चाईबासा | पश्चिमी सिंहभूम जिले के जगन्नाथपुर प्रखंड अंतर्गत मलूका गांव में बुधवार शाम वज्रपात की चपेट में आने से एक दो वर्षीय मासूम बच्चे की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उसकी मां गंभीर रूप से झुलस गईं। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है।

जानकारी के अनुसार, मलूका गांव निवासी राजेश हाइबुरु की पत्नी जीबीनी हाइबुरु बुधवार शाम करीब 6 बजे अपने दो वर्षीय पुत्र आयुष हाइबुरु के साथ घर के आंगन में मौजूद थीं।

इसी दौरान अचानक मौसम खराब हो गया और तेज बारिश के साथ आकाशीय बिजली कड़कने लगी। बताया जाता है कि पास स्थित एक पेड़ पर वज्रपात हुआ, जिसकी चपेट में मां-बेटा आ गए और दोनों जमीन पर गिर पड़े।

घटना की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और दोनों को तत्काल जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद मासूम आयुष हाइबुरु को मृत घोषित कर दिया। वहीं, जीबीनी हाइबुरु का उपचार जारी है। चिकित्सकों के अनुसार उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर बनी हुई है।

घटना की सूचना मिलते ही जगन्नाथपुर थाना पुलिस अस्पताल पहुंची और मामले की जानकारी ली। पुलिस ने बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए चाईबासा सदर अस्पताल भेज दिया है।
परिजनों का कहना है कि वज्रपात की चपेट में आने से बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, जिला प्रशासन ने आपदा प्रबंधन विभाग के तहत पीड़ित परिवार को नियमानुसार सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है।

मानसून के दौरान वज्रपात की घटनाओं में वृद्धि को देखते हुए जिला प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। प्रशासन ने कहा है कि बारिश और गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, पेड़ों तथा बिजली के खंभों के समीप खड़े होने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर शरण लें।


