।

Book your slot today : +91 7250214782

जानकारी के अनुसार पताहातु गांव के संग्रामबासा, गालाबासा और नीताबासा, दुनुकुबासा, बुनुमलता गांव के भालूमंडा और चोगोबेडा, पंडरासाली गांव के गोप टोला, गुटूसाईं, टेंगरा गांव के जोबासाईं तथा माइलबेडा गांव सहित कई बस्तियों में अब तक बिजली की सुविधा नहीं पहुंची है। इसे लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखा गया।

मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष माधव चंद्र कुंकल ने कहा कि पिछले करीब छह वर्षों से इन गांवों में विद्युतीकरण की मांग को लेकर विद्युत विभाग के वरीय अधिकारियों को लगातार जानकारी दी जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। विभाग की उदासीनता के कारण ग्रामीणों को आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ा है।

Book your slot today : +91 7250214782

ग्रामीण अजय कुंकल ने कहा कि बिजली नहीं होने से गांव के बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। वहीं किरोसिन तेल की कीमत इतनी बढ़ गई है कि गरीब परिवारों के लिए इसे खरीदना भी मुश्किल हो गया है।
रेयांश समड ने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद भी मंझारी प्रखंड के इन गांवों तक बिजली नहीं पहुंच पाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

आंदोलन के दौरान विद्युत विभाग के सहायक अभियंता और कार्यकारी संवेदक एल.एन.आर.सी. की ओर से ग्रामीणों को लिखित आश्वासन दिया गया कि चार महीने के भीतर सभी छूटे हुए गांवों में विद्युतीकरण का कार्य पूरा कर दिया जाएगा। इसके बाद ग्रामीणों ने अपना अनिश्चितकालीन धरना समाप्त कर दिया।

इस आंदोलन में सुशील पूर्ति, थॉमस कुंकल, अजय कुंकल, पालो भूमिज, विनय हेंब्रम, चुनू कुंकल, तुर्रम भूमिज, अनीता कुंकल, विभूति गोप, रोहित पान, विजय हेंब्रम, सूरज गोप सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।

चाईबासा : युवा कांग्रेस की जिला कार्यकारिणी बैठक आयोजित, संगठन विस्तार पर जोर

चाईबासा : युवा कांग्रेस की जिला कार्यकारिणी बैठक आयोजित, संगठन विस्तार पर जोर

चाईबासा | कांग्रेस भवन में युवा कांग्रेस के जिलाध्यक्ष प्रीतम बांकिरा की अध्यक्षता में जिला कार्यकारिणी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश महासचिव सह जिला प्रभारी दीपक साव और जिलाध्यक्ष रंजन बोयपाई उपस्थित रहे। जिला प्रभारी के पहली बार जिला आगमन पर जिला महासचिव राजीव बोयपाई और गुलज़ार अंसारी ने अंगवस्त्र देकर उनका स्वागत किया।

Book your slot today : +91 7250214782

बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष प्रीतम बांकिरा ने कहा कि जल्द ही जिला, विधानसभा और प्रखंड कमेटियों का विस्तार किया जाएगा तथा जिलास्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अब प्रत्येक महीने विधानसभा कार्यकारिणी की बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएगी, ताकि पंचायत और प्रखंड स्तर के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं से संवाद स्थापित कर संगठन को मजबूत किया जा सके और क्षेत्र की जनसमस्याओं के समाधान के लिए काम किया जा सके।

Book your slot today : +91 7250214782

जिला प्रभारी दीपक साव ने अपने संबोधन में कहा कि आज देश में सच बोलना मुश्किल हो गया है और इसका उदाहरण राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु छिब की गिरफ्तारी है। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि एलपीजी गैस सिलेंडर के दामों में लगातार बढ़ोतरी आम जनता पर बोझ डाल रही है।

बैठक के बाद युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शहीद पार्क चौक में बढ़ते एलपीजी सिलेंडर के दामों के विरोध में सांकेतिक प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में 16 मार्च को होने वाले संसद घेराव कार्यक्रम में जिले से दर्जनों कार्यकर्ता दिल्ली जाएंगे।

बैठक में जिला महासचिव राजीव बोयपाई, गुलज़ार अंसारी, चक्रधरपुर विधानसभा अध्यक्ष प्रतीक कुमार, मझगांव विधानसभा उपाध्यक्ष चैतन्य संवैया, मझगांव प्रखंड अध्यक्ष सुकरा लोहार, हाटगमहारिया प्रखंड अध्यक्ष कृपा कुलडीह, टोंटो प्रखंड अध्यक्ष प्रवीन लागुरी, पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष बसंत सामड सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

तमिलनाडु में फंसी नोवामुंडी की चार लड़कियां सकुशल लौटीं, विधायक सोनाराम सिंकु के प्रयास से घर पहुंचीं

तमिलनाडु में फंसी नोवामुंडी की चार लड़कियां सकुशल लौटीं, विधायक सोनाराम सिंकु के प्रयास से घर पहुंचीं

नोवामुंडी | जगन्नाथपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक सोनाराम सिंकु के प्रयास से तमिलनाडु में फंसी नोवामुंडी प्रखंड की चार लड़कियां सकुशल अपने गांव लौट आई हैं। प्रशासन और विधायक प्रतिनिधियों की मौजूदगी में चारों लड़कियों को उनके परिजनों को सौंप दिया गया।

Book your slot today : +91 7250214782

जानकारी के अनुसार, चारों लड़कियां पश्चिमी सिंहभूम जिले के नोवामुंडी प्रखंड अंतर्गत महुदी पंचायत के बंगला डीपा गांव की रहने वाली हैं। इनमें सुखमती लागुरी (पिता– मंगल लागुरी), सोनिवारी बरजो (पिता– स्व. विरा बरजो), सपनी बरजो (पिता– गंगा राम बरजो) और सुखमती बरजो (पिता– देवा बरजो) शामिल हैं।

Book your slot today : +91 7250214782

बताया गया कि बीते वर्ष अगस्त में सुकमति सिंकु नामक एक बिचौलिया इन चारों लड़कियों को काम दिलाने के नाम पर पैसे लेकर तमिलनाडु ले गई थी। वहां पहुंचने के बाद उन्हें कम वेतन दिया जा रहा था। जब लड़कियों ने काम छोड़कर घर लौटने की बात कही तो ठेकेदार राजकुमार ने उन्हें डराकर बंधक बना लिया और जबरन काम कराने लगा।
लड़कियों ने कई बार घर जाने की इच्छा जताई, लेकिन बिचौलिया सुकमति सिंकु ने उनकी बातों को नजरअंदाज कर दिया। जब दो दिन तक लड़कियां काम पर नहीं गईं, तो ठेकेदार राजकुमार ने उन्हें कमरे में बंद कर दिया और उनके साथ मारपीट भी की।
इसकी जानकारी मिलने पर परिजन और ग्रामीण 8 मार्च को प्रशासन और विधायक सोनाराम सिंकु से मिले और लड़कियों को छुड़ाने की गुहार लगाई। मामले को गंभीरता से लेते हुए विधायक ने डीएसपी और स्थानीय प्रशासन को तत्काल कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
विधायक और प्रशासन के दबाव के बाद ठेकेदार राजकुमार ने लड़कियों को घर जाने की अनुमति दी, लेकिन काम छोड़ने के नाम पर उनसे छह-छह हजार रुपये भी वसूल लिए। इसके बाद चारों लड़कियां ट्रेन से जमशेदपुर पहुंचीं और वहां से डांगुवापोसी आईं।
डांगुवापोसी पहुंचने के बाद प्रशासन चारों लड़कियों को जगन्नाथपुर थाना ले गया, जहां पुलिस और विधायक प्रतिनिधियों की मौजूदगी में उन्हें उनके परिजनों को सौंप दिया गया।
बताया गया है कि चारों में से एक लड़की नाबालिग है, जिसे बालिग बताकर तमिलनाडु ले जाया गया था और उससे जबरन काम कराया जा रहा था।
इस दौरान जगन्नाथपुर पुलिस के साथ विधायक प्रतिनिधि मंडल के रंजीत गगराई, रोशन पान, संतोष नाग और क्रांति तिरिया सहित अन्य लोग मौजूद थे।

जंगली हाथी के हमले से दो घर क्षतिग्रस्त, अनाज नष्ट; पीड़ितों से मिलने पहुंचे मानसिंह तिरिया

जंगली हाथी के हमले से दो घर क्षतिग्रस्त, अनाज नष्ट; पीड़ितों से मिलने पहुंचे मानसिंह तिरिया

चाईबासा | आदिवासी किसान मजदूर पार्टी के जिला अध्यक्ष सह जिला परिषद सदस्य मानसिंह तिरिया ने 11 मार्च को ग्राम जुगीनन्दा (दुडिरता) पहुंचे। जहाँ हाल ही में जंगली हाथी द्वारा मकान क्षतिग्रस्त करने, अनाज खाने तथा जान-माल के नुकसान की शिकायत मिलने के बाद उन्होंने पीड़ित परिवारों से मिलकर घटनास्थल का जायजा लिया।

Book your slot today : +91 7250214782

पीड़ित निरंजन जेराई ने बताया कि मंगलवार की रात करीब 1:30 बजे जंगली हाथी ने उनके घर की चारदीवारी और बगान का गेट तोड़ दिया। उस समय वे अपनी पत्नी और तीन बच्चों के साथ घर में सो रहे थे। हाथी ने घर को नुकसान पहुंचाया और घर में रखा लगभग 50 किलो चावल खा गया। किसी तरह उन्होंने अपने परिवार के साथ जान बचाकर वहां से भागकर सुरक्षित स्थान पर शरण ली। काफी देर तक उत्पात मचाने के बाद हाथी वहां से चला गया।

Book your slot today : +91 7250214782

इसके बाद पास में रहने वाले सुशील जेराई (40 वर्ष), पिता गुरुचरण जेराई के घर को भी हाथी ने निशाना बनाया। सुशील जेराई अपनी पत्नी और दो छोटे बच्चों के साथ घर में सो रहे थे। रात करीब 1:40 बजे हाथी की आवाज सुनकर उन्होंने परिवार के साथ पड़ोसी के घर में शरण लेकर किसी तरह रात बिताई। इस दौरान हाथी ने उनके टाली घर के दो कमरों को पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया और घर में रखा धान तथा दो बोरा चावल खाकर बर्बाद कर दिया। इसके अलावा तीन बोरा धान को भी नुकसान पहुंचाया।
मानसिंह तिरिया ने कहा कि घटना के बाद भी वन विभाग के कर्मचारी पीड़ित परिवारों से मिलने नहीं पहुंचे। उन्होंने कहा कि जंगली हाथी वन विभाग की जिम्मेदारी है, लेकिन सरकार उन्हें नियंत्रित करने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में असफल साबित हो रही है। उन्होंने बताया कि जगन्नाथपुर, हटगम्हरिया, कुमारडुंगी, मझगांव, टोंटो और झींकपानी क्षेत्रों में लगातार जंगली हाथियों द्वारा मकानों, अनाज और रबी फसलों को नुकसान पहुंचाया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि कई पीड़ित किसानों को समय पर मुआवजा नहीं मिल रहा है। इस समस्या को लेकर 23 मार्च 2026 को कोल्हान आयुक्त के समक्ष धरना-प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया है।
तिरिया ने कहा कि क्षेत्र के किसान सब्जी और बागवानी कर अपनी आजीविका चला रहे हैं, लेकिन जंगली हाथियों के कारण उनकी मेहनत पर पानी फिर रहा है। कई किसान कर्ज लेकर खेती कर रहे हैं, लेकिन उचित मुआवजा नहीं मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति और खराब हो रही है। उन्होंने सरकार से मुआवजा राशि बढ़ाने और प्रक्रिया को सरल बनाने की मांग की, ताकि पीड़ित किसानों को समय पर राहत मिल सके।
मौके पर पीड़ित परिवार और ग्रामीण भी उपस्थित थे।

पश्चिमी सिंहभूम में समाज कल्याण योजनाओं की समीक्षा बैठक, आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन व मूलभूत सुविधाओं पर जोर

पश्चिमी सिंहभूम में समाज कल्याण योजनाओं की समीक्षा बैठक, आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन व मूलभूत सुविधाओं पर जोर

चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित सभागार में बुधवार को उपायुक्त चंदन कुमार की अध्यक्षता में जिला समाज कल्याण कार्यालय के अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थिति, भवन निर्माण, पेयजल, शौचालय, विद्युतीकरण सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता पर विस्तृत चर्चा की गई।

Admissions Open | Contact : +91 9899613747

बैठक में बताया गया कि जिले में कुल 2333 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं, जिनमें से 447 केंद्र किराए के भवनों में संचालित हो रहे हैं। इस दौरान उपायुक्त ने आंगनबाड़ी केंद्र भवन निर्माण से संबंधित कार्यों की परियोजना-वार प्रगति की समीक्षा की। समाज कल्याण विभाग से स्वीकृत 106 आंगनबाड़ी केंद्रों तथा मनरेगा कन्वर्जेंस के तहत 151 आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण कार्य की स्थिति की भी विस्तार से जानकारी ली गई।
इसके साथ ही शिक्षा विभाग एवं समाज कल्याण विभाग के समन्वय से संचालित आंगनबाड़ी केंद्र–विद्यालय को-लोकेशन से संबंधित प्रतिवेदन का भी अवलोकन किया गया।

Book your slot today : +91 7250214782

समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना के तहत लाभुकों के आच्छादन की स्थिति, सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल के माध्यम से पेयजल आपूर्ति, शौचालय निर्माण तथा विद्युतीकरण कार्यों की प्रगति का भी जायजा लिया। इसके अतिरिक्त पोषण ट्रैकर के सभी संकेतकों, प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना तथा समर कार्यक्रम से संबंधित प्रतिवेदनों की भी समीक्षा की गई।
उपायुक्त ने जिला समाज कल्याण पदाधिकारी को निर्देश दिया कि जिले के सभी 2333 आंगनबाड़ी केंद्रों में भवन, बिजली, पानी, शौचालय तथा सेविका–सहायिका की उपलब्धता से संबंधित एक समेकित प्रतिवेदन तैयार कर शीघ्र उपलब्ध कराया जाए।

Book your slot today : +91 7250214782

बैठक में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी श्वेता भारती, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग, विद्युत प्रमंडल, भवन प्रमंडल तथा पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता, सभी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, कनीय अभियंता एवं महिला पर्यवेक्षिकाएं उपस्थित ।