राजनीति

चक्रधरपुर में कांग्रेस की अहम बैठक संपन्न — दर्जनों युवाओं ने थामा कांग्रेस का दामन

चक्रधरपुर में कांग्रेस की अहम बैठक संपन्न — दर्जनों युवाओं ने थामा कांग्रेस का दामन


चक्रधरपुर : चक्रधरपुर स्थित स्वर्गीय विजय सिंह सोय के समाधि स्थल के निकट ULB पर्यवेक्षक एवं प्रदेश प्रतिनिधि सुश्री अनुप्रिया सोय की अध्यक्षता में कांग्रेस की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत नव-नियुक्त जिला अध्यक्ष रंजन बोयपाई के स्वागत से हुई, जिसके बाद उपस्थित नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पूर्व सांसद स्वर्गीय विजय सिंह सोय की समाधि पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इसके उपरांत विधिवत कार्यक्रम की शुरुआत की गई।

बैठक में कांग्रेस विचारधारा से प्रभावित होकर शैखावत हुसैन के नेतृत्व में दर्जनों युवाओं ने पुष्पगुच्छ एवं माला पहनाकर कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर जिला अध्यक्ष रंजन बोयपाई ने कहा कि देश में वर्तमान समय में दो विचारधाराओं के बीच संघर्ष स्पष्ट है। एक विचारधारा पूंजीवाद को बढ़ावा देकर किसानों, मजदूरों व गरीबों को हतोत्साहित कर रही है — इसी के तहत गलत कृषि कानून लाकर किसान हितों को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया और 80 हजार से अधिक स्कूल बंद कर शिक्षा के अधिकार को कमजोर किया गया। दूसरी ओर, कांग्रेस की विचारधारा लोकतंत्र, स्वराज और सभी वर्गों की भागीदारी के साथ देश के विकास का मार्ग प्रशस्त करना चाहती है।

ULB पर्यवेक्षक सुश्री अनुप्रिया सोय ने अपने संबोधन में कहा कि कांग्रेस को मजबूत बनाने के लिए मूल्य आधारित संघर्ष आवश्यक है। उन्होंने कहा कि युवाओं को केवल चुनाव तक सीमित न रहकर कांग्रेस की वैचारिक यात्रा से जुड़ना होगा। इतिहास को समझते हुए संगठन में नई ऊर्जा का संचार करना आज की जरूरत है।

कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण करने वाले प्रमुख नाम :
साखवत हुसैन, एमडी हलीम, आसिफ, दानिश परवेज, अरबाज, अरमान, छोटू, सबदार, दानिश अंसारी, जिशान सहित कई युवाओं ने कांग्रेस का दामन थामा।

कार्यक्रम को संबोधित करने वाले प्रमुख नेता :
राजेश ठाकुर (नगर अध्यक्ष), विजय सिंह सामाड (प्रखंड अध्यक्ष), कमल राम (जिलाध्यक्ष SC मोर्चा), सुरेश सावैंया (प्रदेश सचिव, इंटक), पूनम होनहागा सावैंया, सीमा सामाड, राजेश शुक्ला (पर्यवेक्षक, बंदगांव), लक्ष्मण हांसदा (प्रदेश आमंत्रित सदस्य), पोंडेराम सामाड और विजय सुंबरुई समेत अन्य नेताओं ने कार्यक्रम को संबोधित किया।

उपस्थित गण :
शिवकर बोईपाई, अविनाश कोड़ा, आर्यन हांसदा, महेश साहू, सतीश चंद्र कोया, हरि राव, मुकेश मुखी, भोलेनाथ बोदरा, चंद्रशेखर सामड, नाज़िस, सुभाष सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।

झारखंड में एसआईआर को लेकर सियासी गर्मी तेज — चंपाई सोरेन ने घुसपैठ पर उठाए गंभीर सवाल

झारखंड में एसआईआर को लेकर सियासी गर्मी तेज — चंपाई सोरेन ने घुसपैठ पर उठाए गंभीर सवाल

सरायकेला : झारखंड में एसआईआर (Systematic Investigation of Registration) को लेकर सियासत तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता चंपाई सोरेन ने सोशल मीडिया के माध्यम से बड़ा बयान देते हुए दावा किया कि कोलकाता से सटे हावड़ा जिले के कई इलाकों में 80% से अधिक बांग्लादेशी घुसपैठिए पाए जा रहे हैं। ऐसे में सीमावर्ती जिलों और ग्रामीण क्षेत्रों की वास्तविक स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।

चंपाई सोरेन ने लिखा कि भारत का संविधान केवल भारतीय नागरिकों को मतदान का अधिकार देता है। चुनाव आयोग की इस पहल के बाद घुसपैठियों के सहारे सत्ता हासिल करना अब बेहद मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि एसआईआर की प्रक्रिया शुरू होने पर पश्चिम बंगाल से करोड़ों और झारखंड से लाखों घुसपैठियों के नाम voter list से हटाए जा सकते हैं।

राज्य में बढ़ी राजनीतिक हलचल

झारखंड में एसआईआर को लेकर राजनीतिक तापमान तेजी से बढ़ रहा है। कांग्रेस और झामुमो इस प्रक्रिया पर लगातार सवाल उठा रहे हैं। वहीं राजद के नेता भी प्रतिदिन एसआईआर के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहे हैं। इसके बावजूद निर्वाचन आयोग ने झारखंड में प्रारंभिक तैयारियां शुरू कर दी हैं।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि जैसे ही झारखंड में एसआईआर की प्रक्रिया औपचारिक तौर पर शुरू होगी, यह राज्य की राजनीति में बड़ा विवाद और चुनावी बहस का विषय बन सकता है। फिलहाल, इस मुद्दे की जमीन तैयार होती हुई दिखाई दे रही है।

जयराज नगर का नामकरण और ट्रांसफार्मर का उद्घाटन — सांसद जोबा माझी ने किया शुभारंभ

जयराज नगर का नामकरण और ट्रांसफार्मर का उद्घाटन — सांसद जोबा माझी ने किया शुभारंभ

गम्हरिया : सरायकेला-खरसावां जिला के गम्हरिया प्रखंड अंतर्गत रापचा पंचायत के मौजा पिंड्राबेड़ा में रविवार को जयराज नगर के नामकरण का कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में सांसद जोबा माझी शामिल हुईं। उन्होंने नामकरण बोर्ड का फीता काटकर उद्घाटन किया और जयराज नगर में लगाए गए नए ट्रांसफार्मर का भी औपचारिक शुभारंभ किया। उल्लेखनीय है कि सांसद के प्रयासों से क्षेत्र में नया ट्रांसफार्मर और बिजली के पोल स्थापित किए गए हैं।

कार्यक्रम के दौरान स्थानीय निवासियों ने सांसद के समक्ष पक्की सड़क निर्माण, कंपनियों से हो रहे प्रदूषण पर नियंत्रण, तथा अन्य जनसमस्याओं के समाधान की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा।

सांसद जोबा माझी ने अपने संबोधन में कहा कि जयराज नगर का नामकरण केवल एक औपचारिक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसके लिए अंचल कार्यालय के माध्यम से सरकारी मान्यता प्राप्त करने की दिशा में पहल होनी चाहिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि बस्ती के विभिन्न हिस्सों में पक्की सड़क का निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जाएगा और अन्य समस्याओं का समाधान भी प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।

इस दौरान जयराज नगर के लोगों ने सांसद को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में रापचा के पूर्व मुखिया जवाहरलाल महाली, झामुमो के जिला सचिव वैद्यनाथ टुडू, पश्चिम सिंहभूम झामुमो सचिव राहुल आदित्य, समाजसेवी कालीपद सोरेन, जयराज नगर विकास समिति के रामजी सिंहदेव, सुग्रीव मुखी, विजय कुमार, आसीत आचार्य, गोपाल सिंह, अजय लाल, रत्नेश दुबे, विशेश्वर महाली, दिनेश महतो, दीपांकर पटनायक, मुनी पांडेय, कार्तिक महतो, संजीव प्रधान, राजेश महाली, जितेंद्र प्रमाणिक सहित कई लोग उपस्थित रहे।

पालोबेड़ा में दर्दनाक हादसा — घर पर पलटा हाइवा, पिता-बेटी की मौत, कंपनी ने दिया 25 लाख मुआवजे का आश्वासन

पालोबेड़ा में दर्दनाक हादसा — घर पर पलटा हाइवा, पिता-बेटी की मौत, कंपनी ने दिया 25 लाख मुआवजे का आश्वासन

ग़म्हरिया : कांड्रा थाना अंतर्गत हुदु पंचायत के पालोबेड़ा गांव में रविवार की सुबह एक बड़ा हादसा हो गया। गिट्टी से लदा हाइवा वाहन अनियंत्रित होकर बीरबल मुर्मू के घर पर पलट गया। हादसे के समय परिवार घर के भीतर सो रहा था। गिट्टी और दीवार गिरने से बीरबल मुर्मू (37) और उनकी डेढ़ साल की बेटी अनुश्री मुर्मू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं।

सूत्रों के अनुसार, हुदु पंचायत में लीडिंग कंस्ट्रक्शन कंपनी द्वारा सड़क निर्माण कार्य चल रहा था। इसी दौरान यह हादसा हुआ। घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया, लेकिन शीघ्र ही पंचायत प्रतिनिधियों, प्रशासन और कंपनी के मैनेजर के साथ सकारात्मक वार्ता हुई।

वार्ता हुई सफल — कंपनी देगी 25 लाख रुपये व नया घर
हुदु पंचायत की मुखिया श्रीमती सुगी मुर्मू और झारखंड मुक्ति मोर्चा के केन्द्रीय सदस्य श्री कृष्णा बास्के के नेतृत्व में बैठक हुई। कंपनी ने सहानुभूति जताते हुए पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपये और एक नया घर बनाने की लिखित सहमति दी है। साथ ही, श्राद्ध कर्म के लिए तुरंत 50,000 रुपये दिए गए हैं और अगले दिन 50,000 रुपये और दिए जाएंगे। शेष राशि 26 नवंबर को RTGS के माध्यम से बीरबल की पत्नी शेफाली मुर्मू के खाते में भेजी जाएगी।

बैठक में मौजूद रहे अधिकारी व ग्रामीण
बैठक में मुख्य रूप से प्रखंड विकास पदाधिकारी श्री साधु चरण देवगम, थाना प्रभारी श्री विनोद कुमार मुर्मू, प्रखंड समन्वयक श्री सावन सोय, कनिष्ठ अभियंता श्री नामी सिंह मुंडा, पंचायत समिति सदस्य मोनो टुडू, ग्राम प्रधान रागदू किस्कू, लक्ष्मण सरदार, फागु मुर्मू, विजय महतो, राजेश मुर्मू, भगतू मुर्मू, रूपक मुर्मू, मनसा मुर्मू, मंगल मुंडा, बालेश्वर मुर्मू सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।

झारखंड की रजत जयंती पर मुख्यमंत्री का संबोधन — कहा, “विकास के लिए पैसा, शिक्षा और अवसर उतने ही जरूरी जितना गाड़ी के लिए पेट्रोल”

झारखंड की रजत जयंती पर मुख्यमंत्री का संबोधन — कहा, “विकास के लिए पैसा, शिक्षा और अवसर उतने ही जरूरी जितना गाड़ी के लिए पेट्रोल”

रांची : झारखंड विधानसभा की 25वीं वर्षगांठ पर आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राज्य के संघर्षपूर्ण इतिहास और भविष्य की विकास यात्रा पर महत्वपूर्ण सम्बोधन दिया। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के निर्माण के पीछे एक लंबा संघर्ष, बलिदान और आदिवासी–मूलवासी समाज की अमिट भूमिका रही है। पूर्वजों और वीर शहीदों के संघर्षों के कारण ही आज झारखंड अपनी विशिष्ट पहचान के साथ विकास के पथ पर अग्रसर है।

मुख्यमंत्री ने कहा, “अगर गाड़ी में पेट्रोल न हो तो वह आगे नहीं बढ़ सकती। उसी तरह आम आदमी के पास पैसा, शिक्षा और अवसर न हों, तो वह विकास की राह पर कैसे आगे बढ़ेगा? इसलिए आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को मजबूत करना हमारी सरकार की प्राथमिकता है।” उन्होंने ‘सेवा सप्ताह’ का जिक्र करते हुए बताया कि आज राज्य सरकार की नीतियां सीधे जनता तक पहुंच रही हैं।

झारखंड आंदोलन के पुरोधा शिबू सोरेन को श्रद्धांजलि

अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री भावुक दिखे और झारखंड आंदोलन के पुरोधा दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन को याद करते हुए कहा कि आज उनके बीच न होना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि शिबू सोरेन ने अपने जीवन का हर क्षण राज्य की अस्मिता, अधिकार और स्वाभिमान के लिए समर्पित किया। उनके नेतृत्व में झारखंड आंदोलन ने जनांदोलन का रूप लिया और राज्य निर्माण का मार्ग प्रशस्त हुआ।

“वे केवल नेता नहीं थे, बल्कि झारखंड की आत्मा, संघर्ष और स्वाभिमान के प्रतीक थे। आने वाली पीढ़ियों के लिए उनके आदर्श सदैव मार्गदर्शक बने रहेंगे।” – मुख्यमंत्री ने कहा।

आर्थिक, शैक्षणिक और सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में सरकार प्रतिबद्ध

मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य गठन के बाद गरीबी, कुपोषण और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में अपेक्षित प्रगति नहीं हो सकी थी, लेकिन वर्तमान सरकार आर्थिक, शैक्षणिक और सामाजिक सशक्तिकरण को लेकर दृढ़ संकल्प के साथ काम कर रही है। ‘सेवा का अधिकार’ जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से सरकार की योजनाएं अब सीधे जनता तक पहुंच रही हैं।

उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य उद्देश्य है कि हर क्षेत्र में न्याय, पारदर्शिता और संवेदनशील प्रशासन सुनिश्चित किया जाए, जिससे हर नागरिक को संवैधानिक अधिकारों और सुविधाओं का लाभ प्रभावी रूप से मिल सके।

उत्कृष्ट विधायकों व कर्मियों को सम्मानित किया गया

कार्यक्रम में उत्कृष्ट विधायक के रूप में चयनित राज सिन्हा को मुख्यमंत्री ने बधाई दी। साथ ही सदन की गरिमा को बनाए रखने वाले विधानसभा कर्मियों, राज्य की सीमा पर तैनात वीर सैनिकों, नक्सल मोर्चे पर शहीद हुए पुलिसकर्मियों, खिलाड़ियों, छात्रों, साहित्यकारों और पूर्व विधायकों को भी सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर विधानसभा की “सदन संवाद” पुस्तक, मासिक पत्रिका “उड़ान” के 99वें और 100वें अंक तथा विधानसभा सदस्यों का जीवन परिचय ग्रंथ भी लोकार्पित किया गया।

जिला माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक में अवैध खनन पर लगाम लगाने के निर्देश

जिला माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक में अवैध खनन पर लगाम लगाने के निर्देश

सरायकेला : समाहरणालय सभागार में आज जिला स्तरीय माइनिंग टास्क फोर्स की बैठक उपायुक्त श्री नितिश कुमार सिंह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री मुकेश लूणायत, अपर उपायुक्त श्री जयवर्धन कुमार, जिला खनन पदाधिकारी श्री ज्योति शंकर सतपथी, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में सितंबर एवं अक्टूबर माह में जिले में अवैध खनन और परिवहन के विरुद्ध चलाए गए अभियानों की समीक्षा की गई।


जिला खनन पदाधिकारी ने बताया कि इन अभियानों के दौरान कार्रवाई करते हुए

07 ट्रैक्टर,

03 जेसीबी,

01 ट्रक,

09 हाईवा,

02 हाइड्रोलिक एक्सकेवेटर एवं

02 डंपिंग मशीनें जब्त की गईं।


साथ ही लगभग 7.5 लाख घनफुट अवैध बालू ज़ब्त किया गया तथा ₹2.45 लाख की दंड राशि छह वाहनों से वसूल की गई। इस अवधि में अवैध उत्खनन एवं परिवहन से संबंधित 07 प्राथमिकी दर्ज की गईं।

उपायुक्त ने निर्देश दिया कि जिले में अवैध खनन, भंडारण और परिवहन पर पूर्णतः रोक लगाने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ सतत एवं प्रभावी कार्रवाई करें। उन्होंने संवेदनशील खनन क्षेत्रों में नियमित औचक निरीक्षण अभियान चलाने तथा सूचना मिलते ही संयुक्त टीम द्वारा त्वरित छापेमारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उपायुक्त ने मिलन चौक और तिरुलडीह चेकपोस्ट सहित सभी प्रमुख चेक नाकों पर अगले दो दिनों के भीतर मजिस्ट्रेट एवं पुलिस अधिकारियों की तैनाती करने के साथ-साथ CCTV आधारित 24×7 निगरानी प्रणाली लागू करने का निर्देश दिया, ताकि किसी भी प्रकार की अवैध आवाजाही को तुरंत रोका जा सके।

उन्होंने यह भी स्पष्ट कहा कि खनिज परिवहन में संलग्न सभी वाहनों में ढुलाई सामग्री को ढककर ले जाना अनिवार्य होगा, जिससे पर्यावरण संरक्षण, सड़क सुरक्षा और स्वच्छता सुनिश्चित हो सके। साथ ही जब्त बालू की नीलामी प्रक्रिया शीघ्र शुरू कर राजस्व प्राप्ति से संबंधित कार्य समयबद्ध रूप से पूरा करने पर जोर दिया गया।

बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री मुकेश लूणायत ने कहा कि अवैध खनन से संबंधित किसी भी सूचना पर एसडीओ, सीओ और थाना प्रभारी संयुक्त रूप से कार्रवाई दल गठित करें और पर्याप्त पुलिस बल के साथ गोपनीय छापेमारी कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जब्त वाहनों, मशीनरी और संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर मामलों को शीघ्र न्यायालय में प्रस्तुत किया जाए, ताकि किसी भी प्रक्रियागत देरी को रोका जा सके।

निर्वाचन कार्यों में पारदर्शिता लाने को राजनीतिक दलों के साथ बैठक

निर्वाचन कार्यों में पारदर्शिता लाने को राजनीतिक दलों के साथ बैठक

चाईबासा : निर्वाचन कार्यों में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ाने के उद्देश्य से मझगांव के निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी सह उप उपायुक्त प्रवीण केरकेट्टा और मनोहरपुर की निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी सह जिला भू-अर्जन पदाधिकारी लिली एनोला लकड़ा ने कार्यालय वेश्म में सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की नियुक्ति आवश्यक है। भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली के निर्देशानुसार बीएलए की मौजूदगी से मतदाता सूची में संभावित विसंगतियों की समय रहते पहचान हो सकेगी और राजनीतिक दलों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित होगी।

अधिकारियों ने सभी राजनीतिक दलों से आग्रह किया कि आगामी पुनरीक्षण कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक मतदान केंद्र के लिए प्राथमिकता के आधार पर बीएलए नियुक्त करें तथा उसकी सूची संबंधित निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी या जिला निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय में जमा करें।

बैठक में कांग्रेस के त्रिशानु राय, झामुमो के विश्वनाथ बाड़ा और भाजपा के रवि शंकर विश्वकर्मा सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

कोंका कमार करमाली के जन्मदिन पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम, गुमनाम वीर स्वतंत्रता सेनानी को याद किया गया

कोंका कमार करमाली के जन्मदिन पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम, गुमनाम वीर स्वतंत्रता सेनानी को याद किया गया

बोकारो : कसमार प्रखंड के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानी कोंका कमार करमाली के जन्मदिन के अवसर पर बारिडीह स्थित कोंका कमार करमाली चौक पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। स्थानीय लोगों ने पुष्प अर्पित कर इस वीर सेनानी को नमन किया।

स्वतंत्रता संग्राम के दौरान कोंका कमार करमाली ने अंग्रेजों के खिलाफ मोर्चा खोला था। कहा जाता है कि वे हमेशा अपने साथ बाली लोहा से बनी टांगी रखते थे और उसी से उन्होंने कई अंग्रेजों को मार गिराया था।

बिरसा मुंडा के आंदोलन से प्रभावित होकर लोहरा और करमाली जनजाति के लोगों ने स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाई। इस जनजाति के लोग चितरिया पत्थर से लोहा गलाकर ‘बाली लोहा’ तैयार करते थे और उससे तलवार, भाला, टांगी, फरसा और तीर की नोंक जैसे हथियार बनाकर बंगाल क्षेत्र में स्वतंत्रता सेनानियों को आपूर्ति करते थे। इन हथियारों से अंग्रेजों की हुकूमत के खिलाफ लड़ाई को मजबूती मिली।

कोंका कमार करमाली इस आंदोलन के नेतृत्वकर्ताओं में से एक माने जाते हैं। वंशजों के अनुसार, वे युद्ध कौशल के धनी थे और तलवार, भाला व टांगी चलाने में निपुण थे। उनकी वीरता के बावजूद इतिहास में उन्हें उचित स्थान नहीं मिल पाया।

आयोजित कार्यक्रम में सन्नी समाड, विष्णु बानरा, राजा पूर्ति और सुभाष मुंडा सहित कई लोगों ने शामिल होकर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

पश्चिमी सिंहभूम में ‘सेवा का अधिकार सप्ताह’ — 21 से 28 नवंबर तक हर पंचायत में शिविर का आयोजन

पश्चिमी सिंहभूम में ‘सेवा का अधिकार सप्ताह’ — 21 से 28 नवंबर तक हर पंचायत में शिविर का आयोजन

पश्चिमी सिंहभूम : झारखंड सरकार ने पूर्व निर्धारित “आपकी योजना – आपकी सरकार, आपके द्वार” कार्यक्रम को नया स्वरूप देते हुए इसे “सेवा का अधिकार सप्ताह” नाम दिया है। यह अभियान 21 से 28 नवंबर 2025 तक पूरे राज्य में चलाया जाएगा। इसी क्रम में पश्चिमी सिंहभूम जिले के सभी पंचायतों में शिविर आयोजित करने की तैयारी पूरी कर ली गई है।

यह कार्यक्रम झारखंड राज्य सेवा देने की गारंटी अधिनियम, 2011 को प्राथमिकता देते हुए आयोजित किया जाएगा। शिविरों का उद्देश्य आम जनता को सरकारी सेवाएं समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराना और योजनाओं की जानकारी सीधे जनता तक पहुंचाना है।


पंचायत स्तर पर लगाए जाएंगे शिविर

जिले के प्रत्येक पंचायत में कम-से-कम एक शिविर अवश्य आयोजित किया जाएगा। इन शिविरों में विभिन्न सरकारी सेवाओं से संबंधित आवेदन प्राप्त किए जाएंगे और उनका त्वरित निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा।

singhbhum security forces

मुख्य सेवा प्रक्षेत्र (Service Focus Areas)

शिविर में निम्नलिखित सेवाओं के आवेदन प्राथमिकता के आधार पर लिए जाएंगे —

जाति प्रमाण पत्र

स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र

आय प्रमाण पत्र

जन्म प्रमाण पत्र

मृत्यु प्रमाण पत्र

नया राशन कार्ड

दाखिल-खारिज (Mutation)

भूमि की मापी

भूमि धारण प्रमाण पत्र

सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं की स्वीकृति से जुड़े आवेदन


इसके अतिरिक्त, अधिनियम में सूचीबद्ध अन्य सेवाओं एवं लोक-कल्याणकारी योजनाओं से संबंधित आवेदन भी स्वीकार किए जाएंगे।

ऑन-द-स्पॉट शिकायत निवारण

शिविरों में प्राप्त सभी आवेदनों को पोर्टल पर पंजीकृत किया जाएगा।

शिकायतों का मौके पर ही समाधान करते हुए संबंधित दस्तावेज और आवेदक की तस्वीर पोर्टल पर अपलोड की जाएगी।

सॉफ्टवेयर के माध्यम से आवेदनों की ऑनलाइन ट्रैकिंग की जाएगी।

अधिनियम में निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रत्येक आवेदन का निष्पादन सुनिश्चित किया जाएगा।

झारखंड की राजनीति पर कांग्रेस का पलटवार — त्रिशानु राय ने भाजपा पर लगाया अफवाह फैलाने का आरोप

झारखंड की राजनीति पर कांग्रेस का पलटवार — त्रिशानु राय ने भाजपा पर लगाया अफवाह फैलाने का आरोप

चाईबासा : प. सिंहभूम जिला कांग्रेस प्रवक्ता त्रिशानु राय ने भाजपा प्रवक्ता डॉ. अजय आलोक के एक्स पोस्ट पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि घाटशिला विधानसभा उपचुनाव में भाजपा और एनडीए गठबंधन की हार के बाद ऐसे बयान भाजपा की घबराहट और हताशा को दर्शाते हैं।

त्रिशानु राय ने आरोप लगाया कि भाजपा जब राजनीतिक या चुनावी लड़ाई में सीधे मुकाबला नहीं कर पाती है, तो अफवाहों और कयासों के जरिए अस्थिरता फैलाने की कोशिश करती है। उन्होंने डॉ. आलोक के बयान को “राजनीतिक शरारत” बताया और कहा कि इसका वास्तविकता से कोई संबंध नहीं है।

कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जनता के दिलों में जीवंत हैं और उनका संघर्ष झारखंड की माटी, आदिवासियों और मूलवासियों के अधिकारों के लिए है। उन्होंने झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य के बयान ‘हेमंत जीवंत है, भाजपा का अंत है’ को सही और समयोचित करार दिया।

त्रिशानु राय ने महागठबंधन की एकजुटता पर जोर देते हुए कहा कि कांग्रेस अपने गठबंधन सहयोगियों के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा चाहे जितने भी भ्रम फैलाने की कोशिश करे, झारखंड की जनता और गठबंधन पूरी तरह एकजुट है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्थिरता और ईमानदारी के साथ काम कर रही है और आगामी चुनावों में भाजपा के मंसूबों को करारा जवाब दिया जाएगा।

अंत में, त्रिशानु राय ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि “झारखंड की राजनीति रिमोट कंट्रोल से नहीं चलती। सोशल मीडिया ट्रायल के जरिए झारखंड की सरकार को अस्थिर करने का नाकाम प्रयास बंद होना चाहिए।”