सरायकेला-खरसावां | भारत की जनगणना–2027 के प्रथम चरण (मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना) के सफल संचालन को लेकर उपायुक्त सह प्रधान जनगणना पदाधिकारी नीतिश कुमार सिंह ने समाहरणालय सभागार में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की।

उन्होंने बताया कि जनगणना दो चरणों में संपन्न होगी। प्रथम चरण 16 मई से 14 जून 2026 तक चलेगा, जबकि द्वितीय चरण (जनसंख्या गणना) फरवरी 2027 में प्रस्तावित है।
उपायुक्त ने जानकारी दी कि इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से की जाएगी। प्रगणक एवं पर्यवेक्षक डिजिटल उपकरणों के माध्यम से आंकड़े एकत्र कर सीधे केंद्रीय सर्वर पर अपलोड करेंगे। साथ ही, आम नागरिकों के लिए 1 मई से 15 मई 2026 तक स्व-गणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी। नागरिक se.census.gov.in पोर्टल पर जाकर स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि मकान सूचीकरण के दौरान परिवार एवं आवास से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां एकत्र की जाएंगी। इसमें परिवार के सदस्यों का विवरण, शैक्षणिक स्थिति तथा उपलब्ध संसाधन जैसे टीवी, इंटरनेट, वाहन आदि शामिल होंगे। इन आंकड़ों का उपयोग सरकार द्वारा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के निर्माण और उनके प्रभावी क्रियान्वयन में किया जाता है।

जिले में इस कार्य के सफल संचालन के लिए 12 चार्ज (3 शहरी एवं 9 ग्रामीण) बनाए गए हैं तथा 2245 हाउस लिस्टिंग ब्लॉक गठित किए गए हैं। इसके लिए 2518 कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। साथ ही 46 फील्ड ट्रेनर्स के माध्यम से 27 अप्रैल से 13 मई तक सभी कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
उपायुक्त ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि जनगणना एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय अभियान है, जिसमें सभी की सहभागिता आवश्यक है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि प्रगणक जब उनके घर पर जानकारी लेने आएं, तो सही एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराएं तथा स्व-गणना सुविधा का अधिक से अधिक उपयोग करें।

उन्होंने यह भी कहा कि जनगणना जैसे व्यापक अभियान में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है, जिससे आमजन तक सही और समय पर जानकारी पहुंचाई जा सकती है।
इस अवसर पर अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार, जिला सांख्यिकी एवं मूल्यांकन पदाधिकारी कमलेश कुमार दास सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

