सरायकेला-खरसावां | झारखंड उच्च न्यायालय एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार सरायकेला मंडल कारा का निरीक्षण प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) रामाशंकर सिंह के नेतृत्व में किया गया।

निरीक्षण दल में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी लूसी सोसेन टिग्गा, DLSA सचिव तौसीफ मेराज तथा एसडीजेएम-सह-प्रभारी न्यायाधीश आशीष अग्रवाल शामिल थे। टीम ने जेल के विभिन्न हिस्सों—बंदी वार्ड, महिला बंदी वार्ड, जेल अस्पताल एवं विधिक सहायता केंद्र—का निरीक्षण किया।

इस दौरान DLSA अध्यक्ष ने बंदियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं। विशेष रूप से महिला बंदियों की शिकायतों एवं आवश्यकताओं पर ध्यान दिया गया। साथ ही, भोजन की गुणवत्ता और चिकित्सा सुविधाओं का भी जायजा लिया गया।
निरीक्षण में कुछ कमियां सामने आने पर अध्यक्ष ने जेल प्रशासन को भोजन की गुणवत्ता में सुधार करने तथा परिसर में पेयजल से संबंधित समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

इसके अलावा, यह निर्णय लिया गया कि जेल के मुलाकाती क्षेत्र में JHALSA के मार्गदर्शन में एक लीगल हेल्प डेस्क स्थापित की जाएगी, जिससे बंदियों के परिजनों को आवश्यक कानूनी जानकारी और सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
इस निरीक्षण को बंदियों के अधिकारों की सुरक्षा और जेल व्यवस्थाओं में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

