चाईबासा | चाईबासा स्थित उपायुक्त कार्यालय में सोमवार को समाजसेवी दुवारिका शर्मा एवं समीर पाल ने संयुक्त रूप से एक महत्वपूर्ण ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से चाईबासा एवं पश्चिमी सिंहभूम जिले में बीमार, घायल, बेसहारा तथा सड़क दुर्घटनाओं में घायल गौवंशीय पशुओं के समुचित उपचार, रेस्क्यू और संरक्षण के लिए एक स्थायी गौशाला एवं गौ रेस्क्यू सेंटर स्थापित करने की मांग की गई।

ज्ञापन में बताया गया कि चाईबासा एवं आसपास के क्षेत्रों में बड़ी संख्या में गौवंशीय पशु बेसहारा अवस्था में सड़कों पर घूमते रहते हैं। इनमें से कई पशु बीमार अथवा घायल हो जाते हैं, जबकि कई सड़क दुर्घटनाओं का शिकार हो जाते हैं। समय पर उपचार और सुरक्षित आश्रय की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण इन बेजुबान पशुओं को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई मामलों में उचित देखभाल के अभाव में उनकी मृत्यु तक हो जाती है।

ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि तस्करी से मुक्त कराए गए अथवा प्रशासन द्वारा जब्त किए गए गौवंशीय पशुओं को सुरक्षित रूप से रखने के लिए भी जिले में पर्याप्त एवं स्थायी व्यवस्था की आवश्यकता है।

समाजसेवी दुवारिका शर्मा एवं समीर पाल ने उपायुक्त से जनहित एवं पशु कल्याण को ध्यान में रखते हुए चाईबासा अथवा आसपास के किसी उपयुक्त क्षेत्र में लगभग एक एकड़ भूमि गौशाला एवं गौ रेस्क्यू सेंटर की स्थापना के लिए उपलब्ध कराने की मांग की।
उन्होंने कहा कि यदि भूमि उपलब्ध कराई जाती है तो समाजसेवियों एवं गौसेवकों के सहयोग से एक व्यवस्थित केंद्र स्थापित करने का प्रयास किया जाएगा। इस केंद्र के माध्यम से बीमार एवं घायल गौवंशीय पशुओं का रेस्क्यू, उपचार, भोजन, पानी, देखभाल और सुरक्षित संरक्षण सुनिश्चित किया जा सकेगा।

दुवारिका शर्मा ने कहा कि बेजुबान पशुओं की सेवा एवं सुरक्षा हम सभी की सामाजिक जिम्मेदारी है। सड़क किनारे बीमार और घायल अवस्था में पड़े गौवंशीय पशुओं को समय पर उपचार एवं सहायता के साथ सुरक्षित आश्रय मिलना अत्यंत आवश्यक है।
वहीं समीर पाल ने कहा कि एक स्थायी गौशाला एवं गौ रेस्क्यू सेंटर की स्थापना से न केवल बेसहारा एवं घायल गौवंशीय पशुओं को सुरक्षित आश्रय मिलेगा, बल्कि सड़कों पर घूमने वाले पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को कम करने में भी सहायता मिलेगी।

दोनों समाजसेवियों ने जिला प्रशासन से जनहित एवं पशु कल्याण से जुड़े इस महत्वपूर्ण विषय पर सकारात्मक विचार करते हुए शीघ्र आवश्यक कार्रवाई करने की अपील की है।

