राजनीति

चाईबासा में कार्तिक उरांव की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा आयोजित

चाईबासा में कार्तिक उरांव की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा आयोजित

चाईबासा : स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री कार्तिक उरांव की पुण्यतिथि पर सोमवार को कांग्रेस भवन, चाईबासा में कांग्रेसजनों ने श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम की शुरुआत उनकी तस्वीर पर माल्यार्पण और दो मिनट का मौन रखकर की गई। इसके बाद उनके जीवन और कृतित्व पर परिचर्चा आयोजित हुई।

परिचर्चा को संबोधित करते हुए कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय ने कहा कि महान व्यक्ति अपने विचार और कार्यों से समाज में अमिट छाप छोड़ जाते हैं। कार्तिक उरांव भी ऐसे ही महान व्यक्तित्व थे, जिन्होंने अपना पूरा जीवन समाज और राष्ट्र की सेवा में समर्पित कर दिया। उन्होंने जनजातीय समाज में शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

कांग्रेसजनों ने कहा कि कार्तिक उरांव के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब उनके संकल्प, इच्छाशक्ति, देशभक्ति, शिक्षा-प्रेम और सेवा-भाव को अपने जीवन में अपनाया जाए। सभी ने उनके पदचिन्हों पर चलने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर जिला महासचिव लियोनार्ड बोदरा, नगर अध्यक्ष मो. सलीम, उपाध्यक्ष सुभाष राम तुरी, मो. ऐसान, प्रखंड अध्यक्ष दिकु सावैयां, मंडल अध्यक्ष अशोक मुंडरी, प्रखंड उपाध्यक्ष महीप कुदादा, वरीय कांग्रेसी राजेंद्र कच्छप, राम सिंह सावैयां, पोन्डेराम सामड, जय किशन सालबुनिया, मनोज मुंडरी, कार्यालय सचिव सुशील दास, जामबिरा बानरा सहित कई कांग्रेसी कार्यकर्ता उपस्थित थे।

आम जनता की समस्याओं का समाधान करने और समाज व क्षेत्र के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए हमारा निरंतर प्रयास जारी है : विजय सोय

आम जनता की समस्याओं का समाधान करने और समाज व क्षेत्र के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए हमारा निरंतर प्रयास जारी है : विजय सोय

जमशेदपुर : पश्चिमी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत मानगो–बालीगुमा में मेरे निवास स्थान पर, हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं का मेगा शिविर आयोजित किया जा रहा है।

आप सभी जानते हैं कि सरकारी कार्यालयों में किसी भी योजना का लाभ लेने के लिए लंबी कतारों में घंटों खड़ा रहना पड़ता है, और फिर भी यह निश्चित नहीं होता कि आपका काम उसी दिन हो पाएगा या नहीं।

मानगो क्षेत्र में अधिकांश परिवार दिहाड़ी मजदूरी पर निर्भर हैं—रोज कमाते हैं, रोज खाते हैं। ऐसे में, सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए
CO कार्यालय, नगर निगम, राशन विभाग, करनडीह ब्लॉक या प्रज्ञा केंद्र के चक्कर लगाना इनके लिए बेहद कठिन और खर्चीला हो जाता है।
बुजुर्ग और असहाय लोगों के लिए स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण है, जिसके कारण वे अक्सर योजनाओं के लाभ से वंचित रह जाते हैं।

इन्हीं समस्याओं को देखते हुए, मैं और मेरी विजय सेना टीम कई वर्षों से लोगों के घर के नजदीक ही शिविर लगाकर उन्हें सीधा सरकारी योजनाओं से जोड़ने का कार्य कर रहे हैं।
सैकड़ों लोग इन शिविरों का लाभ उठा चुके हैं और लगातार उठा रहे हैं।

लेकिन ऐसे कई लोग भी हैं जो पिछली बार शिविर में शामिल नहीं हो पाए थे और उन्होंने शिकायत की कि उनका राशन कार्ड या आयुष्मान कार्ड अब तक नहीं बन पाया, जिसके कारण वे महत्वपूर्ण सरकारी सुविधाओं से वंचित रह गए।

इसीलिए, जो लोग पिछले कैंपों में छूट गए थे, उनके लिए एक बार फिर
रविवार, 07 दिसंबर 2025 को बालीगुमा स्थित मेरे निवास स्थान पर शिविर लगाया जा रहा है।



शिविर में किए जाने वाले मुख्य कार्य

1. राशन कार्ड से संबंधित सभी कार्य


2. ई-श्रम कार्ड से संबंधित सभी कार्य


3. लेबर कार्ड से संबंधित सभी कार्य


4. आयुष्मान कार्ड से संबंधित सभी कार्य



महत्वपूर्ण निर्देश

शिविर में आने वाले सभी लोगों को साथ लाना अनिवार्य है :

1. आधार कार्ड

2. बैंक पासबुक

3. मोबाइल नंबर

4. सभी दस्तावेजों की फोटोकॉपी

5. दो रंगीन पासपोर्ट साइज फोटो




शिविर का विवरण

दिनांक : 07/12/2025

दिन : रविवार

समय : सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक

स्थान : बालीगुमा, सूकना बस्ती, NH-33, मेरे निवास स्थान पर

संपर्क नंबर : 7992336119

पश्चिमी सिंहभूम में डीएमएफटी अनुशिक्षक बहाली हेतु आयोजित दक्षता परीक्षा का उपायुक्त ने किया निरीक्षण

पश्चिमी सिंहभूम में डीएमएफटी अनुशिक्षक बहाली हेतु आयोजित दक्षता परीक्षा का उपायुक्त ने किया निरीक्षण

चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के सरकारी उच्च विद्यालयों में कक्षा 9–10 के विद्यार्थियों की पढ़ाई में सहयोग के लिए डीएमएफटी के तहत 190 घंटी आधारित अनुशिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया जारी है। इसी क्रम में चाईबासा के टाटा कॉलेज परिसर स्थित बहुउद्देशीय सभागार में आयोजित दक्षता परीक्षा का निरीक्षण जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री चंदन कुमार ने किया।

निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने परीक्षा व्यवस्था की समीक्षा की और उपस्थित अभ्यर्थियों को परीक्षा के नियमों की जानकारी दी। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी अभ्यर्थी अपने ओएमआर शीट में मांगी गई जानकारी स्पष्ट और सही रूप से भरें तथा उपस्थिति शीट में हस्ताक्षर अवश्य करें। नियमों से अवगत कराने के बाद उपायुक्त ने सभी अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं भी दीं।

दो पालियों में आयोजित इस विषय-वार दक्षता परीक्षा में कुल 895 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया। परीक्षा में शामिल होने के लिए अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड आज ही समाहरणालय परिसर में वितरित किए गए।

परीक्षा संचालन के दौरान सहायक समाहर्ता श्री सिद्धांत कुमार, नजारत उप-समाहर्ता श्री देवेंद्र कुमार, खुंटपानी के बीडीओ श्री धनंजय पाठक, कार्यपालक दंडाधिकारी श्री कुमार हर्ष, जिला शिक्षा अधीक्षक श्री प्रवीण कुमार सहित अन्य प्रतिनियुक्त पदाधिकारी व कर्मी उपस्थित रहे।

पश्चिमी सिंहभूम में राजस्व व भू-अर्जन कार्यों की समीक्षा बैठक—उपायुक्त ने लंबित मामलों के जल्द निष्पादन के दिए निर्देश

पश्चिमी सिंहभूम में राजस्व व भू-अर्जन कार्यों की समीक्षा बैठक—उपायुक्त ने लंबित मामलों के जल्द निष्पादन के दिए निर्देश

चाईबासा : ‌पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित सभागार में मंगलवार को उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी चंदन कुमार की अध्यक्षता में राजस्व संग्रहण, गैर-विभागीय राजस्व, नीलाम पत्र वाद, भू-अर्जन और अन्य राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में भू-लगान, दाखिल-खारिज, ऑनलाइन राजस्व न्यायालय, अंतरविभागीय भू-हस्तांतरण, जीएम लैंड सर्वे, सीमांकन, खासमहल लीज नवीकरण और परीशोधन झारभूमि शिकायत समेत विभिन्न मामलों की बिंदुवार समीक्षा की गई। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि ऑनलाइन राजस्व न्यायालय में 5 साल से लंबित मामलों का जल्द से जल्द निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही भूमि सीमांकन के लंबित मामलों के निपटारे के लिए विशेष शिविर आयोजित किए जाएँ और राजस्व वसूली की रफ्तार बढ़ाई जाए।

गैर-विभागीय राजस्व संग्रहण की समीक्षा के दौरान बताया गया कि अब तक खनन विभाग से ₹214674.15 लाख, उत्पाद विभाग से ₹8786 लाख, राज्य कर कार्यालय से ₹28677 लाख, अवर निबंधन कार्यालय चाईबासा से ₹853 लाख, चक्रधरपुर से ₹354 लाख तथा परिवहन विभाग से लक्ष्य के विरुद्ध ₹2100 लाख का राजस्व प्राप्त हुआ है।

उपायुक्त ने चाईबासा एवं चक्रधरपुर नगर परिषद, माप-तौल विभाग, विद्युत आपूर्ति प्रमंडल, जिला मत्स्य कार्यालय और अन्य विभागों को इस वित्तीय वर्ष में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप राजस्व संग्रहण पूरा करने का निर्देश दिया।

बैठक में भू-अर्जन से संबंधित मामलों और जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग पर प्रस्तावित रेल ओवरब्रिज तथा पथ निर्माण विभाग द्वारा संचालित सड़क परियोजनाओं की भी विस्तृत समीक्षा की गई।

झारखंड राजभवन का नाम बदला — अब “लोक भवन झारखंड” के नाम से जाना जाएगा

झारखंड राजभवन का नाम बदला — अब “लोक भवन झारखंड” के नाम से जाना जाएगा

झारखंड के राजभवन का नाम अब बदलकर “लोक भवन झारखंड” कर दिया गया है। इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गई है। राज्यपाल संतोष गंगवार ने अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और गृह मंत्रालय की पहल के तहत देश के सभी राजभवनों को लोक-केंद्रित पहचान दी जा रही है।

इसी क्रम में अब रांची और दुमका के राजभवन को आधिकारिक रूप से लोक भवन नाम दिया गया है। राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव नितीन मदन कुलकर्णी के हस्ताक्षर से बुधवार को आदेश जारी किया गया।

सरकार के अनुसार यह बदलाव राज्य सरकार के प्रस्ताव पर राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद लागू हुआ है। नए नाम की घोषणा के बाद राज्य में राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। सरकार का कहना है कि नाम बदलने का उद्देश्य यह संदेश देना है कि सरकार सेवा के लिए है।

झारखंड आंदोलनकारी आसमान सुंडी बने संयुक्त मोर्चा के अध्यक्ष, चाईबासा में किया गया सम्मानित

झारखंड आंदोलनकारी आसमान सुंडी बने संयुक्त मोर्चा के अध्यक्ष, चाईबासा में किया गया सम्मानित

चाईबासा : झारखंड आंदोलनकारी श्री आसमान सुंडी को झारखंड आंदोलनकारी संयुक्त मोर्चा का अध्यक्ष बनाए जाने पर सोमवार को जिला परिषद कार्यालय में उनका सम्मान किया गया। प्रखंड अध्यक्ष सोमनाथ चातर और सचिव शाहिद अहमद के नेतृत्व में उन्हें फूलमाला और गुलदस्ता देकर स्वागत किया गया।

दोनों पदाधिकारियों ने कहा कि श्री सुंडी एक अनुभवी और संघर्षशील आंदोलनकारी हैं। उनके निरंतर प्रयासों का ही परिणाम है कि आज कई झारखंड आंदोलनकारियों को पेंशन का लाभ मिल रहा है और कई का चिन्हीकरण भी हो चुका है।

स्वागत समारोह में जगमोहन तिरिया, प्रमिला तिरिया, अंकुरा तिरिया, गर्दी संवैयां सहित बड़ी संख्या में आंदोलनकारी और आश्रित मौजूद थे।

प्रधानमंत्री कार्यालय का नाम बदला, अब ‘सेवा तीर्थ’ कहलाएगा — राजभवनों को मिला नया नाम ‘लोकभवन’

प्रधानमंत्री कार्यालय का नाम बदला, अब ‘सेवा तीर्थ’ कहलाएगा — राजभवनों को मिला नया नाम ‘लोकभवन’

#नई_दिल्ली : केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) और देशभर के राजभवनों के नाम बदल दिए हैं। अब PMO को ‘सेवा तीर्थ’ और सभी राजभवनों को ‘लोकभवन’ के नाम से जाना जाएगा।

सेवा की भावना पर जोर


पीएमओ की ओर से कहा गया कि भारत के पब्लिक इंस्टिट्यूशन्स में बड़ा और गहरा बदलाव हो रहा है। शासन का विचार अब सत्ता से सेवा और अथॉरिटी से जिम्मेदारी की ओर बढ़ रहा है। यह बदलाव सिर्फ प्रशासनिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और नैतिक भी है।

पीएमओ जल्द ही अपने 78 साल पुराने साउथ ब्लॉक ऑफिस से निकलकर नए आधुनिक कैंपस ‘सेवा तीर्थ’ में शिफ्ट होने जा रहा है। यह कदम सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास प्रोजेक्ट का अहम हिस्सा है।

पहले भी बदले जा चुके हैं कई सरकारी नाम


इससे पहले केंद्र सरकार ने राजपथ का नाम बदलकर कर्तव्य पथ किया था। प्रधानमंत्री के आधिकारिक आवास का नाम भी 2016 में रेस कोर्स रोड से बदलकर लोक कल्याण मार्ग किया गया था।

अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में शासन तंत्र को ऐसी पहचान दी जा रही है, जो कर्तव्य, पारदर्शिता, और जन-सेवा को दर्शाती है। केंद्रीय सचिवालय का नया नाम ‘कर्तव्य भवन’ इसी सोच को प्रतिबिंबित करता है।

राजभवनों के नए नाम


केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों के राजभवनों का नाम बदलकर लोकभवन और राज्यपालों/उपराज्यपालों के आवास का नाम लोक निवास कर दिया है। मंत्रालय के अनुसार ‘राजभवन’ नाम औपनिवेशिक मानसिकता को दिखाता है, इसलिए इसे बदलकर जनता-केंद्रित नाम दिया गया है।

अधिकारियों के मुताबिक, यह बदलाव भारत की लोकतांत्रिक सोच में आए वैचारिक परिवर्तन का प्रतीक है — अब शासन की भाषा सेवा, कर्तव्य और नागरिक-प्रथम दृष्टिकोण की तरफ बढ़ रही है।

कांग्रेस का राष्ट्रीय मीडिया टैलेंट हंट कार्यक्रम— सामान्य कार्यकर्ताओं को मिलेगा प्रवक्ता बनने का मौका

कांग्रेस का राष्ट्रीय मीडिया टैलेंट हंट कार्यक्रम— सामान्य कार्यकर्ताओं को मिलेगा प्रवक्ता बनने का मौका

चाईबासा : कांग्रेस द्वारा चलाए जा रहे राष्ट्रीय स्तर के मीडिया टैलेंट हंट कार्यक्रम को लेकर मंगलवार को कांग्रेस भवन, चाईबासा में प्रेस वार्ता आयोजित की गई। कार्यक्रम के कोल्हान प्रमंडल समन्वयक अख्तर अली ने बताया कि इस पहल के माध्यम से पार्टी सामान्य कार्यकर्ताओं को भी राष्ट्रीय स्तर पर प्रवक्ता बनने का अवसर दे रही है। चयन प्रक्रिया पूरी तरह इंटरव्यू आधारित होगी और सभी स्तरों पर प्रवक्ताओं की नियुक्ति इसी कार्यक्रम के माध्यम से की जाएगी।

अख्तर अली ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से उपलब्ध है। इच्छुक कार्यकर्ता क्यूआर कोड के जरिए गूगल फॉर्म भर सकते हैं या कांग्रेस भवन, चाईबासा में कार्यालय सचिव से ऑफलाइन फॉर्म लेकर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन की अंतिम तिथि 5 दिसंबर निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने एक पारदर्शी चयन प्रक्रिया तैयार की है, जिसमें पार्टी के इतिहास, विचारधारा की समझ और तर्क के साथ बहस करने की क्षमता रखने वाले युवाओं को प्राथमिकता दी जाएगी।

उन्होंने प. सिंहभूम जिले के योग्य, प्रतिभावान और समर्पित युवाओं से इस अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील की। अख्तर अली ने कहा कि नए और प्रतिभाशाली चेहरों को आगे लाकर कांग्रेस अपनी विचारधारा को अधिक प्रभावी तरीके से जन-जन तक पहुँचाना चाहती है।

प्रेस वार्ता में प्रदेश सचिव अशरफुल होदा, जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय, जिला महासचिव मासूम रजा, जिला सोशल मीडिया चेयरमैन रवि कच्छप, शिवकर बोयपाई, महमूद अली, मुस्ताक आलम, अबुल खालिक, सुनील कुमार और सुशील दास सहित कई पदाधिकारी मौजूद थे।

पश्चिमी सिंहभूम में पारा शिक्षक की हत्या — 3 आरोपी गिरफ्तार

पश्चिमी सिंहभूम में पारा शिक्षक की हत्या — 3 आरोपी गिरफ्तार

चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के टोंटो थाना क्षेत्र के पुरनापानी बाजार टांड़ में शनिवार सुबह एक पारा शिक्षक की बेरहमी से पिटाई कर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान लगभग 50 वर्षीय मुकरु देवगम के रूप में हुई है, जो सुंडी सुरनियों स्कूल में पारा शिक्षक के रूप में कार्यरत थे। वह हर सप्ताह की तरह बाजार करने सुबह करीब 7:30 बजे पुरनापानी बाजार पहुंचे थे, जहां यह घटना हुई।

घटना की जानकारी ग्रामीण मुंडा के माध्यम से पुलिस को मिली। इसके बाद पुलिस अधीक्षक चाईबासा के निर्देश पर जगन्नाथपुर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया और इलाके में छापामारी अभियान चलाया गया।

तकनीकी जानकारी से मिला सुराग, 3 आरोपी गिरफ्तार

पुलिस की तकनीकी शाखा की मदद से जांच में तेजी आई और मात्र 24 घंटे के भीतर, 30 नवंबर की सुबह ग्राम केजरा से तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम हैं:

• सोमा सुंडी (25 वर्ष)

सीनू गौड़ (20 वर्ष)

मंगल कारोवा (20 वर्ष)


तीनों टोंटो थाना क्षेत्र के अलग-अलग टोलों के रहने वाले हैं। पुलिस ने उनके स्वीकारोक्ति बयान के आधार पर वारदात में इस्तेमाल किए गए खून सना पत्थर, लकड़ी का डंडा, खून लगी मिट्टी और हत्या के समय पहने गए कपड़े बरामद कर लिए। आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया।

हड़िया पीने को लेकर विवाद बना हत्या का कारण

पुलिस जांच में सामने आया कि बाजार में हड़िया/रासी पीने की बात को लेकर पारा शिक्षक और आरोपियों के बीच कहासुनी हुई। विवाद बढ़ने पर गुस्से में आरोपियों ने मिलकर मुकरु देवगम पर हमला कर दिया और पत्थर व लाठी-डंडों से पीटकर उनकी हत्या कर दी।

पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।

पूर्व सांसद गीता कोड़ा का सरकार पर हमला — “सेवा का अधिकार सप्ताह जनता को भ्रमित करने का प्रयास”

पूर्व सांसद गीता कोड़ा का सरकार पर हमला — “सेवा का अधिकार सप्ताह जनता को भ्रमित करने का प्रयास”

चक्रधरपुर : कैफेटेरिया में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पूर्व सांसद श्रीमती गीता कोड़ा ने झारखंड सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार ने “सरकार आपके द्वार” अभियान को अचानक सीमित कर 12 नवंबर से 25 दिसंबर की बजाय सिर्फ 22 से 28 नवंबर तक कर दिया और इसका नाम बदलकर “सेवा का अधिकार सप्ताह” रख दिया। उनके अनुसार, यह सरकार की जनता को भ्रमित करने वाली नीति को उजागर करता है।

कोड़ा ने आरोप लगाया कि अभियान के दौरान आनंदपुर, चक्रधरपुर सहित कई इलाकों में मैया सम्मान और अबुआ आवास पोर्टल पूरी तरह बंद रहे। मनोहरपुर के नंदपुर पंचायत में अधूरे अबुआ आवास का उद्घाटन उन्होंने “सरकारी भ्रष्टाचार और दिखावे की पराकाष्ठा” बताया।

उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार गरीबों की नहीं, बल्कि “दलालों और भ्रष्टाचारियों की सरकार” बन गई है। कोड़ा ने आरोप लगाया कि कमीशनखोरी, अवैध उत्खनन, सट्टा–लॉटरी जैसे गैरकानूनी धंधे राज्य की नई पहचान बनते जा रहे हैं।

शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल

प्रेस कॉन्फ्रेंस में गीता कोड़ा ने शिक्षा व्यवस्था की बदहाली पर भी चिंता जताई। उन्होंने बताया कि—

45 लाख छात्र आठ महीनों से परीक्षा तिथि का इंतजार कर रहे हैं।

40 लाख बच्चों को अब तक स्वेटर और जूते नहीं मिले, जिससे ठंड के कारण चक्रधरपुर और मनोहरपुर में मौतें भी हुई हैं।

लाखों विद्यार्थियों को स्टाइपेंड नहीं मिलने से गरीब छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।


स्वास्थ्य व्यवस्था पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम की स्वास्थ्य प्रणाली “खुद बीमार” है। एचआईवी संक्रमित रक्त चढ़ाने की हालिया घटना को उन्होंने सरकार की घोर लापरवाही करार दिया।

किसानों की समस्याओं का भी उठाया मुद्दा

पूर्व सांसद ने बताया कि धान खरीद केंद्रों की तैयारी नहीं की गई, जिसके कारण किसानों को समर्थन मूल्य ₹24 की बजाय सिर्फ ₹15 प्रति किलो में धान बेचना पड़ रहा है।

सरकार पर सीधे आरोप

अंत में गीता कोड़ा ने कहा कि हेमंत सरकार का एक साल अव्यवस्था, भ्रष्टाचार, झूठ और जनता से विश्वासघात का वर्ष साबित हुआ है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी एक मजबूत विपक्ष के रूप में जनता की आवाज उठाती रहेगी और सरकार को आईना दिखाने का काम जारी रखेगी।