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बलांगीर लोकउत्सव–2026 में सरायकेला शैली छऊ नृत्य की शानदार प्रस्तुति, कलाकारों ने लूटी वाहवाही

बलांगीर लोकउत्सव–2026 में सरायकेला शैली छऊ नृत्य की शानदार प्रस्तुति, कलाकारों ने लूटी वाहवाही

सरायकेला : राजकीय छऊ नृत्य कला केंद्र, सरायकेला के कलाकारों ने ओड़िशा सरकार द्वारा बलांगीर में आयोजित बलांगीर लोकउत्सव–2026 के सांस्कृतिक कार्यक्रम में दो दिवसीय सरायकेला शैली छऊ नृत्य की प्रभावशाली प्रस्तुति देकर दर्शकों की खूब सराहना बटोरी। टीम का नेतृत्व कॉर्डिनेटर सुदीप कबी ने किया।
कार्यक्रम के पहले दिन दुर्गा नृत्य तथा दूसरे दिन चंद्रभागा नृत्य की प्रस्तुति दी गई, जिसने उपस्थित दर्शकों एवं कला प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। समापन अवसर पर बलांगीर जिला प्रशासन की ओर से सभी कलाकारों को अंगवस्त्र एवं मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस दल में कॉर्डिनेटर सुदीप कबी के साथ संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार प्राप्त गुरु ब्रजेन्द्र पटनायक, गजेंद्र महंती, संतोष कर, प्रफुल्ल नायक, विनोद प्रधान, देव नारायण सिंह, गणेश चंद्र महंती, ठाकुर सरदार, असित पटनायक, गोपाल पटनायक, कुना सामल, मिहिर लाल महतो, आद्यापदो साहू, सुमंत कबी एवं अमन कर शामिल थे।

कोल्हान पोड़ाहाट में मानकी-मुण्डा संघ का पुनर्गठन समारोह सम्पन्न

कोल्हान पोड़ाहाट में मानकी-मुण्डा संघ का पुनर्गठन समारोह सम्पन्न

पोड़ाहाट : कोल्हान पोड़ाहाट (18 अंचल) अंतर्गत मानकी-मुण्डा संघ द्वारा आयोजित पुनर्गठन समारोह में श्री गणेश पाट पिगुवा जी (मानकी) को सर्वसम्मति से एक बार फिर संघ का अध्यक्ष मनोनीत किया गया। समारोह में सामाजिक नेतृत्व, पारंपरिक व्यवस्था तथा आदिवासी स्वशासन को सशक्त करने पर जोर दिया गया।

श्री पिगुवा लंबे समय से समाज के अधिकार, परंपरा और एकता के लिए सक्रिय भूमिका निभाते आ रहे हैं। उनके पुनः मनोनयन से संगठन को नई दिशा और मजबूती मिलने की उम्मीद जताई गई। इस अवसर पर देशाऊली फाउंडेशन परिवार की ओर से अध्यक्ष श्री गणेश पाट पिगुवा जी सहित सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को हार्दिक बधाई एवं सफल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दी गईं।

जिला स्तरीय माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक, अवैध खनन पर सख्ती के निर्देश

जिला स्तरीय माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक, अवैध खनन पर सख्ती के निर्देश

सराइकेला : आज उपायुक्त श्री नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला स्तरीय माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री मुकेश लूणायत, अपर उपायुक्त श्री जयवर्धन कुमार, जिला खनन पदाधिकारी श्री ज्योति शंकर सतपथी सहित संबंधित विभागों के पदाधिकारी शामिल हुए।

बैठक में जिला खनन पदाधिकारी ने दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 के दौरान अवैध खनन एवं खनिज परिवहन के विरुद्ध की गई कार्रवाई की जानकारी दी। इस दौरान लौह अयस्क लदा एक ट्रेलर और बालू लदे दो हाईवा जब्त किए गए। सहरबेड़ा नदी घाट से 10 डोंगी नावों को नष्ट किया गया। साथ ही दो प्राथमिकी दर्ज की गईं और लगभग 8,000 घनफीट पत्थर जब्त किया गया। कुल छह वाहनों से ₹1.50 लाख की दंड राशि वसूली गई।

बैठक में बताया गया कि जिले के विभिन्न GR स्थलों पर जब्त लगभग 12 लाख घनफीट अवैध बालू की ई-ऑक्शन के माध्यम से नीलामी की गई, जिससे करीब ₹2.30 करोड़ का राजस्व प्राप्त हुआ। चांडिल अनुमंडल क्षेत्र में संयुक्त छापेमारी के दौरान एक अवैध पत्थर खदान, छह अवैध क्रशर इकाइयों और तीन ईंट भट्टों पर नियमानुसार कार्रवाई की गई।

उपायुक्त ने जिले में अवैध खनन, भंडारण और खनिज परिवहन पर पूर्ण रोक लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने नियमित औचक निरीक्षण, संवेदनशील क्षेत्रों में चेक नाका स्थापना, वाहनों की सघन जांच और वैध दस्तावेजों की जांच सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही अवैध रूप से संचालित ईंट भट्टों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के निर्देश भी दिए।

पुलिस अधीक्षक ने कहा कि अवैध खनन या परिवहन की सूचना मिलने पर संबंधित अधिकारियों की संयुक्त टीम तत्काल छापेमारी करे और दोषियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर शीघ्र न्यायालय में प्रस्तुत किया जाए।

पश्चिमी सिंहभूम में बाल-संवेदनशील पुलिसिंग पर एकदिवसीय कार्यशाला आयोजित

पश्चिमी सिंहभूम में बाल-संवेदनशील पुलिसिंग पर एकदिवसीय कार्यशाला आयोजित

चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय के कॉन्फ्रेंस हॉल में गुरुवार को बाल-संवेदनशील पुलिसिंग, किशोर न्याय अधिनियम, बच्चों की देखभाल व संरक्षण तथा बाल विवाह निषेध अधिनियम-2006 विषय पर एकदिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य विशेष किशोर पुलिस इकाइयों को सशक्त बनाना तथा बाल संरक्षण से जुड़ी प्रक्रियाओं को अधिक संवेदनशील और प्रभावी बनाना था।

इस कार्यक्रम का आयोजन पश्चिमी सिंहभूम पुलिस विभाग द्वारा यूनिसेफ के सहयोग से तथा सेंटर फॉर चाइल्ड राइट्स (CCR), नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडी एंड रिसर्च इन लॉ (NUSRL), रांची के तकनीकी सहयोग से किया गया। कार्यशाला में जिले के विभिन्न थानों से आए 39 बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारी (CWPO) शामिल हुए।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए पुलिस अधीक्षक अमित रेनू ने सभी थानों में बाल मित्र थाना के निर्माण एवं संचालन के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि यूनिसेफ और CCR, NUSRL के सहयोग से बाल कल्याण पुलिस पदाधिकारियों के लिए सात चरणों में प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जा रहा है, जिसका तीसरा चरण आज संपन्न हुआ।

कार्यक्रम की शुरुआत CCR, NUSRL के अनिरुद्ध सरकार के स्वागत भाषण से हुई। इसके बाद नरेंद्र शर्मा ने पूर्व प्रशिक्षणों की जानकारी साझा की। तकनीकी सत्र में यूनिसेफ के बाल संरक्षण अधिकारी गौरव ने किशोर न्याय अधिनियम-2015 एवं झारखंड किशोर न्याय नियम-2017 के तहत बाल-संवेदनशील पुलिसिंग के सिद्धांतों, बालकों के विरुद्ध अपराधों की पहचान तथा संवेदनशील कार्यवाही की प्रक्रिया पर जानकारी दी। साथ ही CWPO की भूमिका, जिम्मेदारियां, विभिन्न बाल संरक्षण संस्थाओं से समन्वय एवं रिपोर्टिंग प्रक्रिया पर भी चर्चा की गई।

मुख्य सत्रों में बाल विवाह, लैंगिक शोषण एवं विधि से संघर्षरत बच्चों से जुड़े मामलों पर केस स्टडी आधारित अभ्यास कराए गए। इस दौरान प्रतिभागियों की क्षमता आकलन एवं आगे की रणनीति पर समूह चर्चा भी हुई। कार्यक्रम में पीसीआई इंडिया के सलाहकार हिमांशु जेना ने भी भाग लिया और बाल विवाह उन्मूलन जैसे विषयों पर अपने विचार साझा किए।

चक्रधरपुर नगर परिषद अध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस नेता अनुप्रिया सोय ने पेश की दावेदारी

चक्रधरपुर नगर परिषद अध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस नेता अनुप्रिया सोय ने पेश की दावेदारी

चक्रधरपुर : नगर परिषद चक्रधरपुर के अध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस समर्थित उम्मीदवार के रूप में पूर्व सांसद दिवंगत विजय सिंह सोय की सुपुत्री एवं कांग्रेस प्रदेश प्रतिनिधि अनुप्रिया सोय ने अपनी दावेदारी पेश की है।
गुरुवार को उन्होंने कांग्रेस जिलाध्यक्ष के नाम संबोधित आवेदन प्रपत्र कांग्रेस भवन, चाईबासा में कार्यालय सचिव सुशील दास को सौंपा।
अपने आवेदन में अनुप्रिया सोय ने उल्लेख किया कि वे लंबे समय से कांग्रेस संगठन के विभिन्न पदों पर रहते हुए पार्टी के हित में कार्य करती रही हैं। वर्तमान में वे कई सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों से जुड़ी हुई हैं और नगर परिषद चक्रधरपुर क्षेत्र के लोगों से लगातार संपर्क में हैं।
उन्होंने कहा कि चक्रधरपुर शहर के सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से वे चुनावी मैदान में उतर रही हैं। जल, सड़क, नाली, बिजली, सफाई, रोजगार, जरूरतमंदों के अधिकार, स्थानीय मुद्दे एवं महिलाओं के अधिकार उनकी प्राथमिकताएं रहेंगी।
इस अवसर पर कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय, जिला सचिव जगदीश सुंडी, यूथ इंटक जिलाध्यक्ष सुरेश सावैयां, नगर अध्यक्ष मो. सलीम, प्रखंड अध्यक्ष दिकु सावैयां, युवा कांग्रेस के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष शिवकर बोयपाई, वरीय कांग्रेसी जुम्बल सुंडी, जितेंद्र सिंह, प्रताप पुरती, गणेश किस्कु सहित कई कांग्रेस नेता उपस्थित थे।

बंदोलोहार में राशन वितरण में अनियमितता, आक्रोशित कार्डधारियों ने अधिकारियों को सौंपा ज्ञापन

बंदोलोहार में राशन वितरण में अनियमितता, आक्रोशित कार्डधारियों ने अधिकारियों को सौंपा ज्ञापन

कूचाई : कूचाई प्रखंड अंतर्गत बंदोलोहार गांव के राशन डीलर रासाय हो द्वारा समय पर राशन वितरण नहीं किए जाने से राशन कार्डधारियों में भारी आक्रोश व्याप्त है। कार्डधारियों का आरोप है कि बीते कई महीनों से उनसे अंगूठा (पंचिंग) लगवाने के बावजूद राशन नहीं दिया जा रहा है, जिससे गरीब और जरूरतमंद परिवारों के सामने भोजन का गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है।
इस समस्या से परेशान होकर बंदोलोहार के राशन कार्डधारियों ने एकजुट होकर कूचाई मुख्यालय पहुंचकर कूचाई प्रमुख गुड्डी देवी, प्रखंड विकास पदाधिकारी साधु चरण देवगम, अंचल अधिकारी सुषमा सोरेन एवं जिला परिषद सदस्य जिग्गी हेम्ब्रम से मुलाकात की और एक लिखित ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में बताया गया कि राशन नहीं मिलने के कारण बच्चों, बुजुर्गों एवं महिलाओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। कार्डधारियों ने मांग की है कि वर्तमान पीडीएस डीलर की दुकान से उनका राशन कार्ड किसी अन्य नजदीकी पीडीएस दुकान में स्थानांतरित किया जाए, ताकि उन्हें नियमित एवं पारदर्शी रूप से राशन मिल सके। साथ ही दोषी डीलर के विरुद्ध जांच कर उचित कार्रवाई की मांग भी की गई है।
कार्डधारियों ने बताया कि अगस्त, सितंबर और अक्टूबर 2025 में उन्हें राशन नहीं मिला था, जबकि नवंबर 2025 में राशन दिया गया। वहीं दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 में पुनः राशन नहीं मिला। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अंचल अधिकारी सुषमा सोरेन ने जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। ज्ञापन पर सिंधवाला कैवर्त, यशोदा देवी, भारती कैवर्त, कमला कैवर्त, गीता प्रधान, सुनीता कैवर्त, दशंनी कैवर्त, सजीता प्रधान, वासुदेव कैवर्त, मदना प्रधान सहित कुल 71 राशन कार्डधारियों के हस्ताक्षर हैं।

मझगांव में दंतैल हाथी का तांडव, कई घर ध्वस्त, बच्चे-बुजुर्ग घायल

मझगांव में दंतैल हाथी का तांडव, कई घर ध्वस्त, बच्चे-बुजुर्ग घायल

चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के मझगांव प्रखंड में मंगलवार देर रात एक दंतैल हाथी ने भारी उत्पात मचाया। हाथी के हमले में आधा दर्जन से अधिक घर क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि बच्चे और बुजुर्ग समेत कई लोग घायल हो गए। घटना के बाद से क्षेत्र में दहशत का माहौल है और वन विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी देखी जा रही है।

जानकारी के अनुसार, वन विभाग के लगभग 100 कर्मियों का कैंप हटते ही हाथी ने दोबारा गांवों में प्रवेश किया। सोनापोसी पंचायत के बास्की गांव में हाथी ने रामसिंह चातार और काया चातार के घरों को नुकसान पहुंचाया। इसके बाद चत्रीसाई गांव में सुखलाल पिगुंवा का घर ढह गया, जिसके मलबे में पांच बच्चे दब गए। ग्रामीणों की मदद से बच्चों को बाहर निकालकर मझगांव रेफरल अस्पताल में भर्ती कराया गया।

इसी दौरान बच्चों के चाचा मुंगड़ी पिगुंवा और उनकी पत्नी संध्या को हाथी ने सूंड से पटक दिया, जिससे दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। आगे बढ़ते हुए हाथी ने पाण्डुकी टोला में भी नुकसान पहुंचाया, जहां दीवार गिरने से बुजुर्ग ऊचबा गोप घायल हो गए। इसके अलावा प्रदीप हेंब्रम और हरिश विरुवा के घरों को भी हाथी ने क्षतिग्रस्त कर दिया और घरों में रखा अनाज खा गया।

उधर, टोंटो प्रखंड के नीमडीह गांव में भी हाथियों के लगातार हमलों से ग्रामीणों में नाराजगी है। बुधवार को आदिवासी किसान मजदूर पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष जान मिरन मुंडा और जिला परिषद सदस्य मानसिंह तिरिया ने प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। ग्रामीणों ने बताया कि सरकार की ओर से दी जा रही 20 किलो चावल की सहायता नाकाफी है।

बैठक में निर्णय लिया गया कि वन विभाग की लापरवाही के विरोध में 23 जनवरी को चाईबासा स्थित डीएफओ कार्यालय के समक्ष एकदिवसीय धरना दिया जाएगा। नेताओं ने झारखंड सरकार की मुआवजा नीति पर सवाल उठाते हुए उचित मुआवजा, प्रभावित गांवों में स्ट्रीट लाइट व हाई-मास्ट लाइट लगाने तथा हाथियों को आबादी से दूर रखने के लिए स्थायी वन विभागीय टीम की तैनाती की मांग की। मांगें पूरी नहीं होने पर जनआंदोलन की चेतावनी दी गई है।

सरायकेला नगर पंचायत अध्यक्ष पद को लेकर चुनावी हलचल तेज

सरायकेला नगर पंचायत अध्यक्ष पद को लेकर चुनावी हलचल तेज

सरायकेला : सरायकेला नगर पंचायत क्षेत्र में अध्यक्ष पद को लेकर राजनीतिक सरगर्मी बढ़ गई है। उड़िया भाषी समाजसेवी जलेश कवि ने मंगलवार को अपने फेसबुक पेज के माध्यम से अध्यक्ष पद के लिए औपचारिक घोषणा कर दी।
जलेश कवि इससे पहले नगर पंचायत के उपाध्यक्ष रह चुके हैं और अपने कार्यकाल के दौरान सामाजिक, शैक्षणिक एवं जनहित से जुड़े कई कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाई। उनकी दावेदारी सामने आने के बाद समर्थकों में उत्साह है और स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि उन्हें युवा वर्ग, शिक्षाविदों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का व्यापक समर्थन मिल सकता है।

सरायकेला–खरसावां में सड़क सुरक्षा माह के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

सरायकेला–खरसावां में सड़क सुरक्षा माह के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

सरायकेला : राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 के तहत बुधवार को सरायकेला–खरसावां जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रमों का उद्देश्य आम लोगों को यातायात नियमों के प्रति सचेत करना था।

चांडिल अनुमंडल के विक्रमादित्य +2 उच्च विद्यालय, लेपटान्द में विद्यालय स्तरीय सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम एवं चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें छात्र–छात्राओं ने सड़क सुरक्षा से जुड़े संदेशों को रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया। वहीं गौरांगकोचा क्षेत्र में यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों को समझाइश दी गई और उन्हें हेलमेट वितरित कर सुरक्षित वाहन चलाने के लिए प्रेरित किया गया।

चौका क्षेत्र में जागरूकता रथ के माध्यम से सड़क सुरक्षा संदेशों का प्रचार किया गया। इसके अलावा गौरांगकोचा के ग्रामीण इलाकों में पंपलेट वितरित कर हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग, गति सीमा के पालन तथा सुरक्षित ड्राइविंग के बारे में जानकारी दी गई।

इन कार्यक्रमों में जिला परिवहन पदाधिकारी, ईचागढ़ प्रखंड विकास पदाधिकारी तथा सड़क सुरक्षा टीम के सदस्य उपस्थित रहे।

सरायकेला–खरसावां में सीज बालू की पहली ऑनलाइन नीलामी सफल

सरायकेला–खरसावां में सीज बालू की पहली ऑनलाइन नीलामी सफल

सरायकेला : सरायकेला–खरसावां जिले में प्रशासनिक पारदर्शिता और तकनीक आधारित शासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए झारखंड राज्य में पहली बार सीज (जब्त) बालू की ऑनलाइन नीलामी सफलतापूर्वक संपन्न कराई गई। जिला प्रशासन द्वारा विधिसम्मत और पारदर्शी प्रक्रिया के तहत लगभग 12 लाख घन फीट सीज बालू की ऑनलाइन नीलामी की गई।

नीलामी के लिए आधार मूल्य ₹1.72 करोड़ निर्धारित किया गया था, जबकि प्रतिस्पर्धात्मक बोली प्रक्रिया के बाद अंतिम नीलामी मूल्य ₹2.30 करोड़ प्राप्त हुआ। इससे राज्य को अनुमान से अधिक राजस्व की प्राप्ति हुई, जो जिले और राज्य दोनों के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।

इस अवसर पर उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने कहा कि जब्त खनिजों के निपटान के लिए ऑनलाइन नीलामी जैसी पारदर्शी और तकनीक आधारित व्यवस्था सुशासन की दिशा में प्रभावी कदम है। उन्होंने बताया कि इससे अवैध खनन पर नियंत्रण के साथ-साथ राज्य के लिए वैध और अतिरिक्त राजस्व भी सुनिश्चित होता है।

उपायुक्त ने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में अवैध खनन के मामलों में जब्त खनिजों के निपटान हेतु इसी प्रकार की पारदर्शी और प्रतिस्पर्धात्मक ऑनलाइन प्रक्रिया को प्राथमिकता दी जाएगी।