चक्रधरपुर | पश्चिमी सिंहभूम जिले में जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत राशन वितरण व्यवस्था की जमीनी निगरानी तेज कर दी गई है। इसी क्रम में प्रोजेक्ट आहार के तहत पोड़ाहाट-चक्रधरपुर अनुमंडल पदाधिकारी सुश्री श्रुति राजलक्ष्मी एवं सहायक समाहर्ता सुश्री ईरा जोरवाल ने चक्रधरपुर प्रखंड की जामिद पंचायत अंतर्गत सिकिदिकि गांव स्थित पीडीएस दुकान का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान पदाधिकारियों ने मौके पर राशन वितरण की प्रक्रिया का जायजा लिया और राशन लेने पहुंचे कार्डधारियों से सीधे बातचीत कर व्यवस्था की वास्तविक स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने लाभुकों से निर्धारित मात्रा में राशन मिलने, वितरण की नियमितता तथा राशन लेने में होने वाली किसी भी परेशानी के संबंध में जानकारी प्राप्त की।

लाभुकों से मिले फीडबैक के आधार पर पदाधिकारियों ने वितरण प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं की समीक्षा की। इस दौरान राशन वितरण में पारदर्शिता बनाए रखने और पात्र लाभुकों को निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया गया।

स्टॉक रजिस्टर से खाद्यान्न का किया मिलान
निरीक्षण के दौरान पीडीएस दुकान में उपलब्ध खाद्यान्न के भंडारण की भी जांच की गई। पदाधिकारियों ने दुकान में रखे खाद्यान्न की स्थिति का जायजा लेते हुए उपलब्ध स्टॉक का संबंधित अभिलेखों से मिलान किया। साथ ही स्टॉक रजिस्टर एवं राशन वितरण से जुड़े अन्य रिकॉर्ड की भी जांच की गई, ताकि दर्ज मात्रा और वास्तविक उपलब्ध खाद्यान्न की स्थिति स्पष्ट हो सके।

पदाधिकारियों ने दुकान संचालक को खाद्यान्न का व्यवस्थित एवं सुरक्षित भंडारण करने तथा सभी आवश्यक अभिलेखों को अद्यतन रखने का निर्देश दिया। इसके अलावा लाभुकों को राशन लेने में अनावश्यक परेशानी नहीं हो, इसका ध्यान रखते हुए निर्धारित प्रक्रिया के अनुरूप पारदर्शी तरीके से वितरण सुनिश्चित करने को कहा।

लाभुकों से सीधे संवाद कर जानी जमीनी स्थिति
निरीक्षण के दौरान पदाधिकारियों ने अभिलेखों और स्टॉक की जांच के साथ-साथ राशन कार्डधारियों से सीधे संवाद किया। इससे पीडीएस व्यवस्था की जमीनी स्थिति और लाभुकों के अनुभवों को समझने का अवसर मिला।
पदाधिकारियों ने लाभुकों को आश्वस्त किया कि खाद्य सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं का लाभ पात्र परिवारों तक नियमित और पारदर्शी तरीके से पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है।

प्रोजेक्ट आहार के तहत किए जा रहे ऐसे स्थलीय निरीक्षणों का उद्देश्य पीडीएस दुकानों में राशन वितरण की वास्तविक स्थिति के साथ-साथ खाद्यान्न के स्टॉक, भंडारण, अभिलेख संधारण और लाभुकों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की समीक्षा करना है। जिला प्रशासन द्वारा जन वितरण प्रणाली को अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और लाभुकों के लिए सुगम बनाने की दिशा में क्षेत्रीय स्तर पर नियमित निगरानी की जा रही है।

