राजनीति

जिला योजना कार्यकारिणी समिति की बैठक में योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

जिला योजना कार्यकारिणी समिति की बैठक में योजनाओं की प्रगति की समीक्षा

चाईबासा | पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित सभागार में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में जिला योजना कार्यकारिणी समिति की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार, सिविल सर्जन, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, जिला योजना पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित विभिन्न कार्यकारी विभागों के कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता, जिला खेल पदाधिकारी एवं संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।

Contact us :- 7004820253

बैठक में मुख्य रूप से अनाबद्ध मद के तहत विगत वित्तीय वर्ष में स्वीकृत योजनाओं की विभागवार प्रगति की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने संबंधित विभागों से स्वीकृत योजनाओं की वर्तमान स्थिति, कार्य पूर्णता, निर्माण कार्य की प्रगति तथा लंबित योजनाओं की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि जिन योजनाओं का कार्य प्रारंभ हो चुका है, उन्हें निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा कराया जाए।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही संभावित बाधाओं की भी जानकारी ली। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। योजनाओं की गुणवत्ता से समझौता किए बिना कार्य में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया गया।

Contact no :- +91 8553588326

बैठक में वर्तमान वित्तीय वर्ष में अनाबद्ध मद के तहत प्राप्त राशि के विरुद्ध योजना चयन से संबंधित प्रतिवेदन पर भी चर्चा की गई। संबंधित विभागों से प्राप्त प्रस्तावों एवं आवश्यकताओं के आधार पर योजना चयन की प्रक्रिया की जानकारी लेते हुए उपायुक्त ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

Contact no :- +91 9337736501

उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि जिला योजना के तहत स्वीकृत योजनाओं का उद्देश्य जिले के विभिन्न क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करना और आमजनों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को स्वीकृत योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने तथा उनकी नियमित निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति की नियमित समीक्षा करते हुए अद्यतन प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाए। जिन योजनाओं में कार्य की गति अपेक्षाकृत धीमी है, उनमें आवश्यक कार्रवाई करते हुए कार्य में तेजी लाई जाए। साथ ही, सभी कार्यकारी विभाग आपसी समन्वय के साथ निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप योजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करना सुनिश्चित करें।

Book your slot today : +91 7250214782

बैठक में विभागवार योजनाओं की प्रगति, वर्तमान वित्तीय वर्ष में योजना चयन एवं क्रियान्वयन की कार्ययोजना सहित अन्य संबंधित बिंदुओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।

चंदा चोरी के आरोपों और MMDR संशोधन विधेयक के विरोध में कांग्रेस का चरणबद्ध आंदोलन, 26 सितंबर को रांची में लोक भवन मार्च

चंदा चोरी के आरोपों और MMDR संशोधन विधेयक के विरोध में कांग्रेस का चरणबद्ध आंदोलन, 26 सितंबर को रांची में लोक भवन मार्च

चाईबासा | श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए प्राप्त चंदे से जुड़े आरोपों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही की मांग तथा खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 के विरोध में झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी द्वारा चलाए जा रहे चरणबद्ध आंदोलन को लेकर सोमवार को कांग्रेस भवन, चाईबासा में प्रेस-वार्ता आयोजित की गई। प्रेस-वार्ता में कांग्रेस नेताओं ने कहा कि दोनों मुद्दों को लेकर पार्टी लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से अपना आंदोलन जारी रखेगी।

Contact us :- 7004820253

प्रेस-वार्ता को प्रदेश कांग्रेस द्वारा नामित प्रवक्ता राकेश तिवारी, देबू चटर्जी और सैमसन सुंडी ने संबोधित किया, जबकि संचालन कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय ने किया।
प्रदेश कांग्रेस के नामित प्रवक्ता राकेश तिवारी ने कहा कि श्रीराम मंदिर निर्माण के नाम पर प्राप्त चंदे से जुड़े आरोपों को लेकर जनता के बीच पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े विषयों में आर्थिक लेन-देन की स्पष्टता और सार्वजनिक जवाबदेही आवश्यक है। कांग्रेस इस मामले में तथ्यों एवं संबंधित दस्तावेजों को सार्वजनिक करने तथा पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग कर रही है।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

प्रवक्ता देबू चटर्जी ने कहा कि खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 झारखंड के खनिज संसाधनों, राजस्व हितों तथा केंद्र-राज्य अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्न खड़े करता है। उन्होंने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा राज्य की अर्थव्यवस्था और विकास की आधारशिला है। इसलिए इससे संबंधित किसी भी नीतिगत बदलाव में राज्य के हितों, अधिकारों और राजस्व की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

Contact no :- +91 8553588326

वहीं, प्रवक्ता सैमसन सुंडी ने कहा कि झारखंड केवल खनिज संपदा के लिए ही नहीं, बल्कि जल, जंगल और जमीन की समृद्ध विरासत के लिए भी जाना जाता है। प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े किसी भी निर्णय का सीधा प्रभाव स्थानीय लोगों की आजीविका, पर्यावरण और विकास पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इन मुद्दों को गांव-गांव और प्रखंड-प्रखंड तक ले जाकर लोगों को जागरूक करेगी तथा राज्य के अधिकारों से जुड़े सवालों को उठाएगी।

Contact no :- +91 9337736501

कांग्रेस नेताओं ने बताया कि आंदोलन के अगले चरण में 26 सितंबर 2026 को रांची में लोक भवन मार्च-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मार्च शहीद स्थल, शहीद चौक (कांग्रेस भवन के समीप), रांची से शुरू होकर लोक भवन (राजभवन) तक पहुंचेगा। इसके बाद कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल को ज्ञापन सौंपेगा।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

प्रेस-वार्ता में बताया गया कि आंदोलन को आगे और व्यापक रूप दिया जाएगा। 5 से 10 अक्टूबर 2026 के बीच प्रखंड स्तर पर मार्च-प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। कांग्रेस नेताओं के अनुसार, इन कार्यक्रमों के माध्यम से चंदे से जुड़े आरोपों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही तथा MMDR संशोधन विधेयक, 2026 के विरोध से संबंधित पार्टी की मांगों को प्रखंड और पंचायत स्तर तक पहुंचाया जाएगा।

Book your slot today : +91 7250214782

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि 26 सितंबर का लोक भवन मार्च राज्यस्तरीय आंदोलन का महत्वपूर्ण चरण होगा, जबकि 5 से 10 अक्टूबर तक होने वाले प्रखंड स्तरीय कार्यक्रमों के माध्यम से अभियान को गांव और पंचायत स्तर तक ले जाया जाएगा।
प्रेस-वार्ता में महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष नितिमा बारी, कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय, प्रदेश प्रतिनिधि अनुप्रिया सोय और वरीय कांग्रेसी लाल बहादुर सिंह सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे।

90 दिनों से लंबित म्यूटेशन मामलों का प्राथमिकता के आधार पर करें निष्पादन : उपायुक्त

90 दिनों से लंबित म्यूटेशन मामलों का प्राथमिकता के आधार पर करें निष्पादन : उपायुक्त

चाईबासा | पश्चिमी सिंहभूम जिले के उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में राजस्व शाखा एवं गैर-विभागीय राजस्व संग्रहण से संबंधित कार्यों की समीक्षा को लेकर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर उपायुक्त किस्टो कुमार बेसरा सहित संबंधित विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी, सभी अंचल अधिकारी, अंचल निरीक्षक एवं राजस्व कर्मचारी वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए।
बैठक के दौरान राजस्व शाखा के अंतर्गत संचालित विभिन्न कार्यों की प्रगति की अंचलवार समीक्षा की गई। उपायुक्त ने म्यूटेशन के लंबित मामलों की स्थिति की जानकारी लेते हुए विशेष रूप से 30 दिन और 90 दिन से अधिक समय से लंबित मामलों की समीक्षा की। उन्होंने लंबित मामलों की संख्या, उनके निष्पादन की प्रगति तथा विलंब के कारणों की जानकारी संबंधित पदाधिकारियों से ली।

Contact us :- 7004820253

उपायुक्त ने निर्देश दिया कि 90 दिनों से अधिक समय से लंबित सभी म्यूटेशन मामलों का प्राथमिकता के आधार पर तत्काल निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। वहीं, 30 दिनों से अधिक समय से लंबित अन्य मामलों के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करते हुए समयबद्ध कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने कहा कि म्यूटेशन से संबंधित मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा प्रत्येक स्तर पर इनके निष्पादन की नियमित समीक्षा की जाए।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

बैठक में शुओ म्यूटेशन एवं सक्सेशन म्यूटेशन से संबंधित मामलों की भी अंचलवार समीक्षा की गई। उपायुक्त ने संबंधित पदाधिकारियों को आवश्यक प्रक्रिया का अनुपालन करते हुए लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राजस्व से जुड़े मामलों का समय पर निष्पादन आम लोगों के हित से सीधे जुड़ा है। इसलिए प्राप्त आवेदनों पर नियमानुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
उपायुक्त ने अपर उपायुक्त को म्यूटेशन सहित अन्य राजस्व मामलों के निष्पादन की नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया। साथ ही अंचल स्तर पर लंबित मामलों की प्रगति की लगातार समीक्षा करते हुए आवश्यकतानुसार संबंधित पदाधिकारियों को निर्देशित करने को कहा।

Contact no :- +91 8553588326

आपदा प्रभावित लोगों को समय पर उपलब्ध कराएं सहायता
बैठक में आपदा प्रबंधन से संबंधित विभिन्न मामलों एवं लंबित प्रतिवेदनों की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने अंचल कार्यालयों एवं भूमि सुधार उपसमाहर्ता कार्यालय स्तर पर लंबित अभिलेखों और आवश्यक प्रतिवेदनों की स्थिति की जानकारी ली।
उन्होंने निर्देश दिया कि आपदा प्रबंधन से संबंधित मामलों में आवश्यक अभिलेख एवं प्रतिवेदन यथाशीघ्र आपदा प्रबंधन शाखा को उपलब्ध कराए जाएं, ताकि मामलों का समय पर निष्पादन हो सके। उन्होंने कहा कि आपदा से प्रभावित लोगों को सरकार द्वारा निर्धारित सहायता एवं लाभ उपलब्ध कराना प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसलिए संबंधित पदाधिकारी संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करें तथा किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब न होने दें।

Contact no :- +91 9337736501

उपायुक्त ने आपदा से संबंधित मामलों में आवश्यक दस्तावेजों की उपलब्धता, प्रतिवेदन तैयार करने तथा स्वीकृति एवं भुगतान से जुड़ी कार्रवाई निर्धारित प्रक्रिया के तहत समयबद्ध रूप से पूरा करने पर जोर दिया।
भूमि उपलब्धता एवं हस्तांतरण के मामलों की समीक्षा
बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा भूमि उपलब्ध कराने के लिए भेजी गई अधियाचनाओं के आधार पर भूमि हस्तांतरण से संबंधित मामलों की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने संबंधित अंचल अधिकारियों से लंबित अधियाचनाओं की स्थिति एवं अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी ली।
उन्होंने निर्देश दिया कि विभिन्न विभागों से प्राप्त भूमि संबंधी अधियाचनाओं का नियमानुसार शीघ्र निष्पादन किया जाए। भूमि की उपलब्धता, अभिलेखों की जांच एवं अन्य आवश्यक प्रक्रियाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने को कहा।
उपायुक्त ने कहा कि राजस्व शाखा से जुड़े कार्यों में अभिलेखों की शुद्धता एवं पारदर्शिता अत्यंत महत्वपूर्ण है। किसी भी स्तर पर निर्णय लेने से पहले संबंधित अभिलेखों एवं उपलब्ध साक्ष्यों का समुचित परीक्षण किया जाए। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में अंचल कार्यालयों का नियमित निरीक्षण किया जाएगा और कार्यालय स्तर पर संचालित विभिन्न कार्यों, लंबित मामलों एवं अभिलेखों की स्थिति की समीक्षा की जाएगी।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

गैर-विभागीय राजस्व संग्रहण की भी हुई समीक्षा
बैठक में गैर-विभागीय राजस्व संग्रहण की विभागवार समीक्षा की गई। उपायुक्त ने खनन, मत्स्य, विद्युत, नगर परिषद, उत्पाद एवं परिवहन कार्यालय सहित संबंधित विभागों द्वारा किए जा रहे राजस्व संग्रहण की स्थिति का क्रमबद्ध अवलोकन किया।
उन्होंने संबंधित विभागों से निर्धारित राजस्व संग्रहण लक्ष्य, अब तक की उपलब्धि एवं शेष लक्ष्य की जानकारी ली। विभागवार प्रगति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्य को समय पर पूरा करने की दिशा में प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि राजस्व संग्रहण सरकार के विकासात्मक एवं जनकल्याणकारी कार्यों के लिए महत्वपूर्ण है। इसलिए सभी संबंधित विभाग निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप राजस्व संग्रहण सुनिश्चित करें। राजस्व संग्रहण की नियमित समीक्षा एवं अनुश्रवण करते हुए जहां भी कमी दिखाई दे, वहां आवश्यक कार्रवाई की जाए। उन्होंने लक्ष्य और वास्तविक उपलब्धि के बीच के अंतर को कम करने के लिए विभागीय स्तर पर ठोस कदम उठाने का निर्देश दिया।

Book your slot today : +91 7250214782

बैठक के अंत में उपायुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को राजस्व प्रशासन, आपदा प्रबंधन, भूमि संबंधी मामलों एवं गैर-विभागीय राजस्व संग्रहण से जुड़े कार्यों में बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सभी पदाधिकारी अपने दायित्वों का समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से निर्वहन करें, ताकि आम लोगों को राजस्व एवं प्रशासनिक सेवाओं का लाभ समय पर मिल सके और जिले में राजस्व संग्रहण की स्थिति को और बेहतर बनाया जा सके।

206 स्कूलों में निर्वाचन साक्षरता क्लब के निबंधन की समीक्षा, 150 विद्यालयों में प्रक्रिया पूरी

206 स्कूलों में निर्वाचन साक्षरता क्लब के निबंधन की समीक्षा, 150 विद्यालयों में प्रक्रिया पूरी

चाईबासा | भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली के मार्गदर्शन में पश्चिमी सिंहभूम जिले के उच्च विद्यालय एवं प्लस टू उच्च विद्यालयों में ईएलसी-2.0 के तहत निर्वाचन साक्षरता क्लब (ईएलसी) के निबंधन को लेकर जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप निर्वाचन पदाधिकारी बंधन लॉन्ग, शिक्षा विभाग के एपीओ, बीआरपी, सीआरपी, संबंधित विद्यालयों के प्राचार्य एवं शिक्षक तथा निर्वाचन शाखा के कर्मी शामिल हुए।

Contact us :- 7004820253

बैठक में भारत निर्वाचन आयोग से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुरूप जिले में ईएलसी-2.0 के क्रियान्वयन की प्रगति की समीक्षा की गई। बताया गया कि जिले के कुल 206 उच्च विद्यालय एवं प्लस टू उच्च विद्यालयों में ईसीआई नेट के माध्यम से निर्वाचन साक्षरता क्लब का निबंधन किया जाना है। अब तक करीब 150 विद्यालयों में ईएलसी का निबंधन किया जा चुका है। शेष विद्यालयों में भी निर्धारित प्रक्रिया के तहत शीघ्र निबंधन कराने पर जोर दिया गया।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त मनीष कुमार ने जिला शिक्षा कार्यालय के पदाधिकारियों को संबंधित विद्यालयों के साथ समन्वय स्थापित कर जिले के सभी चिन्हित सरकारी एवं निजी उच्च विद्यालयों तथा प्लस टू उच्च विद्यालयों में निर्वाचन साक्षरता क्लब का निबंधन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि विद्यालय स्तर पर ईएलसी के माध्यम से विद्यार्थियों को निर्वाचन प्रक्रिया से जोड़ना आवश्यक है, ताकि भविष्य के मतदाताओं में लोकतांत्रिक व्यवस्था और निर्वाचन संबंधी प्रक्रियाओं की बेहतर समझ विकसित हो सके।

Contact no :- +91 8553588326

कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों को किया जाएगा जागरूक
बैठक में बताया गया कि निबंधित निर्वाचन साक्षरता क्लब के माध्यम से कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए नियमित गतिविधियों एवं बैठकों का आयोजन किया जाएगा। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को मतदाता सूची में नाम जोड़ने, दर्ज प्रविष्टियों में सुधार कराने, पात्रता के आधार पर मतदाता के रूप में पंजीकरण कराने तथा मतदान प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक जानकारी दी जाएगी।

Contact no :- +91 9337736501

इसके अलावा विद्यार्थियों को निर्वाचन प्रक्रिया के विभिन्न चरणों, मतदाताओं के अधिकार एवं जिम्मेदारियों तथा मतदान के महत्व के बारे में भी जागरूक किया जाएगा। इसका उद्देश्य विद्यालय स्तर से ही युवाओं में निर्वाचन संबंधी जागरूकता विकसित करना और उन्हें भविष्य में जिम्मेदार एवं जागरूक मतदाता के रूप में तैयार करना है।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

केवल निबंधन तक सीमित न रहे ईएलसी की गतिविधियां
बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि निर्वाचन साक्षरता क्लब केवल निबंधन तक सीमित न रहें, बल्कि सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों में इनके माध्यम से नियमित जागरूकता गतिविधियां संचालित की जाएं। विद्यार्थियों को मतदाता सूची से संबंधित प्रक्रिया से लेकर मतदान के दिन अपनाई जाने वाली प्रक्रिया तक की जानकारी सरल एवं व्यावहारिक तरीके से उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।

Book your slot today : +91 7250214782

जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों एवं विद्यालय प्रबंधन को ईएलसी की गतिविधियों को प्रभावी बनाने तथा अधिक से अधिक विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि विद्यालय स्तर पर निर्वाचन साक्षरता को मजबूत करने से युवा पीढ़ी में लोकतांत्रिक मूल्यों, मतदाता जागरूकता और जिम्मेदार नागरिकता की भावना को बढ़ावा मिलेगा।

MMDR संशोधन कानून पर रघुवर दास के बयान पर झामुमो का पलटवार, बुधराम लागुरी ने मांगा खुली बहस का मौका

MMDR संशोधन कानून पर रघुवर दास के बयान पर झामुमो का पलटवार, बुधराम लागुरी ने मांगा खुली बहस का मौका

चाईबासा | पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास द्वारा MMDR संशोधन कानून को झारखंड और राष्ट्रहित में बताते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) एवं कांग्रेस पर भ्रम फैलाने तथा अवैध खनन सिंडिकेट को संरक्षण देने के लगाए गए आरोपों पर झामुमो जिला प्रवक्ता बुधराम लागुरी ने प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
बुधराम लागुरी ने कहा कि रघुवर दास को राजनीतिक बयानबाजी के बजाय यह स्पष्ट करना चाहिए कि MMDR संशोधन कानून के कौन-कौन से प्रावधान झारखंड के हित में हैं और इससे राज्य के खनिज राजस्व, वित्तीय अधिकारों तथा संवैधानिक अधिकारों को वास्तविक रूप से क्या लाभ मिलेगा।
उन्होंने झारखंड की बकाया राशि का मुद्दा उठाते हुए कहा कि केंद्र सरकार से इस संबंध में जवाब मांगा जाना चाहिए। झामुमो का दावा है कि केंद्र सरकार पर झारखंड की करीब 1.36 लाख करोड़ रुपये की राशि बकाया है। बुधराम लागुरी ने कहा कि यदि रघुवर दास वास्तव में झारखंड के हित की चिंता करते हैं, तो उन्हें राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर केंद्र सरकार से राज्य की बकाया राशि दिलाने की पहल करनी चाहिए।

Contact us :- 7004820253

कानून के प्रावधानों और आर्थिक प्रभाव पर हो सार्वजनिक बहस
बुधराम लागुरी ने कहा कि MMDR संशोधन से जुड़े प्रावधानों का राज्य के खनिज संसाधनों, राजस्व और अधिकारों पर क्या प्रभाव पड़ेगा, इस पर सार्वजनिक बहस जरूरी है। किसी कानून को केवल राजनीतिक दावे के आधार पर ‘झारखंड हित में ऐतिहासिक कदम’ बताना पर्याप्त नहीं है। जनता को कानून की धाराओं और उसके वास्तविक आर्थिक प्रभाव की जानकारी दी जानी चाहिए।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

उन्होंने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा किसी राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं, बल्कि राज्य की प्राकृतिक संपदा है। कोयला, लौह अयस्क, बॉक्साइट और अन्य खनिजों से प्राप्त राजस्व का उपयोग गांवों, आदिवासी समाज, खनन प्रभावित परिवारों, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के विकास में होना चाहिए।
अवैध खनन के आरोपों पर सार्वजनिक प्रमाण देने की मांग
रघुवर दास द्वारा अवैध खनन और कथित सिंडिकेट को लेकर लगाए गए आरोपों पर बुधराम लागुरी ने कहा कि यदि उनके पास अवैध खनन, अवैध वसूली अथवा किसी राजनीतिक संरक्षण से संबंधित ठोस प्रमाण हैं, तो उन्हें सार्वजनिक किया जाना चाहिए और संबंधित जांच एजेंसियों के समक्ष प्रस्तुत किया जाना चाहिए।

Contact no :- +91 8553588326

उन्होंने कहा कि केवल राजनीतिक मंच से लगाए गए आरोप अपने आप में प्रमाण नहीं होते। सरकार हो या विपक्ष, अवैध खनन और भ्रष्टाचार के मामलों में कार्रवाई कानून, दस्तावेज और निष्पक्ष जांच के आधार पर होनी चाहिए।
खनन प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति पर भी हो चर्चा
बुधराम लागुरी ने कहा कि यदि खनन और प्राकृतिक संसाधनों को लेकर बहस हो रही है, तो पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल का भी सार्वजनिक आंकड़ों के आधार पर मूल्यांकन होना चाहिए। खनन प्रभावित क्षेत्रों, आदिवासी बहुल इलाकों, विस्थापन, पर्यावरण, रोजगार और स्थानीय विकास की स्थिति से जुड़े तथ्य सार्वजनिक किए जाने चाहिए।

Contact no :- +91 9337736501

उन्होंने स्पष्ट किया कि झामुमो किसी भी प्रकार के अवैध खनन या भ्रष्टाचार का समर्थन नहीं करता। जहां भी अवैध गतिविधि की शिकायत हो, वहां निष्पक्ष जांच और कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
खनिज राजस्व और राज्य की वित्तीय क्षमता पर उठाए सवाल
बुधराम लागुरी ने कहा कि MMDR को लेकर मूल सवाल यह है कि झारखंड की खनिज संपदा से होने वाले आर्थिक लाभ में राज्य की हिस्सेदारी और वित्तीय क्षमता कितनी सुरक्षित रहेगी।
उन्होंने PRS Legislative Research के बजट विश्लेषण का हवाला देते हुए कहा कि झारखंड ने वर्ष 2026-27 के बजट में खनिज-युक्त भूमि उपकर से 14,656 करोड़ रुपये की प्राप्ति का अनुमान रखा है। ऐसे में खनिज राजस्व से जुड़े अधिकारों में किसी भी बदलाव का राज्य की वित्तीय योजना पर प्रभाव पड़ सकता है।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

उन्होंने कहा कि रघुवर दास यदि झारखंड के हित की बात कर रहे हैं, तो उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि संशोधित कानून से राज्य को कितनी अतिरिक्त आय प्राप्त होगी, खनन प्रभावित क्षेत्रों को कितना लाभ मिलेगा और राज्य के मौजूदा राजस्व अधिकारों पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा।
“कानून की धाराओं के साथ खुली बहस करें”
बुधराम लागुरी ने कहा कि झामुमो का विरोध किसी व्यक्ति या राजनीतिक दल तक सीमित नहीं है, बल्कि राज्य के खनिज एवं वित्तीय अधिकारों से जुड़े सवालों को सामने रखने के उद्देश्य से है। उन्होंने कहा कि 19 सितंबर को झामुमो ने राज्यभर में MMDR संशोधन के खिलाफ धरना-प्रदर्शन कर राज्य के अधिकारों और खनिज संसाधनों से जुड़े मुद्दों को जनता के बीच रखा।

Book your slot today : +91 7250214782

उन्होंने रघुवर दास को खुली बहस की चुनौती देते हुए कहा, “कागज और कानून की धाराओं के साथ खुली बहस कीजिए। बताइए कि MMDR संशोधन की कौन-सी धारा झारखंड के हित में है और उससे राज्य को क्या मिलेगा। झारखंड की जनता तथ्यों और दस्तावेजों के आधार पर अपना मत बनाएगी।”
बुधराम लागुरी ने कहा कि झारखंड को राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बजाय पारदर्शी खनन व्यवस्था की आवश्यकता है। अवैध खनन पर कठोर कार्रवाई, वैध खनन में पारदर्शिता, खनन प्रभावित क्षेत्रों का विकास और खनिज राजस्व का जनहित में उपयोग राज्य की प्राथमिकता होनी चाहिए।
उन्होंने कहा, “जल, जंगल, जमीन और खनिज पर झारखंड की जनता के हितों से कोई समझौता नहीं होना चाहिए। केवल यह कह देने से कि कोई कानून ऐतिहासिक है, जनता के सवाल खत्म नहीं हो जाते। कानून की धाराओं और उसके प्रभाव पर तथ्य आधारित चर्चा जरूरी है।”

पश्चिमी सिंहभूम के सभी प्रखंड मुख्यालयों में झामुमो का धरना, MMDR संशोधन कानून वापस लेने की मांग

पश्चिमी सिंहभूम के सभी प्रखंड मुख्यालयों में झामुमो का धरना, MMDR संशोधन कानून वापस लेने की मांग

चाईबासा | खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन कानून-2026 के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की ओर से शनिवार को राज्यव्यापी कार्यक्रम के तहत पश्चिमी सिंहभूम जिले के सभी प्रखंड मुख्यालयों में एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया। धरना-प्रदर्शन में पार्टी के पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं व आम लोगों ने हिस्सा लिया।

Contact us :- 7004820253

धरना को संबोधित करते हुए झामुमो पश्चिमी सिंहभूम जिलाध्यक्ष सोनाराम देवगम ने कहा कि यदि खनिज सेस का पैसा रुकता है, तो मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना, अबुआ आवास योजना, वृद्धावस्था, विधवा एवं दिव्यांग पेंशन योजनाओं, 200 यूनिट मुफ्त बिजली और अन्य राज्य संपोषित योजनाओं पर संकट उत्पन्न हो सकता है। उन्होंने कहा कि यह गंभीर चिंता का विषय है।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

उन्होंने खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन कानून-2026 को राज्यों और राज्यवासियों के संवैधानिक अधिकारों से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा बताते हुए कहा कि कानून वापस लिए जाने तक झामुमो का संघर्ष जारी रहेगा।
धरना-प्रदर्शन के बाद संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारियों के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में संशोधित कानून को शिथिल करने तथा 25 जुलाई 2024 को सर्वोच्च न्यायालय की नौ सदस्यीय संविधान पीठ द्वारा Mineral Area Development Authority v. Steel Authority of India Ltd. मामले में राज्यों के खनिज अधिकारों एवं खनिज-युक्त भूमि पर कराधान संबंधी शक्तियों को लेकर दिए गए निर्णय को अक्षरशः लागू करने की मांग की गई।

Contact no :- +91 8553588326

जिले के विभिन्न प्रखंड मुख्यालयों में आयोजित कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि और पार्टी पदाधिकारी शामिल हुए। सदर प्रखंड में भू-राजस्व एवं परिवहन मंत्री दीपक बिरुवा, जिलाध्यक्ष सोनाराम देवगम, जिला संगठन सचिव मानाराम कुदादा, जिला कोषाध्यक्ष सुभाष बनर्जी, केंद्रीय सदस्य मोनिका बोयपाई, चाईबासा नगर परिषद अध्यक्ष नितिन प्रकाश, सदर प्रखंड अध्यक्ष सतीश सुंडी, चाईबासा नगर अध्यक्ष राहुल तिवारी और प्रखंड प्रमुख मंजु देवगम सहित अन्य मौजूद रहे।

Contact no :- +91 9337736501

तांतनगर में विधायक निरल पुरती, जिला संयुक्त सचिव विश्वनाथ बाड़ा, प्रखंड अध्यक्ष जवाहर बोयपाई और प्रमुख चांदमनी सिरका शामिल हुए। सोनुवा और गोइलकेरा में विधायक जगत माझी, जिला सचिव राहुल आदित्य, जिला संगठन सचिव विनय प्रधान, सोनुवा प्रखंड अध्यक्ष सागर महतो तथा गोइलकेरा प्रखंड अध्यक्ष गणेश बोदरा समेत अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

चक्रधरपुर में विधायक सुखराम उरांव, नगर परिषद अध्यक्ष सन्नी उरांव, प्रखंड सचिव ताराकांत सिजुई और नगर अध्यक्ष वसीम अकरम सहित अन्य ने धरना में हिस्सा लिया। बंदगांव में जिला उपाध्यक्ष प्रेम मुंडरी, केंद्रीय सदस्य मिथुन गागराई, प्रखंड अध्यक्ष लखन हेम्बरोम और सचिव सुनील लागुरी मौजूद रहे।
इसी तरह मंझारी, कुमारडुंगी, मझगांव, जगन्नाथपुर, नोवामुंडी, मनोहरपुर, आनंदपुर, गुदड़ी, खूंटपानी, झींकपानी, हाटगम्हरिया और टोंटो प्रखंड मुख्यालयों में भी झामुमो कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन किया। संबंधित प्रखंडों के जिला एवं प्रखंड पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और पार्टी कार्यकर्ता कार्यक्रम में शामिल हुए।

Book your slot today : +91 7250214782

झामुमो जिलाध्यक्ष सोनाराम देवगम ने कहा कि पार्टी की ओर से केंद्र सरकार के इस संशोधन के खिलाफ आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।

मोटर दुर्घटना पीड़ितों को न्याय एवं मुआवजा दिलाने पर जिला स्तरीय कार्यशाला

मोटर दुर्घटना पीड़ितों को न्याय एवं मुआवजा दिलाने पर जिला स्तरीय कार्यशाला

सरायकेला | मोटर वाहन दुर्घटनाओं से प्रभावित पीड़ितों एवं उनके आश्रितों को न्याय, विधिक सहायता और कानून के तहत उपलब्ध मुआवजा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शनिवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सरायकेला-खरसावां के लोक अदालत सभागार में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (MACT) विषय पर जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई।

Contact us :- 7004820253

यह कार्यशाला झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देश तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार रामाशंकर सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित हुई। इसमें न्यायपालिका, अधिवक्ता, पुलिस, चिकित्सक, नर्स, बीमा कंपनियों के प्रतिनिधि, यातायात विभाग एवं पैरा लीगल वॉलंटियर्स ने भाग लिया।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

कार्यशाला में जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश-द्वितीय दीपक मलिक ने मोटर दुर्घटना दावा मामलों में दायित्व निर्धारण, साक्ष्यों के मूल्यांकन और मुआवजा निर्धारण से जुड़े कानूनी पहलुओं की जानकारी दी। वहीं, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव तौसीफ मेराज ने संबंधित कानूनी प्रावधानों तथा सरला वर्मा बनाम दिल्ली परिवहन निगम मामले में प्रतिपादित सिद्धांतों पर प्रकाश डाला।

Contact no :- +91 8553588326

उप मुख्य विधिक सहायता अधिवक्ता सुनीत कर्मकार ने दावा प्रक्रिया में आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों और दुर्घटना पीड़ितों को विधिक सहायता उपलब्ध कराने के तरीकों पर चर्चा की। जिला बार एसोसिएशन के सचिव देबाशीष ज्योतिषी ने भी विधिक प्रक्रिया को प्रभावी बनाने तथा विभिन्न हितधारकों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया।

Contact no :- +91 9337736501

कार्यशाला के दौरान पुलिस एवं यातायात विभाग के प्रतिनिधियों ने दुर्घटना की जांच, सड़क सुरक्षा तथा आवश्यक दस्तावेजीकरण से संबंधित जानकारी साझा की। चिकित्सकों एवं नर्सों ने दुर्घटना के बाद समय पर उपचार तथा चिकित्सकीय अभिलेखों के महत्व पर प्रकाश डाला। वहीं, दुर्घटना पीड़ितों तक विधिक सहायता पहुंचाने में पैरा लीगल वॉलंटियर्स की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया गया।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामाशंकर सिंह ने कहा कि दुर्घटना मामलों में प्रभावी न्याय सुनिश्चित करने के लिए न्यायपालिका, अधिवक्ता, पुलिस, चिकित्सा, यातायात, बीमा एवं विधिक सेवा संस्थाओं के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से बदलते कानूनी प्रावधानों और न्यायिक निर्णयों से लगातार अद्यतन रहने का आह्वान किया।

Book your slot today : +91 7250214782

कार्यशाला में कहा गया कि दुर्घटना पीड़ितों को न्याय दिलाने की प्रक्रिया दुर्घटना के तुरंत बाद शुरू हो जाती है। इसके लिए उचित पुलिस दस्तावेजीकरण, समय पर चिकित्सा उपचार, साक्ष्यों का संरक्षण, कानूनी मार्गदर्शन तथा बीमा संबंधी सहायता महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के अंत में पीड़ित-केंद्रित व्यवस्था, प्रभावी कानूनी जागरूकता और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को और मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।

सोनुवा में खान एवं खनिज संशोधन विधेयक-2026 के विरोध में झामुमो का धरना

सोनुवा में खान एवं खनिज संशोधन विधेयक-2026 के विरोध में झामुमो का धरना

सोनुवा | पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत शनिवार को खान एवं खनिज संशोधन विधेयक-2026 के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की ओर से सोनुवा प्रखंड मुख्यालय के समक्ष एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में मनोहरपुर विधायक जगत माझी मुख्य रूप से शामिल हुए। धरना-प्रदर्शन के बाद राष्ट्रपति के नाम प्रखंड विकास पदाधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया।

Contact us :- 7004820253

धरना-प्रदर्शन से पहले झामुमो के कार्यकर्ता वन विश्रामागार परिसर में एकत्र हुए। यहां से कार्यकर्ता जुलूस की शक्ल में नारेबाजी करते हुए प्रखंड कार्यालय पहुंचे। प्रखंड कार्यालय परिसर में आयोजित धरना के दौरान पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने खान एवं खनिज संशोधन विधेयक-2026 के प्रावधानों पर आपत्ति जताते हुए इसे वापस लेने की मांग की।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक जगत माझी ने कहा कि केंद्र सरकार को राज्यों के संवैधानिक अधिकारों और संघीय व्यवस्था में हस्तक्षेप बंद करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन झारखंड की पहचान के साथ-साथ यहां के लोगों के अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण विषय हैं। झामुमो लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहा है।

Contact no :- +91 8553588326

विधायक ने कहा कि यदि विधेयक वापस नहीं लिया गया तो पार्टी सड़क और रेल चक्का जाम जैसे आंदोलन का रास्ता भी अपना सकती है। उन्होंने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है और प्राकृतिक संसाधनों पर राज्य के लोगों के अधिकारों की रक्षा जरूरी है।

Contact no :- +91 9337736501

जगत माझी ने आरोप लगाया कि विधेयक के जरिए राज्यों के अधिकारों को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इसके लागू होने से राज्य के गरीब और जरूरतमंद परिवारों पर असर पड़ सकता है तथा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के संचालन पर भी प्रभाव पड़ने की आशंका है।
उन्होंने झामुमो कार्यकर्ताओं और आम लोगों से जल, जंगल और जमीन समेत प्राकृतिक संसाधनों के अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट रहने का आह्वान किया।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

सैकड़ों कार्यकर्ता हुए शामिल
धरना-प्रदर्शन में झामुमो पर्यवेक्षक विनय प्रधान, प्रखंड अध्यक्ष सागर महतो, हेमचंद्र महतो, हरिनारायण दास, चंद्रमोहन चातर, संजय जामुदा, अजय दास, हीरालाल लोहार, जोटो सुरीन, किशोर दास और जानकी हेम्ब्रम समेत सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने विधेयक वापस लेने की मांग को लेकर नारेबाजी कर अपना विरोध दर्ज कराया।

Book your slot today : +91 7250214782
टोंटो में MMDR संशोधन के खिलाफ झामुमो का धरना, बुधराम लागुरी ने उठाए राज्य के अधिकारों के सवाल

टोंटो में MMDR संशोधन के खिलाफ झामुमो का धरना, बुधराम लागुरी ने उठाए राज्य के अधिकारों के सवाल

चाईबासा | खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम (MMDR) संशोधन 2026 के विरोध में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की ओर से टोंटो प्रखंड कार्यालय परिसर में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। इस दौरान झामुमो नेताओं और कार्यकर्ताओं ने खनिज संपदा से जुड़े राज्य के अधिकारों, स्थानीय समुदायों के हितों और पर्यावरणीय सुरक्षा का मुद्दा उठाया। कार्यक्रम के बाद राष्ट्रपति के नाम प्रखंड विकास पदाधिकारी, टोंटो को ज्ञापन सौंपकर MMDR संशोधन अधिनियम 2026 को रद्द करने की मांग की गई।

Contact us :- 7004820253

धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए झामुमो जिला प्रवक्ता सह पर्यवेक्षक बुधराम लागुरी ने कहा कि यह आंदोलन केवल किसी कानून के विरोध तक सीमित नहीं है, बल्कि झारखंड के जल, जंगल, जमीन और खनिज संपदा से जुड़े राज्य के अधिकारों तथा स्थानीय जनता के हितों की आवाज है।
उन्होंने कहा कि झारखंड देश के प्रमुख खनिज संपदा वाले राज्यों में शामिल है। राज्य के कोयला, लौह अयस्क समेत अन्य खनिजों ने देश के औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इसके बावजूद यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि जिन क्षेत्रों से खनिज निकाले जाते हैं, वहां रहने वाले लोगों और राज्य को उसका उचित लाभ कितना मिल रहा है।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

बुधराम लागुरी ने कहा कि झामुमो विकास और उद्योग के विरोध में नहीं है। पार्टी चाहती है कि खनिज संसाधनों का उपयोग हो, उद्योग स्थापित हों, रोजगार के अवसर बढ़ें और विकास को गति मिले। लेकिन इसके साथ राज्य के राजस्व हित, स्थानीय समुदायों के अधिकार, पर्यावरणीय सुरक्षा तथा विस्थापित और प्रभावित परिवारों के हित भी सुरक्षित रहने चाहिए।

Contact no :- +91 8553588326

उन्होंने कहा कि MMDR संशोधन 2026 को लेकर झारखंड की मुख्य चिंता खनिज संपदा से मिलने वाले राजस्व और राज्य की वित्तीय क्षमता पर पड़ने वाले संभावित प्रभाव को लेकर है। यह विषय केवल किसी सरकार या राजनीतिक दल का नहीं, बल्कि झारखंड के भविष्य से जुड़ा प्रश्न है।
उन्होंने कहा कि जब झारखंड की धरती से खनिज निकाला जाता है और खनन के कारण गांवों की जमीन, पर्यावरण तथा स्थानीय जीवन प्रभावित होता है, तो निर्णय प्रक्रिया में राज्य की आवाज और प्रभावित जनता के हितों को पर्याप्त महत्व मिलना चाहिए।

Contact no :- +91 9337736501

बुधराम लागुरी ने झामुमो की मांगों को स्पष्ट करते हुए कहा कि खनिज संपदा से जुड़े मामलों में झारखंड के राजस्व हितों की रक्षा हो, स्थानीय समुदायों के अधिकार सुरक्षित किए जाएं, विस्थापित एवं प्रभावित परिवारों को न्याय मिले, पर्यावरणीय सुरक्षा सुनिश्चित की जाए तथा खनिज नीति तैयार करते समय राज्यों और प्रभावित क्षेत्रों की आवाज को उचित स्थान दिया जाए।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601

उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसी व्यक्ति या राजनीतिक दल के खिलाफ नहीं, बल्कि देश के संघीय ढांचे में राज्यों के अधिकारों और हितों की रक्षा से जुड़ा सवाल है। झारखंड की धरती केवल खनिज का भंडार नहीं, बल्कि पूर्वजों की विरासत, गांवों की पहचान और आने वाली पीढ़ियों की संपत्ति है।
उन्होंने कहा कि झामुमो लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से अपनी बात जनता तक पहुंचाएगा। पार्टी गांव-गांव जाकर लोगों को कानून के प्रावधानों और उसके संभावित प्रभावों की जानकारी देगी तथा झारखंड के हितों की आवाज उठाती रहेगी। उन्होंने केंद्र सरकार से MMDR संशोधन से जुड़े राज्य के राजस्व, संघीय अधिकारों और स्थानीय समुदायों के हितों पर गंभीरता से विचार करने तथा झारखंड समेत अन्य खनिज संपदा वाले राज्यों के साथ सार्थक संवाद करने का आग्रह किया।

Book your slot today : +91 7250214782

धरना-प्रदर्शन के दौरान झामुमो कार्यकर्ताओं ने खनिज संपदा से जुड़े राज्य के अधिकारों और स्थानीय हितों की रक्षा की मांग को लेकर आवाज बुलंद की। इस अवसर पर झामुमो टोंटो प्रखंड अध्यक्ष मंगल तुबीद, सचिव राजनारायण तुबीद, मुन्ना सुंडी, सोना सुलेमान हसदा (मुंडा), दिनेश तुम्बलिया, दोफेदार हेस्सा, देवेंद्र बारी, संजय दास, फुलेन्द्र महतो, राजीव हसदा, प्रदीप लागुरी, प्रकाश लागुरी, लखन लागुरी, रामराई दोराइबुरु, मुनेश्वर बोयपाई, आशीष लागुरी, महती हसदा, दामूर सिंह हेस्सा, राजेन बारी, दीपक नायक और हेमवती हेमब्रम समेत बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता एवं आम जनता मौजूद रहे।
मंच का संचालन झामुमो नेता तुराम बिरुली ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन दोफेदार हेस्सा ने किया।

पश्चिमी सिंहभूम में 47 मतदान केंद्रों पर नोटिस प्राप्त मतदाताओं की सुनवाई, दस्तावेजों का किया गया सत्यापन

पश्चिमी सिंहभूम में 47 मतदान केंद्रों पर नोटिस प्राप्त मतदाताओं की सुनवाई, दस्तावेजों का किया गया सत्यापन

चाईबासा | मतदाता सूची विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम-2026 के तहत पश्चिमी सिंहभूम जिले के पांच विधानसभा क्षेत्रों में नोटिस एवं सुनवाई चरण जारी है। इसी क्रम में शुक्रवार को जिले के 47 मतदान केंद्रों पर नोटिस प्राप्त मतदाताओं की सुनवाई आयोजित की गई। इस दौरान निर्धारित प्रक्रिया के तहत मतदाताओं के दावों और उनके द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों का सत्यापन किया गया।

Contact us :- 7004820253

भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार वैसे मतदाताओं को नोटिस जारी किया गया है, जो मतदाता सूची की मैपिंग प्रक्रिया में ‘नो-मैपिंग’ श्रेणी में पाए गए हैं या जिनकी मतदाता सूची में दर्ज प्रविष्टियों में किसी प्रकार की विसंगति सामने आई है। सुनवाई का उद्देश्य पात्र मतदाताओं के दावों और दस्तावेजों का नियमानुसार सत्यापन कर मतदाता सूची की शुद्धता एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।

4 व्हीलर कार बुक करने के लिए +91 8002626576

सुनवाई के दौरान संबंधित मतदाताओं को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित दस्तावेजों में से किसी एक के माध्यम से अपनी पात्रता प्रमाणित करने का अवसर दिया जा रहा है। प्रस्तुत दस्तावेजों के परीक्षण एवं आवश्यक सत्यापन के बाद पात्र मतदाताओं के नाम और विवरण को नियमानुसार मतदाता सूची में सुरक्षित एवं अद्यतन रखने की कार्रवाई की जा रही है।

Contact no :- +91 8553588326

यह सुनवाई निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO), सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (AERO) तथा अतिरिक्त सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी के स्तर पर संचालित की जा रही है। संबंधित पदाधिकारियों द्वारा मतदाताओं के दावों एवं प्रस्तुत दस्तावेजों का निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार परीक्षण किया जा रहा है।

Contact no :- +91 9337736501

जिला निर्वाचन कार्यालय ने सभी नोटिस प्राप्त मतदाताओं से अपील की है कि वे निर्धारित तिथि एवं स्थान पर उपस्थित होकर आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करें और मतदाता सूची में अपने नाम एवं विवरण की शुद्धता सुनिश्चित करें। प्रशासन का उद्देश्य पुनरीक्षण प्रक्रिया के माध्यम से मतदाता सूची को अधिक शुद्ध, पारदर्शी, त्रुटिरहित एवं विश्वसनीय बनाना है, ताकि प्रत्येक पात्र नागरिक के मताधिकार की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

अभी संपर्क करें :- +91 8936090601