सरायकेला | सरायकेला नगर पंचायत अध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी द्वारा जमशेदपुर विद्युत क्षेत्र के महाप्रबंधक को नगर क्षेत्र में लगातार उत्पन्न हो रही विद्युत समस्याओं, अनियमित बिजली आपूर्ति, लो-वोल्टेज, बार-बार लाइन ट्रिपिंग, स्मार्ट मीटर की तकनीकी त्रुटियों एवं उपभोक्ताओं को हो रही परेशानियों के संबंध में विस्तृत शिकायत पत्र प्रेषित किया गया था।
उक्त शिकायत को गंभीरता से लेते हुए महाप्रबंधक स्तर से त्वरित पहल की गई। इसके तहत विद्युत अधीक्षण अभियंता संजय कुमार, चाईबासा की उपस्थिति में सरायकेला कार्यपालक अभियंता कार्यालय में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में कार्यपालक अभियंता लाल जी प्रसाद, सहायक अभियंता संजय सवैया, कनीय अभियंता कुणाल प्रजापति, नगर पंचायत प्रबंधक महेश जारिका, विद्युत इंस्पेक्टर चांदनी मिंज सहित विद्युत प्रमंडल के कई अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
बैठक का मुख्य उद्देश्य सरायकेला नगर क्षेत्र की वर्तमान विद्युत व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा करना तथा जनहित में त्वरित एवं दीर्घकालिक समाधान सुनिश्चित करना था।
नगर पंचायत अध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी ने बैठक में कहा कि वर्तमान समय में नगर क्षेत्र की जनता कई गंभीर विद्युत समस्याओं से जूझ रही है। बार-बार बिजली बाधित होना, लंबे समय तक लाइन बंद रहना, लो-वोल्टेज की समस्या, स्मार्ट मीटर की तकनीकी खराबियां, कई महीनों का एक साथ बिल भेजा जाना, जर्जर तारों एवं कमजोर लाइनों के कारण लगातार फॉल्ट उत्पन्न होना तथा उपभोक्ताओं के साथ असुविधाजनक व्यवहार जैसी समस्याओं से आम नागरिकों में व्यापक असंतोष है।

उन्होंने कहा कि बेहतर विद्युत व्यवस्था केवल सुविधा का विषय नहीं है, बल्कि पेयजल आपूर्ति, व्यापारिक गतिविधियों, विद्यार्थियों की पढ़ाई, अस्पताल सेवाओं एवं आम जनजीवन से सीधे जुड़ा हुआ मुद्दा है। इसलिए विद्युत विभाग को जनभावनाओं के अनुरूप जवाबदेह, संवेदनशील एवं व्यवस्थित कार्यप्रणाली अपनानी होगी।
बैठक में नगर पंचायत अध्यक्ष द्वारा कई महत्वपूर्ण सुझाव एवं मांगें रखी गईं। इनमें विद्युत कार्यालय में आम नागरिकों के लिए बैठने एवं स्वच्छ पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करना, शिकायत निवारण हेतु हेल्प डेस्क एवं शिकायत रजिस्टर संचालित करना तथा उपभोक्ताओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित करना प्रमुख रहा।
स्मार्ट मीटर की तकनीकी खराबियों का त्वरित समाधान करने, लंबित बिलों को एक साथ भेजे जाने की समस्या का पारदर्शी एवं चरणबद्ध समाधान निकालने तथा बिलिंग त्रुटियों के निवारण हेतु विशेष कैंप एवं अलग काउंटर संचालित करने का सुझाव भी दिया गया।

इसके साथ ही प्रस्ताव रखा गया कि कार्यपालक अभियंता सप्ताह में कम-से-कम एक दिन निर्धारित समय तक कार्यालय में बैठकर सीधे उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करें। वहीं एसडीओ एवं कनीय अभियंता प्रतिदिन निर्धारित समय तक आम जनता के लिए उपलब्ध रहें।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि प्रतिदिन शाम 6 बजे से रात 9 बजे तक पीक आवर में संबंधित पदाधिकारी PSS में उपस्थित रहकर विद्युत आपूर्ति की निगरानी करेंगे। इसके अलावा एसडीओ द्वारा सप्ताह में कम-से-कम दो दिन तथा कार्यपालक अभियंता द्वारा सप्ताह में एक दिन PSS में बैठने, प्रत्येक माह जीएम एवं ईएसी स्तर से क्षेत्रीय निरीक्षण एवं समीक्षा बैठक आयोजित करने, टाउन क्षेत्र के प्रमुख स्थानों पर AB Switch लगाने, सभी ब्रेकरों की नियमित जांच एवं मरम्मत कराने तथा बंद पड़े फीडरों को शीघ्र चालू करने की मांग उठाई गई।
बैठक में बरसात से पहले नदी के अंदर स्थित पांच विद्युत पोल को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने का विषय भी प्रमुखता से उठाया गया।
नेटवर्क एवं आधारभूत संरचना सुधार के तहत Ulijhari से सरायकेला तक Underground Cabling हेतु DPR तैयार कर सरकार को प्रस्ताव भेजने, Town Hall एवं PHED के लिए Dedicated 33,000 लाइन से अलग ट्रांसफॉर्मर की व्यवस्था करने तथा TRW व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित एवं सक्षम बनाने की आवश्यकता पर बल दिया गया।
समन्वय एवं संचार व्यवस्था को मजबूत करने पर भी चर्चा हुई। Ulijhari एवं RKSN लाइन से जुड़ी बार-बार ट्रिपिंग एवं बिना कारण आपूर्ति बाधित होने की समस्या को गंभीर बताते हुए संबंधित अधिकारियों के बीच नियमित समन्वय एवं प्रत्यक्ष संवाद सुनिश्चित करने का सुझाव दिया गया। साथ ही केवल WhatsApp आधारित सूचना प्रणाली के बजाय समयबद्ध रिपोर्टिंग एवं दूरभाष समन्वय को अनिवार्य बनाने की मांग की गई।

