सरायकेला–खरसावां : राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के अंतर्गत “सीख से सुरक्षा, तकनीक से परिवर्तन” थीम पर शुक्रवार, 17 जनवरी 2026 को सरायकेला–खरसावां जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। जिले के अत्यधिक भीड़-भाड़ वाले जायदा मंदिर मेला परिसर में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से लोगों को यातायात नियमों के पालन, हेलमेट एवं सीट बेल्ट के उपयोग, ओवरस्पीडिंग से बचने तथा नशे की हालत में वाहन न चलाने का संदेश दिया गया। इसके साथ ही आम नागरिकों के बीच सड़क सुरक्षा से संबंधित पंपलेट का वितरण किया गया। बच्चों और युवाओं को जागरूक करने के उद्देश्य से पतंग जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। वहीं, जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा जागरूकता रथ के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया गया। कार्यक्रम में जिला परिवहन पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी चांडिल, मोटरयान निरीक्षक सहित सड़क सुरक्षा टीम के सदस्य उपस्थित रहे। मौके पर अधिकारियों ने आम लोगों से यातायात नियमों का पालन करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने की अपील की, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके।
सरायकेला : झालसा, रांची के दिशा-निर्देश पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, डीएलएसए सरायकेला-खरसावां रामाशंकर सिंह के नेतृत्व तथा प्रभारी सचिव अनामिका किस्कु के पर्यवेक्षण में जिला स्तरीय बहु-हितधारक परामर्श कार्यक्रम का आयोजन डीएलएसए सभागार, सरायकेला में किया गया।
यह कार्यक्रम डीएलएसए स्तर पर प्रत्येक जिले में हर छह माह में आयोजित किया जाता है, जिसका उद्देश्य विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित करना तथा विधिक जागरूकता को बढ़ावा देना है।
कार्यक्रम में पुलिस विभाग, चाइल्ड वेलफेयर कमेटी, वन स्टॉप सेंटर, चिकित्सक, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी, सहयोगी व्यक्ति एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान प्रमुख वक्ताओं ने अपने विचार रखे। मुख्य एलएडीसी दिलीप कुमार शॉ ने किशोर न्याय (बालकों की देखभाल एवं संरक्षण) अधिनियम पर विस्तृत जानकारी दी। उप मुख्य एलएडीसी सुनीत कर्मकार ने मोटर दुर्घटना दावा प्रकरणों पर प्रकाश डाला, जबकि सहायक एलएडीसी अंबिका चरण पानी ने अन्य कानूनी विषयों पर चर्चा की।
सत्र की शुरुआत में प्रभारी सचिव अनामिका किस्कु ने कार्यक्रम के उद्देश्य और दिनभर की रूपरेखा की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस परामर्श का मुख्य उद्देश्य विभिन्न विभागों के बीच सहयोग बढ़ाना तथा बच्चों एवं पीड़ितों के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
कार्यक्रम में संवाद को विशेष महत्व दिया गया। प्रतिभागियों को प्रश्न और शंकाएं रखने का अवसर मिला, जिनका संसाधन व्यक्तियों द्वारा समाधान किया गया। अंत में प्रतिभागी कार्यक्रम से संतुष्ट नजर आए।
सरायकेला : समाहरणालय सभागार में उपायुक्त नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में आपूर्ति विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सार्वजनिक वितरण प्रणाली, खाद्यान्न आपूर्ति, दाल-भात योजना, डाकिया योजना, चावल दिवस, सोना–सोबरन धोती–साड़ी योजना, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, ई-केवाईसी, डीलर टैगिंग/री-टैगिंग, NFSA अंतर्गत खाद्यान्न व नमक वितरण सहित अन्य योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की गई।
उपायुक्त ने कहा कि विभागीय योजनाओं का मुख्य उद्देश्य पात्र लाभुकों को समय पर और पारदर्शी तरीके से लाभ पहुंचाना है। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में समयबद्धता, गुणवत्ता और जवाबदेही सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने सभी पात्र लाभुकों को निर्धारित मात्रा में समय पर खाद्यान्न वितरण, शत-प्रतिशत ई-केवाईसी पूर्ण कराने तथा तकनीकी या नेटवर्क समस्या वाले क्षेत्रों में ग्राम स्तर पर विशेष शिविर आयोजित कर शेष कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही, लंबे समय से राशन नहीं उठाने वाले या ई-केवाईसी में सहयोग नहीं करने वाले लाभुकों की स्थलीय जांच कर नियमानुसार नाम विलोपन की प्रक्रिया शुरू करने को कहा।
गम्हरिया एवं आदित्यपुर क्षेत्र में सभी राशन डीलरों के स्टॉक सत्यापन के लिए जिला स्तरीय टीम गठित कर सघन जांच सुनिश्चित करने का निर्देश जिला आपूर्ति पदाधिकारी को दिया गया। बैठक में नवपदस्थापित प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों से परिचय प्राप्त कर योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन पर भी जोर दिया गया।
इसके अलावा, जिले के 27 लैम्प्स के माध्यम से हो रही धान अधिप्राप्ति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने धान खरीद में सुधार, किसानों को समय पर भुगतान और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप धान अधिप्राप्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
खरसावाँ : सरायकेला–खरसावाँ जिले में यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला परिवहन पदाधिकारी ने बस स्वामियों और परिचालकों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं। सभी बस ऑपरेटरों को Central Institute of Road Transport (CIRT) द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा।
निर्देश के अनुसार सभी स्लीपर कोच बसों से ड्राइवर पार्टीशन डोर और स्लीपर बर्थ में लगे स्लाइडर्स हटाना अनिवार्य किया गया है। साथ ही एक माह के भीतर सभी स्लीपर बसों में Fire Detection and Suppression System (FDSS) लगाना होगा। प्रत्येक बस में 10 किलोग्राम क्षमता का अग्निशामक यंत्र रखना भी जरूरी होगा।
अनधिकृत रूप से चेसिस का विस्तार कर बनाई गई बसों को तत्काल परिचालन से बाहर किया जाएगा। बसों का पंजीकरण केवल फॉर्म 22/22A, वैध ले-आउट ड्राइंग और अनुमोदित एजेंसी की स्वीकृति के बाद ही किया जाएगा।
जिला परिवहन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि बसों का संचालन CMVR 1989 तथा AIS:052 और AIS:119 के प्रावधानों के अनुसार ही होगा। नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित बस स्वामी और परिचालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
चाईबासा : मकर संक्रांति के अवसर पर ठंड से राहत दिलाने के उद्देश्य से रोटी बैंक यूथ क्लब चाईबासा की ओर से गरीबों और असहाय लोगों के बीच कंबल का वितरण किया गया। यह वितरण बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन के आसपास किया गया, ताकि जरूरतमंदों को कड़ाके की ठंड से राहत मिल सके।
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में मयूर होटल के संतोष गुप्ता, फॉर यू क्रिएशन के अनुज सिंहा, ए.के. स्टेशनरी के कोमल कालिंदी, दीपिका देवी और चांदनी देवी का सराहनीय सहयोग रहा। मौके पर समाजसेवी रोहित सिंहा, शुभम सिंह राजपूत, पृथ्वी राज, खुदिया तिर्की, पारस अग्रवाल, अरविंद कालिंदी, अख्तर, जमदार पूर्ति सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
रोटी बैंक यूथ क्लब चाईबासा के सदस्यों ने बताया कि ठंड के इस कठिन समय में किया गया छोटा-सा प्रयास भी जरूरतमंदों के लिए बड़ी राहत बन सकता है। उन्होंने कहा कि मानवता और सेवा भावना से किया गया यह कार्य समाज में आपसी सहयोग और संवेदनशीलता को मजबूत करता है। उल्लेखनीय है कि रोटी बैंक यूथ क्लब चाईबासा प्रतिदिन रात में गरीबों को एक समय का भोजन भी उपलब्ध कराती है।
चक्रधरपुर : डुकरी निवासी शिव शंकर बोदरा को उनकी कड़ी मेहनत और सफलता के लिए सोमवार को कुशालडीह चौक पर भव्य नागरिक अभिनंदन किया गया। समाजसेवी सह कांग्रेस नेता विजय सिंह सामाड के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में क्षेत्र के कई गणमान्य लोग शामिल हुए।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने शिव शंकर बोदरा को माला पहनाकर, बुके भेंट कर एवं अंगवस्त्र ओढ़ाकर सम्मानित किया। विजय सिंह सामाड ने कहा कि शिव शंकर ने अपनी मेहनत से न केवल अपने गांव, बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उनकी सफलता युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है।
उल्लेखनीय है कि शिव शंकर बोदरा पहले रेलवे ग्रुप-डी में कार्यरत थे। निरंतर अध्ययन और दृढ़ संकल्प के बल पर उन्होंने सीजीएल (CGL) परीक्षा में सफलता प्राप्त की। चयन के बाद 30 दिसंबर 2025 को उन्हें नियुक्ति पत्र प्राप्त हुआ और उन्होंने मुख्यमंत्री सचिवालय में सहायक प्रशाखा पदाधिकारी (ASO) के पद पर योगदान दिया।
समारोह में उनके मामा सुशील सामाड सहित धर्म सिंह सरदार, रामचंद्र सामाड, अभय सामाड, कृष्णा सामाड, मानकी जर्मन सामाड, सीताराम सामाड, गोमेया सरदार, सविता देवी, नरेंद्र मुंडा, मांगु राम सामाड, हेमंत मुखी, सरोज महाकुड़, प्रदीप साह, धनेश्वर तांती, लखींद्र गोप, सतीश सिजुई, प्रेमलाल सामाड सहित अन्य ग्रामीण एवं गणमान्य लोग उपस्थित थे। सभी ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और इसे ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभा की बड़ी उपलब्धि बताया।
गम्हरिया : राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के तहत गम्हरिया प्रखंड के आदित्यपुर नगर क्षेत्र स्थित इमली चौक में जिला परिवहन पदाधिकारी गिरीजा शंकर महतो के नेतृत्व में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य आम लोगों को सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना तथा सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना था।
इस दौरान नुक्कड़ नाटक के माध्यम से बिना ड्राइविंग लाइसेंस वाहन चलाने, लापरवाह ड्राइविंग और यातायात नियमों के उल्लंघन से होने वाले नुकसान की जानकारी दी गई। साथ ही हिट एंड रन मामलों, गुड समैरिटन कानून और मोटरयान अधिनियम के तहत दंडात्मक प्रावधानों के बारे में सरल भाषा में समझाया गया।
कार्यक्रम के क्रम में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों की काउंसलिंग की गई और मौके पर ऑनलाइन चालान भी काटे गए। ओवरलोड वाहनों के खिलाफ विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया। सड़क सुरक्षा जागरूकता वाहन के माध्यम से गम्हरिया और आदित्यपुर क्षेत्र के विभिन्न चौक-चौराहों पर लोगों को यातायात नियमों के पालन के लिए जागरूक किया गया। अभियान में सड़क सुरक्षा टीम के अधिकारी और कर्मी उपस्थित रहे।
सरायकेला : सरायकेला-खरसावां जिले के खरसावां स्थित माता आकर्षिणी देवी शक्तिपीठ में आखान यात्रा के शुभ अवसर पर 15 जनवरी को प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी आदर्श युवा समिति, जगन्नाथपुर की ओर से निःशुल्क चना-गुड़ एवं जल वितरण सह प्राथमिक उपचार शिविर का आयोजन किया जाएगा।
इस संबंध में समिति के संरक्षक विष्णु प्रधान ने बताया कि आखान यात्रा के अवसर पर माता आकर्षिणी की पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की जाएगी। उन्होंने कहा कि इस दौरान भक्त श्रद्धालुओं के बीच निःशुल्क चना, गुड़, नारियल एवं शुद्ध पेयजल का वितरण किया जाएगा।
विष्णु प्रधान ने बताया कि आदर्श युवा समिति विगत 27 वर्षों से लगातार माता आकर्षिणी शक्तिपीठ में सेवा शिविर लगाकर भक्तों की सेवा करती आ रही है। समिति के सदस्य अहले सुबह से देर शाम तक श्रद्धालुओं को चना-गुड़, जल वितरण के साथ-साथ प्राथमिक उपचार की सुविधा भी प्रदान करते हैं।
चाईबासा : पिछले कई दिनों में पश्चिम सिंहभूम जिला के सुदूर पहाड़ी क्षेत्रों में एक बेकाबू हाथी द्वारा अब तक लगभग 20 निर्दोष लोगों की मौत हो चुकी है, लेकिन वन विभाग और जिला प्रशासन आज तक उस हाथी को काबू में करने में असफल रहा है। यह स्थिति केवल वन्यजीव संकट नहीं, बल्कि पूरे प्रशासनिक सिस्टम की गंभीर नाकामी को उजागर करती है। एंटी करप्शन ऑफ इंडिया के झारखंड प्रदेश अध्यक्ष धी. रामहरि पेरियार ने इस पूरे मामले को लेकर जिला प्रशासन के कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जब लगातार मौतें हो रही हैं और आम नागरिक भय के साये में जीने को मजबूर हैं, तब प्रशासन की निष्क्रियता बेहद चिंताजनक और अस्वीकार्य है।
रामहरि पेरियार ने कहा कि सरकार और वन विभाग के पास संसाधनों, बजट और विशेषज्ञों की कोई कमी नहीं है। इसके बावजूद यदि एक हिंसक हाथी को नियंत्रित नहीं किया जा सका, तो यह स्पष्ट रूप से लापरवाही, कमजोर रणनीति और जिम्मेदारी से बचने की मानसिकता को दर्शाता है। यह सीधे तौर पर जनता की सुरक्षा के अधिकार का उल्लंघन है। ग्रामीण क्षेत्रों में हालात भयावह हैं। लोग रात में सोने से डर रहे हैं, खेती-बाड़ी प्रभावित हो रही है और बच्चों व बुजुर्गों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। बावजूद इसके, जिला प्रशासन केवल औपचारिकता निभाता हुआ नजर आ रहा है, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
एंटी करप्शन ऑफ इंडिया के झारखंड प्रदेश की ओर से मांग की जाती है कि तुरंत विशेषज्ञ हाथी नियंत्रण दल की तैनाती की जाए।
प्रभावित इलाकों में स्थायी निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। मृतकों के परिजनों को त्वरित और सम्मानजनक मुआवजा दिया जाए। इस पूरे मामले में प्रशासनिक विफलता की उच्चस्तरीय जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। पेरियार ने स्पष्ट शब्दों में कहा यह सवाल किसी हाथी का नहीं, बल्कि उस सिस्टम का है जो 20 मौतों के बाद भी जवाबदेह नहीं बन पाया।
चक्रधरपुर : पद्मावती जैन सरस्वती शिशु विद्या मंदिर इंग्लिश मीडियम, पंप रोड शत्रुघ्न नगर चक्रधरपुर में राष्ट्रीय युवा दिवस सह विद्यालय की द्वितीय आंतरिक परीक्षा का परिणाम सभी अभिभावकों की उपस्थिति में घोषित किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के अध्यक्ष राकेश श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष दमयंती नाग, सह सचिव बकलेश महतो एवं प्रधानाचार्य आनंद चंद्र प्रधान द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर स्वामी विवेकानंद एवं भारत माता के चित्र पर पुष्पार्चन के साथ किया गया।
इस अवसर पर अध्यक्ष राकेश श्रीवास्तव ने स्वामी विवेकानंद के जीवन और विचारों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बच्चों को सही शिक्षा देने के लिए अभिभावकों को उनके साथ समय बिताना चाहिए, ताकि वे मोबाइल के अधिक उपयोग से बच सकें।
सह सचिव बकलेश महतो ने कहा कि स्वामी विवेकानंद की शिक्षाओं को अपने जीवन में अपनाकर एक अच्छा इंसान बनने के साथ राष्ट्र के लिए कुछ बड़ा करने का लक्ष्य रखना चाहिए।
प्रधानाचार्य आनंद चंद्र प्रधान ने राष्ट्रीय युवा दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद का संदेश “उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो जाए” विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, चरित्र निर्माण और राष्ट्र सेवा की भावना को मजबूत करता है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को केवल कमाई की मशीन न बनाकर राष्ट्रहित में योगदान देने योग्य नागरिक बनाने का आग्रह किया।
आचार्य सौभिक घटक ने प्रेरक प्रसंगों के माध्यम से स्वामी विवेकानंद की जीवनी बच्चों के समक्ष प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन मीना कुमारी ने किया। शांति देवी ने विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान द्वारा आयोजित सप्त शक्ति संगम (20 जनवरी 2026) की जानकारी देते हुए माताओं से अधिक से अधिक भागीदारी की अपील की।
कार्यक्रम को सफल बनाने में जय श्री दास, स्वास्तिक सोय, भारती कुमारी, मीना कुमारी सहित अन्य शिक्षकों का सराहनीय योगदान रहा।

