सरायकेला खरसावां

मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक को प्रशासन की मदद से परिवार से मिलाया गया

मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक को प्रशासन की मदद से परिवार से मिलाया गया

चाईबासा: खरसावां मोड़ के पास बीती रात एक मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक को सुरक्षित रेस्क्यू कर जिला प्रशासन की मदद से उसके परिवार से मिलाया गया। युवक की उम्र करीब 23 वर्ष बताई जा रही है और वह छत्तीसगढ़ राज्य का निवासी है।
जानकारी के अनुसार, एकजुट संस्था के कार्यकर्ता विनीत जी खूंटपानी CHC से घर लौट रहे थे, इसी दौरान उन्होंने युवक को अकेली और असहाय स्थिति में देखा। पूछताछ में सामने आया कि मानसिक स्वास्थ्य समस्या के कारण वह लगभग चार महीने पहले घर से भटक गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। चाईबासा के जिला उपायुक्त के सहयोग से त्वरित कार्रवाई करते हुए खूंटपानी के अंचलाधिकारी रात में ही मौके पर पहुंचे और आवश्यक व्यवस्था कराई।
युवक को जोड़ा तालाब स्थित आश्रय गृह में सुरक्षित रखा गया, जहां उसे भोजन, देखभाल और सुरक्षा उपलब्ध कराई गई। गुरुवार सुबह युवक के परिजन चाईबासा पहुंचे और सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद युवक को सुरक्षित अपने साथ घर ले गए।
प्रशासन की संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई से एक बिछड़ा परिवार पुनः एकजुट हो सका। मानसिक बीमारी को अपराध नहीं, बल्कि स्वास्थ्य समस्या मानते हुए मानवीय दृष्टिकोण से किया गया यह प्रयास सराहनीय है।

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026: सरायकेला–खरसावां में नुक्कड़ नाटक व जागरूकता रथ के माध्यम से लोगों को किया गया जागरूक

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026: सरायकेला–खरसावां में नुक्कड़ नाटक व जागरूकता रथ के माध्यम से लोगों को किया गया जागरूक

सरायकेला–खरसावां : राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के अंतर्गत “सीख से सुरक्षा, तकनीक से परिवर्तन” थीम पर शुक्रवार, 17 जनवरी 2026 को सरायकेला–खरसावां जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिले के अत्यधिक भीड़-भाड़ वाले जायदा मंदिर मेला परिसर में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को यातायात नियमों के पालन, हेलमेट एवं सीट बेल्ट के उपयोग, ओवरस्पीडिंग से बचने तथा नशे की हालत में वाहन न चलाने का संदेश दिया गया। इसके साथ ही आम नागरिकों के बीच सड़क सुरक्षा से संबंधित पंपलेट का वितरण किया गया। बच्चों और युवाओं को जागरूक करने के उद्देश्य से पतंग जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। वहीं, जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा जागरूकता रथ के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया गया। कार्यक्रम में जिला परिवहन पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी चांडिल, मोटरयान निरीक्षक सहित सड़क सुरक्षा टीम के सदस्य उपस्थित रहे। मौके पर अधिकारियों ने आम लोगों से यातायात नियमों का पालन करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।

सरायकेला डीएलएसए में जिला स्तरीय बहु-हितधारक परामर्श कार्यक्रम आयोजित

सरायकेला डीएलएसए में जिला स्तरीय बहु-हितधारक परामर्श कार्यक्रम आयोजित

सरायकेला : झालसा, रांची के दिशा-निर्देश पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, डीएलएसए सरायकेला-खरसावां रामाशंकर सिंह के नेतृत्व तथा प्रभारी सचिव अनामिका किस्कु के पर्यवेक्षण में जिला स्तरीय बहु-हितधारक परामर्श कार्यक्रम का आयोजन डीएलएसए सभागार, सरायकेला में किया गया।

यह कार्यक्रम डीएलएसए स्तर पर प्रत्येक जिले में हर छह माह में आयोजित किया जाता है, जिसका उद्देश्य विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित करना तथा विधिक जागरूकता को बढ़ावा देना है।

कार्यक्रम में पुलिस विभाग, चाइल्ड वेलफेयर कमेटी, वन स्टॉप सेंटर, चिकित्सक, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी, सहयोगी व्यक्ति एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान प्रमुख वक्ताओं ने अपने विचार रखे। मुख्य एलएडीसी दिलीप कुमार शॉ ने किशोर न्याय (बालकों की देखभाल एवं संरक्षण) अधिनियम पर विस्तृत जानकारी दी। उप मुख्य एलएडीसी सुनीत कर्मकार ने मोटर दुर्घटना दावा प्रकरणों पर प्रकाश डाला, जबकि सहायक एलएडीसी अंबिका चरण पानी ने अन्य कानूनी विषयों पर चर्चा की।

सत्र की शुरुआत में प्रभारी सचिव अनामिका किस्कु ने कार्यक्रम के उद्देश्य और दिनभर की रूपरेखा की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस परामर्श का मुख्य उद्देश्य विभिन्न विभागों के बीच सहयोग बढ़ाना तथा बच्चों एवं पीड़ितों के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

कार्यक्रम में संवाद को विशेष महत्व दिया गया। प्रतिभागियों को प्रश्न और शंकाएं रखने का अवसर मिला, जिनका संसाधन व्यक्तियों द्वारा समाधान किया गया। अंत में प्रतिभागी कार्यक्रम से संतुष्ट नजर आए।

समाहरणालय सभागार में आपूर्ति विभाग की योजनाओं की समीक्षा बैठक

समाहरणालय सभागार में आपूर्ति विभाग की योजनाओं की समीक्षा बैठक

सरायकेला : समाहरणालय सभागार में उपायुक्त नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में आपूर्ति विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सार्वजनिक वितरण प्रणाली, खाद्यान्न आपूर्ति, दाल-भात योजना, डाकिया योजना, चावल दिवस, सोना–सोबरन धोती–साड़ी योजना, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, ई-केवाईसी, डीलर टैगिंग/री-टैगिंग, NFSA अंतर्गत खाद्यान्न व नमक वितरण सहित अन्य योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई।

उपायुक्त ने कहा कि विभागीय योजनाओं का मुख्य उद्देश्य पात्र लाभुकों को समय पर और पारदर्शी तरीके से लाभ पहुंचाना है। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में समयबद्धता, गुणवत्ता और जवाबदेही सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

उन्होंने सभी पात्र लाभुकों को निर्धारित मात्रा में समय पर खाद्यान्न वितरण, शत-प्रतिशत ई-केवाईसी पूर्ण कराने तथा तकनीकी या नेटवर्क समस्या वाले क्षेत्रों में ग्राम स्तर पर विशेष शिविर आयोजित कर शेष कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही, लंबे समय से राशन नहीं उठाने वाले या ई-केवाईसी में सहयोग नहीं करने वाले लाभुकों की स्थलीय जांच कर नियमानुसार नाम विलोपन की प्रक्रिया शुरू करने को कहा।

गम्हरिया एवं आदित्यपुर क्षेत्र में सभी राशन डीलरों के स्टॉक सत्यापन के लिए जिला स्तरीय टीम गठित कर सघन जांच सुनिश्चित करने का निर्देश जिला आपूर्ति पदाधिकारी को दिया गया। बैठक में नवपदस्थापित प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों से परिचय प्राप्त कर योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन पर भी जोर दिया गया।

इसके अलावा, जिले के 27 लैम्प्स के माध्यम से हो रही धान अधिप्राप्ति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने धान खरीद में सुधार, किसानों को समय पर भुगतान और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप धान अधिप्राप्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

सरायकेला–खरसावाँ में बस सुरक्षा को लेकर सख्त निर्देश

सरायकेला–खरसावाँ में बस सुरक्षा को लेकर सख्त निर्देश

खरसावाँ : सरायकेला–खरसावाँ जिले में यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला परिवहन पदाधिकारी ने बस स्वामियों और परिचालकों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। सभी बस ऑपरेटरों को Central Institute of Road Transport (CIRT) द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा।
निर्देश के अनुसार सभी स्लीपर कोच बसों से ड्राइवर पार्टीशन डोर और स्लीपर बर्थ में लगे स्लाइडर्स हटाना अनिवार्य किया गया है। साथ ही एक माह के भीतर सभी स्लीपर बसों में Fire Detection and Suppression System (FDSS) लगाना होगा। प्रत्येक बस में 10 किलोग्राम क्षमता का अग्निशामक यंत्र रखना भी जरूरी होगा।
अनधिकृत रूप से चेसिस का विस्तार कर बनाई गई बसों को तत्काल परिचालन से बाहर किया जाएगा। बसों का पंजीकरण केवल फॉर्म 22/22A, वैध ले-आउट ड्राइंग और अनुमोदित एजेंसी की स्वीकृति के बाद ही किया जाएगा।
जिला परिवहन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि बसों का संचालन CMVR 1989 तथा AIS:052 और AIS:119 के प्रावधानों के अनुसार ही होगा। नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित बस स्वामी और परिचालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के तहत आदित्यपुर के इमली चौक पर सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के तहत आदित्यपुर के इमली चौक पर सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

गम्हरिया : राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के तहत गम्हरिया प्रखंड के आदित्यपुर नगर क्षेत्र स्थित इमली चौक में जिला परिवहन पदाधिकारी गिरीजा शंकर महतो के नेतृत्व में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आम लोगों को सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना तथा सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना था।
इस दौरान नुक्कड़ नाटक के माध्यम से बिना ड्राइविंग लाइसेंस वाहन चलाने, लापरवाह ड्राइविंग और यातायात नियमों के उल्लंघन से होने वाले नुकसान की जानकारी दी गई। साथ ही हिट एंड रन मामलों, गुड समैरिटन कानून और मोटरयान अधिनियम के तहत दंडात्मक प्रावधानों के बारे में सरल भाषा में समझाया गया।
कार्यक्रम के क्रम में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों की काउंसलिंग की गई और मौके पर ऑनलाइन चालान भी काटे गए। ओवरलोड वाहनों के खिलाफ विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया। सड़क सुरक्षा जागरूकता वाहन के माध्यम से गम्हरिया और आदित्यपुर क्षेत्र के विभिन्न चौक-चौराहों पर लोगों को यातायात नियमों के पालन के लिए जागरूक किया गया। अभियान में सड़क सुरक्षा टीम के अधिकारी और कर्मी उपस्थित रहे।

खरसावां में आखान यात्रा पर निःशुल्क सेवा शिविर का आयोजन

खरसावां में आखान यात्रा पर निःशुल्क सेवा शिविर का आयोजन

सरायकेला : सरायकेला-खरसावां जिले के खरसावां स्थित माता आकर्षिणी देवी शक्तिपीठ में आखान यात्रा के शुभ अवसर पर 15 जनवरी को प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी आदर्श युवा समिति, जगन्नाथपुर की ओर से निःशुल्क चना-गुड़ एवं जल वितरण सह प्राथमिक उपचार शिविर का आयोजन किया जाएगा।
इस संबंध में समिति के संरक्षक विष्णु प्रधान ने बताया कि आखान यात्रा के अवसर पर माता आकर्षिणी की पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस दौरान भक्त श्रद्धालुओं के बीच निःशुल्क चना, गुड़, नारियल एवं शुद्ध पेयजल का वितरण किया जाएगा।
विष्णु प्रधान ने बताया कि आदर्श युवा समिति विगत 27 वर्षों से लगातार माता आकर्षिणी शक्तिपीठ में सेवा शिविर लगाकर भक्तों की सेवा करती आ रही है। समिति के सदस्य अहले सुबह से देर शाम तक श्रद्धालुओं को चना-गुड़, जल वितरण के साथ-साथ प्राथमिक उपचार की सुविधा भी प्रदान करते हैं।

स्वामी विवेकानंद जयंती पर सरस्वती शिशु मंदिर सरायकेला में खेलकूद प्रतियोगिता आयोजित

स्वामी विवेकानंद जयंती पर सरस्वती शिशु मंदिर सरायकेला में खेलकूद प्रतियोगिता आयोजित

सरायकेला : सरस्वती शिशु मंदिर उच्च विद्यालय, सरायकेला में सोमवार को स्वामी विवेकानंद जी की जयंती के अवसर पर कक्षा अरुण से नवम तक के भैया-बहनों के लिए खेलकूद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।

प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कक्षा अरुण से तृतीय तक के विद्यार्थियों के बीच बिस्किट दौड़, गुब्बारा फोड़, मेमोरी जांच, चम्मच दौड़, सुई-धागा दौड़ एवं उल्टा दौड़ जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। वहीं कक्षा चतुर्थ से नवम तक के भैयाओं के लिए 100 मीटर दौड़, मेंढक दौड़, तीन पैर दौड़, स्लो साइकिल रेस एवं मैथ रेस का आयोजन हुआ। इसी वर्ग की बहनों के बीच 100 मीटर दौड़, चम्मच दौड़, सुई-धागा दौड़, मेंढक दौड़, तीन पैर दौड़, मैथ रेस एवं म्यूजिकल चेयर प्रतियोगिता कराई गई।

सभी विद्यार्थियों ने खेलों में पूरे उत्साह और लगन के साथ भाग लिया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य पार्थ सारथी आचार्य ने कहा कि खेल हमारे जीवन का महत्वपूर्ण अंग है, जिससे शारीरिक एवं मानसिक विकास होता है और हम स्वस्थ रहते हैं। इसी उद्देश्य से विद्यालय में समय-समय पर खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है।

प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया जाएगा। कार्यक्रम में उप प्रधानाचार्य तुषार कांत पति सहित सभी आचार्य-दीदी उपस्थित रहीं।

सरायकेला नगर पंचायत के सफाई कर्मियों की हड़ताल समाप्त

सरायकेला नगर पंचायत के सफाई कर्मियों की हड़ताल समाप्त

सरायकेला : सरायकेला नगर पंचायत के सफाई कर्मी पिछले कुछ महीनों से वेतन नहीं मिलने के कारण गुरुवार को अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए थे। हड़ताल की सूचना नगर पंचायत के पूर्व उपाध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी को दी गई, जिसके बाद वे मौके पर पहुंचे और सफाई कर्मियों से बातचीत की।

मनोज कुमार चौधरी ने कहा कि मकर संक्रांति और टुसु पर्व जैसे बड़े त्योहारों के समय शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित होना चिंताजनक है, लेकिन समय पर वेतन न देना मजदूरों के साथ अन्याय है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के हक और सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जा सकता।

उन्होंने नगर पंचायत के प्रशासक से फोन पर संपर्क कर दो दिनों के भीतर बकाया वेतन भुगतान की मांग की। प्रशासक ने आश्वासन दिया कि डेढ़ माह का बकाया वेतन दो दिनों के भीतर कर्मचारियों के खातों में जमा कर दिया जाएगा।

वेतन भुगतान का आश्वासन मिलने के बाद सफाई कर्मियों ने मनोज कुमार चौधरी का धन्यवाद किया और हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की। इस मौके पर श्री चौधरी ने कहा कि सकारात्मक माहौल में समस्याओं का समाधान करना ही उनका उद्देश्य है और वे इसके लिए लगातार प्रयास करते रहेंगे।

नशामुक्त भारत की ओर: सेराइकेला-खरसावां में जागरूकता अभियान

नशामुक्त भारत की ओर: सेराइकेला-खरसावां में जागरूकता अभियान

सेराइकेला-खरसावां : राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA), नई दिल्ली एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (JHALSA), रांची के दिशा-निर्देशों के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), सेराइकेला-खरसावां द्वारा जिले के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में नशामुक्ति जागरूकता अभियान चलाया गया। यह अभियान NALSA की DAWN (Drug Awareness and Wellness Navigation) योजना–2025 के अंतर्गत आयोजित किया गया।
अभियान के दौरान पैरालीगल वॉलंटियर्स ने झुग्गी-झोपड़ियों एवं ग्रामीण इलाकों में घर-घर जाकर लोगों को नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी दी। युवाओं एवं अभिभावकों के साथ बैठकें आयोजित कर नशे से दूर रहने, बच्चों पर निगरानी रखने और आपसी संवाद बढ़ाने पर जोर दिया गया। साथ ही, नशे की लत से बचाव, परामर्श एवं पुनर्वास केंद्रों से संबंधित सरकारी योजनाओं की जानकारी भी साझा की गई।
इस अभियान में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं आशा बहुओं का सक्रिय सहयोग रहा। लोगों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबरों का भी प्रचार-प्रसार किया गया।
अभियान के दौरान आयोजित ग्राम सभाओं और सामुदायिक बैठकों में बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं एवं युवा शामिल हुए। सभी ने नशे के खिलाफ जागरूक रहने और समाज को स्वस्थ बनाने का संकल्प लिया।
यह जागरूकता अभियान नशामुक्त भारत की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिससे समाज में सकारात्मक बदलाव आने की उम्मीद है।