जमशेदपुर | डिमना स्थित एमजीएम अस्पताल के मुख्य प्रवेश द्वार के बाहर बदहाल सड़क और पार्किंग की खराब स्थिति मरीजों, उनके परिजनों तथा अस्पताल आने-जाने वाले लोगों के लिए गंभीर परेशानी का कारण बन गई है। हाल ही में सड़क के गहरे गड्ढों को भरने के लिए अस्पताल प्रबंधन की ओर से मिट्टी डाली गई थी, लेकिन लगातार हो रही बारिश के कारण पूरा क्षेत्र कीचड़ में तब्दील हो गया है।

अस्पताल पहुंचने वाले लोगों को मुख्य गेट से गुजरने के दौरान कीचड़ से होकर निकलना पड़ रहा है। जूते-चप्पलों में चिपककर मिट्टी अस्पताल परिसर तक पहुंच रही है। वहीं, बारिश थमने और मिट्टी सूखने के बाद यही मिट्टी धूल बनकर वार्डों और गलियारों में फैल रही है। पंखे चलने पर उड़ने वाली धूल से मरीजों, उनके परिजनों और स्वास्थ्यकर्मियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे अस्पताल की स्वच्छता व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।

समस्या केवल सड़क तक सीमित नहीं है। मुख्य प्रवेश द्वार के पास स्थित नि:शुल्क पार्किंग भी बारिश के कारण पूरी तरह कीचड़युक्त हो गई है।

वाहन खड़ा करने में हो रही कठिनाई के चलते कई लोग अपने दोपहिया वाहन सड़क किनारे खड़े करने को मजबूर हैं। इससे अस्पताल के मुख्य मार्ग पर यातायात प्रभावित हो रहा है और जाम के साथ-साथ दुर्घटना की आशंका भी बढ़ गई है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल मिट्टी डालकर गड्ढों को भरना इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं है। उनका मानना है कि सड़क का पक्कीकरण, नियमित मरम्मत और प्रभावी जल निकासी व्यवस्था सुनिश्चित किए बिना समस्या का समाधान संभव नहीं है।

मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि अस्पताल जैसी महत्वपूर्ण सार्वजनिक संस्था में बेहतर सड़क, सुगम आवागमन और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है, ताकि उपचार के लिए आने वाले लोगों को अतिरिक्त कठिनाइयों का सामना न करना पड़े।

