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पोस्ट ऑफिस कर्मचारी की सड़क दुर्घटना में मौत, पुलिस जांच में जुटी

पोस्ट ऑफिस कर्मचारी की सड़क दुर्घटना में मौत, पुलिस जांच में जुटी

सरायकेला : आमदा शाखा डाकघर (SO) में कार्यरत एक कर्मचारी की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 18 अगस्त 2025 को वह मोटरसाइकिल से गिरकर मौके पर ही मौत का शिकार हो गया। मृतक पिछले लगभग एक वर्ष से डाकघर से लेटर लाने-ले जाने का काम कर रहा था और मूल रूप से तेलंगाना का निवासी बताया जा रहा है।

सूत्रों के अनुसार, 18 नवंबर 2025 को सरायकेला में आयोजित एक मीटिंग में भाग लेने के बाद वह शाम को घर लौटा। बाद में उसने अपने साथियों के साथ शराब का सेवन किया। रात करीब 10 से 11 बजे के बीच रेगाडीह से संकोडीह की ओर जाते समय उसकी बाइक अनियंत्रित हो गई, जिससे वह गिर पड़ा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

घटना की जानकारी ग्रामीणों द्वारा पुलिस को दी गई। पुलिस और पोस्ट ऑफिस विभाग ने मामले की पुष्टि की है और घटना की जांच जारी है। स्थानीय स्तर पर इस घटना से शोक की लहर है।

मनीपुर गांव में अवैध निर्माण का आरोप, जमीन बचाने की मांग

मनीपुर गांव में अवैध निर्माण का आरोप, जमीन बचाने की मांग

चक्रधरपुर : मनीपुर गांव में अविभाजित खतियानी जमीन पर जबरन निर्माण किए जाने का मामला सामने आया है। ग्राम मनीपुर, मनोहरपुर के निवासी श्रीमती आशा चाण्डिल और श्रीराम साण्डिल ने बुधवार को पोटाहाट चक्रधरपुर अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) को लिखित आवेदन देकर त्वरित हस्तक्षेप की मांग की है।

आवेदकों ने बताया कि मनोहरपुर मौजा, राजस्व थाना संख्या 90, हल्का संख्या 7, खाता संख्या 202 और प्लॉट संख्या 2306 की जमीन उनके संयुक्त अविभाजित खतियानी रैयत स्व. गोपाल चाण्डिल के नाम दर्ज है। उनका आरोप है कि मेदासाई निवासी कार्तिक गोप (पिता स्व. विध्याधर गोप) इस जमीन पर जबरन घर निर्माण करा रहे हैं, जबकि जमीन न तो कभी विभाजित हुई है और न ही बेची गई है।

पीड़ितों का कहना है कि अवैध निर्माण रोकने के लिए संबंधित अंचल अधिकारी को आवेदन दिया गया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बावजूद कार्तिक गोप द्वारा तेजी से निर्माण कार्य जारी है, जिससे उन्हें अपनी पुश्तैनी भूमि खोने का खतरा बढ़ गया है।

उन्होंने यह भी बताया कि यह जमीन CNT एक्ट के अंतर्गत आती है, जिसमें अवैध हस्तांतरण या निर्माण पूरी तरह प्रतिबंधित है। दोनों आवेदकों ने एसडीओ से अवैध निर्माण पर तत्काल रोक लगाते हुए उचित कार्रवाई की मांग की है, ताकि वे अपनी पुश्तैनी जमीन से वंचित न हों।

हीरो शहीद देवेंद्र माझी मेमोरियल महिला फुटबॉल व पुरुष हॉकी प्रतियोगिता सम्पन्न — सांसद व विधायक ने किया खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन

हीरो शहीद देवेंद्र माझी मेमोरियल महिला फुटबॉल व पुरुष हॉकी प्रतियोगिता सम्पन्न — सांसद व विधायक ने किया खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन

सोनुवा : गुदड़ी प्रखंड के सुदूर राजगांव में झामुमो प्रखंड कमेटी द्वारा आयोजित वीर शहीद देवेंद्र माझी मेमोरियल पांच दिवसीय महिला फुटबॉल एवं पुरुष हॉकी प्रतियोगिता समापन हुआ। समापन एवं पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सिंहभूम की सांसद जोबा माझी तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में मनोहरपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक जगत माझी उपस्थित रहे।

महिला फुटबॉल प्रतियोगिता


फाइनल मुकाबला संत अगस्तीन गुदड़ी और जीलब जोलोब पंडुवा के बीच खेला गया। निर्धारित समय में कोई भी टीम गोल नहीं कर पाई, जिसके बाद पेनाल्टी शूटआउट कराया गया। पेनाल्टी में संत अगस्तीन की टीम विजेता बनी। विजेता टीम को ट्रॉफी के साथ 10,000 रुपये का नकद पुरस्कार दिया गया।

पुरुष हॉकी प्रतियोगिता


पुरुष हॉकी का फाइनल मुकाबला ओजी मिलन क्लब ओलोंगेर और जीईएलबीके जूनियर के बीच खेला गया। पेनाल्टी शूटआउट में ओजी मिलन क्लब विजेता बना। टीम को 15,000 रुपये एवं ट्रॉफी प्रदान की गई, जबकि उपविजेता टीम को 10,000 रुपये और ट्रॉफी दी गई।

इससे पहले सांसद और विधायक ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया। पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए सांसद जोबा माझी ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेल प्रतियोगिताओं से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलता है। उन्होंने खिलाड़ियों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया और कहा कि खेल के क्षेत्र में भी कैरियर बनाया जा सकता है। साथ ही उन्होंने महिलाओं की खेलों में भागीदारी को सकारात्मक बताया। विधायक जगत माझी ने भी खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया।

कार्यक्रम में कमरोडा के मुखिया दाउद बरजो, झामुमो प्रखंड अध्यक्ष सुनील बुढ़, मानकी बिरसा बरजो, गुदड़ी थाना प्रभारी सुदर्शन मिंज सहित अनेक खेलेप्रेमी उपस्थित थे।

पश्चिमी सिंहभूम में सड़क सुरक्षा के लिए ब्लैक स्पॉट्स का निरीक्षण

पश्चिमी सिंहभूम में सड़क सुरक्षा के लिए ब्लैक स्पॉट्स का निरीक्षण

चाईबासा : उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी के निर्देश पर मंगलवार को जिले में बन रहे ब्लैक स्पॉट्स का संयुक्त निरीक्षण किया गया। सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय उच्च पथ प्रमंडल, जिला परिवहन विभाग और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने विभिन्न दुर्घटनाग्रस्त क्षेत्रों का निरीक्षण किया।

निरीक्षण में जिला परिवहन पदाधिकारी गौतम कुमार, राष्ट्रीय उच्च पथ प्रमंडल चाईबासा के सहायक अभियंता राजाराम दीवाना, पुलिस विभाग के अधिकारी और जिला सड़क सुरक्षा टीम शामिल रहे।

निरीक्षण के प्रमुख स्थल :



मुफ्फसिल थाना क्षेत्र – बादुरी गांव :


यहां लगातार हो रही दुर्घटनाओं का मुख्य कारण तेज रफ्तार पाया गया। अब तक हुई 7 दुर्घटनाओं में दोपहिया, ट्रक और अज्ञात वाहनों की संलिप्तता रही। इस क्षेत्र में रम्बल स्ट्रिप, स्पीड लिमिट संकेतक बोर्ड और NH-220 से जुड़ने वाली ग्रामीण सड़क पर स्पीड ब्रेकर लगाने की जरूरत बताई गई। साथ ही, हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग को लेकर जनजागरूकता अभियान चलाने एवं सड़क सुरक्षा ग्राम समिति बनाने का सुझाव दिया गया।

सदर थाना क्षेत्र – आर.के. जैन पेट्रोल पंप से ओवरब्रिज तक का मार्ग :


इस क्षेत्र में अतिक्रमण, घनी आबादी और भारी ट्रैफिक को दुर्घटनाओं का प्रमुख कारण माना गया। यहां अब तक 9 दुर्घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें बस, दोपहिया और ट्रक शामिल रहे। बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन, बस स्टैंड चौक का चौड़ीकरण, दोपहिया और भारी वाहनों पर कड़ा एन्फोर्समेंट तथा सड़क किनारे अतिक्रमण हटाने की जरूरत पर जोर दिया गया।


प्रशासन की कार्रवाई :

प्रशासन का कहना है कि ब्लैक स्पॉट्स की पहचान कर सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे, जिससे सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में कमी लाई जा सके। आगे भी सड़क सुरक्षा को लेकर नियमित निरीक्षण और कार्रवाई जारी रहेगी।

कोटसोना गांव में बिजली बहाल करने की मांग — ग्रामीणों संग विद्युत कार्यालय पहुंचे विजय सिंह सामाड

कोटसोना गांव में बिजली बहाल करने की मांग — ग्रामीणों संग विद्युत कार्यालय पहुंचे विजय सिंह सामाड

चक्रधरपुर : कोटसोना गांव में लंबे समय से बिजली आपूर्ति बाधित रहने को लेकर ग्रामीणों ने कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी एवं प्रखंड अध्यक्ष विजय सिंह सामाड के नेतृत्व में विद्युत कार्यालय पहुंचकर समस्या से अधिकारियों को अवगत कराया।

सामाड ने सहायक अभियंता से मुलाकात कर पहाड़ के ऊपर स्थित कोटसोना गांव में जल्द से जल्द बिजली बहाल करने की मांग की। उन्होंने कहा कि राज्य गठन को 25 वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन आज तक गांव में बिजली नहीं पहुंची, जो चिंता का विषय है। डिजिटल इंडिया की बात तो होती है, लेकिन कोटसोना के ग्रामीण अब भी बिजली से वंचित हैं।

ग्रामीणों ने भी अधिकारियों के समक्ष बिजली नहीं होने से जुड़ी कई समस्याएं रखीं। सहायक अभियंता ने बताया कि गांव का निरीक्षण पहले किया जा चुका है, लेकिन पहाड़ी रास्ते के कारण बिजली बहाल करने में समय लग रहा है। उन्होंने आश्वासन दिया कि ठेकेदार को पुनः स्थल निरीक्षण के लिए भेजा जाएगा, जिसके बाद कार्य प्रक्रिया शुरू की जाएगी। उन्होंने बताया कि सामग्री की कमी नहीं है, लेकिन पहाड़ी क्षेत्र में सामग्री पहुंचाना चुनौतीपूर्ण है।

मौके पर मौजूद लोग:
युवा जिला सचिव प्रतीक कुमार, बहादुर लोहार, बांगुर हासदा, रमेश हेम्ब्रम, हिटवा लोहार, यादव सामाड, मुचराय सामाड, रामसिंह हेम्ब्रम, चंपाई लोहार, मांगु हेम्ब्रम, श्याम सामाड, मुर्गी हेम्ब्रम, सुभाष लोहार, मनोज सामाड समेत कई ग्रामीण उपस्थित रहे।

SSA चाईबासा की मनमानी, पक्षपात और अवैध कमिटी के खिलाफ खिलाड़ियों में विस्फोट जिला फुटबॉल टीम की अपमानजनक हार ने खोली पूरे सिस्टम की पोल

SSA चाईबासा की मनमानी, पक्षपात और अवैध कमिटी के खिलाफ खिलाड़ियों में विस्फोट जिला फुटबॉल टीम की अपमानजनक हार ने खोली पूरे सिस्टम की पोल

चाईबासा : झारखंड राज्य सीनियर अंतर जिला फुटबॉल प्रतियोगिता में पश्चिमी सिंहभूम जिला फुटबॉल टीम की 7–0 की करारी और शर्मनाक हार ने जिलेभर के खिलाड़ियों, पूर्व खिलाड़ियों, कोचों और खेलप्रेमियों में उबाल ला दिया है।
हर ओर से एक ही आवाज उठ रही है,
हार खिलाड़ियों की नहीं, SSA चाईबासा की अवैध और भ्रष्ट कमिटी की है।
   खेल प्रेमियों का कहना है कि वर्षों से SSA चाईबासा खेल को आगे बढ़ाने के बजाय गुटबाजी, पक्षपात, अहंकार और निजी स्वार्थ में डूबा हुआ है, जिसका नतीजा आज जिला फुटबॉल की बर्बादी के रूप में सामने है।


1. अवैध कमिटी की मनमानी उजागर, क्लब पंजीकरण होने के बावजूद लीग से बाहर

जिले के कई प्रतिष्ठित क्लबों ने बताया कि SSA की अवैध कमिटी ने:

सुपर डिवीजन के कई क्लबों को पंजीकरण के बाद भी लीग में जगह नहीं दी, लीग मैच जल्दबाज़ी में, अधूरे और बिना अनुमति मानक के कराए,

विरोध होने पर भी किसी खिलाड़ी-कोच या क्लब की बात नहीं सुनी, पदेन अध्यक्ष और उपायुक्त को दिए गए आवेदन की भी अनदेखी की,

कई क्लबों को जबरन दबाव और धमकियों के बीच खेलने से बाहर होना पड़ा। खिलाड़ियों का आरोप है कि यह सब इसलिए किया गया ताकि
कमिटी के पसंदीदा क्लबों और खिलाड़ियों को टीम में जगह देने का रास्ता साफ़ रहे।

2. टीम चयन में भारी पक्षपात, ओपन ट्रायल सिर्फ दिखावा

खिलाड़ी और पूर्व खिलाड़ी बताते हैं कि:

ओपन ट्रायल की सूचना सोच-समझकर देर से जारी की गई, ट्रायल में खिलाड़ियों को बराबर मौका नहीं दिया गया,सीनियर व अनुभवी खिलाड़ियों को जानबूझकर बाहर रखा गया, पहले से फिक्स खिलाड़ियों की सूची तैयार थी, चयन प्रक्रिया में कोई पारदर्शिता नहीं रखी गई।


खिलाड़ियों ने आरोप लगाया कि पूरी चयन प्रक्रिया सिर्फ एक ड्रामा थी, निर्णय पहले से ही कर लिया गया था।

3. मात्र 2–3 दिनों का कैंप – टीम गठन मजाक बन गया

जिले की फुटबॉल टीम वर्षों से कैंप के जरिए प्रशिक्षण लेती थी,
लेकिन इस बार SSA की अवैध कमिटी ने सिर्फ दो–तीन दिनों के औपचारिक कैंप में टीम तैयार कर दी,
खिलाड़ियों के बीच तालमेल, फिटनेस और रणनीति पर शून्य ध्यान दिया, कोच और चयनकर्ताओं की भूमिका भी सवालों के घेरे में रही। पूर्व खिलाड़ियों का कहना है कि
“SSA ने जिले की प्रतिभा के साथ नहीं, बल्कि पूरे खेल के साथ मज़ाक किया है।


4. प्रतियोगिता में अपमानजनक प्रदर्शन – SSA की लापरवाही का नतीजा

पहला मैच: खूंटी जैसी कमजोर टीम के खिलाफ भी पश्चिमी सिंहभूम किसी तरह 4–3 से जीत पाया।
यह शुरुआती चेतावनी थी कि टीम में तालमेल और तैयारी गंभीर रूप से कमजोर है।

दूसरा मैच: सरायकेला–खरसावां ने हमारी टीम को 7–0 से रौंद दिया।
यह परिणाम प्रतिभा की कमी नहीं,
बल्कि SSA की तानाशाही, गलत चयन और अव्यवस्था की देन है।

खेलप्रेमियों ने कहा: हार मैदान में नहीं हुई—हार SSA के दफ्तर में पहले ही तय हो चुकी थी।

5. SSA पर बड़े आरोप – फुटबॉल नहीं, दुकानें और फायदे प्राथमिकता

खिलाड़ियों और खेलप्रेमियों ने SSA की अवैध कमिटी पर गंभीर आरोप लगाए: स्टेडियम परिसर की दुकानों पर अवैध कब्जा,

आर्थिक लाभ और किराया विवाद, राजनीतिक संरक्षण प्राप्त कर मनमर्जी, खेल निधियों के उपयोग पर भी गंभीर सवाल। खेलप्रेमियों ने कहा:
“SSA को फुटबॉल से ज्यादा अपनी जेब और राजनीतिक दोस्ती की चिंता है। पिछले 18 वर्षों में पश्चिमी सिंहभूम जिला टीम सिर्फ एक बार संयुक्त विजेता बनी—
वह भी मैच बारिश के कारण न होने के चलते। यह SSA की नाकामी का सबसे बड़ा सबूत है।

6. खिलाड़ियों और खेलप्रेमियों की कड़ी चेतावनी – अब संघर्ष के लिए तैयार

खिलाड़ी–पूर्व खिलाड़ी–खेलप्रेमी समिति ने चेतावनी जारी की है कि अगर SSA की अवैध कमिटी को तत्काल भंग कर
नियमित, पारदर्शी और लोकतांत्रिक कमिटी का गठन नहीं किया गया, तो:
SSA कार्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना,

स्टेडियम गेट पर अनशन

जिलेभर के खिलाड़ियों द्वारा जनआंदोलन, फुटबॉल सुधार के लिए आर-पार की लड़ाई,
शुरू की जाएगी। समिति ने कहा: यह आंदोलन सिर्फ आज की हार का नहीं है—यह हमारी आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की लड़ाई है।

जारीकर्ता:


खिलाड़ी – पूर्व खिलाड़ी – खेलप्रेमी समिति, पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा
हस्ताक्षरकर्ता:
मधुसूदन समाड, राज केसरी, तुराम देवगम, सुरजा देवगम, जयसिंह हेस्सा, गोविन्द सिंह पुरती,
संजय बारी, मोनो पुरती, अमित मछुवा, हरिचरण गोप, जम्बीरा गोप, अभय सिंह देवगम,
सोमा पुरती, मंगल सिंह पुरती, महेश बारी, मिथुन मछुवा, युगल किशोर पुरती,
रमेश जामुदा, अनूप गोप, विजय सिंह बारी, दुलुराम सिंकू, जयपाल सिंह सिरका,
कृष्णा गोप, नरसिंह बिरुवा, डोबरो पूरती, बिनु पूरती, मनीष, लाल सिंह पुरती, साधो बारी,
तथा अनेक पूर्व खिलाड़ी, कोच और फुटबॉल प्रेमियों ने संयुक्त रूप से अपना आक्रोश व्यक्त किया।

चाईबासा में इंदिरा गांधी की जयंती मनाई गई

चाईबासा में इंदिरा गांधी की जयंती मनाई गई

#पश्चिमी_सिंहभूम  : चाईबासा के कांग्रेस भवन में बुधवार को भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की जयंती मनाई गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनकी तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनकी जीवनी पर परिचर्चा की।

कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय ने कहा कि इंदिरा गांधी ने देश की राजनीति में पुरुष वर्चस्व को चुनौती दी। उन्होंने बैंकों और कोयला खदानों का राष्ट्रीयकरण किया, राजाओं के प्रिवी पर्स समाप्त किए, चीन के विरोध के बावजूद सिक्किम का भारतीय गणराज्य में विलय कराया और पाकिस्तान से टुकड़े कर बांग्लादेश का निर्माण किया। इसके अलावा, उन्होंने शिमला समझौते के जरिए कश्मीर मुद्दे का अंतर्राष्ट्रीयकरण रोका और भारत का पहला परमाणु परीक्षण कर देश को गौरवान्वित किया।

कांग्रेसजनों ने कहा कि वर्तमान समय में देश को एकजुट रखने और वैश्विक स्तर पर भारत की ताकत दिखाने के लिए इंदिरा गांधी के मार्ग पर चलने की आवश्यकता है। उनके तेज निर्णय और आक्रामक नेतृत्व के कारण उन्हें ‘आयरन लेडी’ की उपाधि मिली। उनकी विरासत लोकतांत्रिक मूल्यों और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए प्रेरित करती रहेगी।

इस अवसर पर कांग्रेस जिला सचिव जानवी कुदादा, नगर अध्यक्ष मो. सलीम, शिक्षा विभाग चेयरमैन पुरुषोत्तम दास पान, पूर्व जिला कोषाध्यक्ष राधा मोहन बनर्जी, प्रखंड उपाध्यक्ष महीप कुदादा मुनी बारी , नितिमा अंगरिया , सुनिता अल्डा , जेमा बोदरा , सोमबारी बोयपाई , दशमाती हेम्ब्रम , सुनीता पाड़ेया , सरोज पुरती , दयमंती पिंगुवा , पानो देवगम , कमला लागुरी , विरंग कुई , सरिता केराई , विजय लक्ष्मी तिरिया , कमला लागुरी , मनीषा तियू और अन्य कई वरिष्ठ नेता उपस्थित थे।

पीडीएस दुकानदारों को भुगतान में देरी, छह महीने का पैसा अभी तक नहीं पहुँचा

पीडीएस दुकानदारों को भुगतान में देरी, छह महीने का पैसा अभी तक नहीं पहुँचा

चक्रधरपुर : जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) के डोर स्टेप डिलीवरी भुगतान को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। जानकारी के अनुसार, बीते लगभग छह महीनों का भुगतान संबंधित एमओ के खाते में आ चुका है, लेकिन पीडीएस दुकानदारों को अभी तक यह राशि नहीं मिली है। वहीं, कुल 18 महीने का भुगतान पहले से ही बकाया चल रहा है।

भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिला उपाध्यक्ष पवन शंकर पांडे ने कहा कि “जब छह महीने की राशि खाते में आ चुकी है, तो इसे अभी तक पीडीएस दुकानदारों के खातों में क्यों नहीं भेजा गया? यह अत्यंत गंभीर मामला है और तत्काल संज्ञान लेने की आवश्यकता है।”

श्री पांडे ने जिला के संबंधित अधिकारियों से आग्रह किया है कि डोर स्टेप डिलीवरी से जुड़ी राशि तुरंत पीडीएस दुकानदारों के खातों में हस्तांतरित की जाए, ताकि लंबे समय से भुगतान का इंतजार कर रहे वितरणकर्ताओं को राहत मिल सके। स्थानीय पीडीएस संचालकों में भी भुगतान में हो रही देरी को लेकर नाराजगी बढ़ रही है और वे जल्द कार्रवाई की उम्मीद कर रहे हैं।

धातकीडीह में किसान का धान जलकर राख, अज्ञात व्यक्तियों पर आग लगाने का संदेह

धातकीडीह में किसान का धान जलकर राख, अज्ञात व्यक्तियों पर आग लगाने का संदेह

चक्रधरपुर : धातकीडीह गांव में मंगलवार सुबह बड़ी दुर्घटना हुई। किसान गोपीनाथ महतो के खलियान में रखा धान अचानक आग की चपेट में आ गया। आग और धुएं को देखकर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। लेकिन तब तक किसान की महीनों की मेहनत से उपजा सारा धान जलकर राख हो चुका था, जिससे हजारों रुपये का नुकसान हुआ।

किसान गोपीनाथ महतो का कहना है कि आग किसी अज्ञात व्यक्ति ने जानबूझकर लगाई। उन्होंने प्रशासन से दोषियों की पहचान कर उचित मुआवजा देने की मांग की है। घटना के बाद गांव में आक्रोश और चिंता का माहौल बना हुआ है।

महिला सुरक्षा जागरूकता अभियान आयोजित, छात्र-छात्राओं को दी गई महत्वपूर्ण जानकारी

महिला सुरक्षा जागरूकता अभियान आयोजित, छात्र-छात्राओं को दी गई महत्वपूर्ण जानकारी

सरायकेला : पुलिस अधीक्षक सरायकेला-खरसावाँ के निर्देशानुसार कुमार विजय प्रताप सिंह देव बालिका उच्च विद्यालय, सरायकेला में महिला सुरक्षा जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व परीक्ष्यमान पुलिस उपाधीक्षक पूजा कुमारी ने किया, जबकि महिला थाना प्रभारी SI कुमारी तिलोत्मा भी इस दौरान उपस्थित रहीं।

अभियान के तहत छात्र-छात्राओं और महिलाओं को महिला अपराधों की जानकारी, पॉक्सो एक्ट, महिला सुरक्षा उपाय, अफीम/गांजा की खेती की रोकथाम, नशा मुक्ति, डायल-112 सेवा, साइबर फ्रॉड टोल फ्री नंबर 1930, बाल विवाह रोकथाम, तथा महिलाओं के कानूनी अधिकार और प्रावधानों के बारे में जागरूक किया गया।

कार्यक्रम में उपस्थित पुलिस सदस्य :

ASI नंदिता बिरुआ

आरक्षी कृपा भेंगरा

आरक्षी अंजली मुर्मू


अभियान का उद्देश्य महिलाओं और युवाओं को सुरक्षा, कानून और अधिकारों से संबंधित महत्त्वपूर्ण जानकारियाँ देकर उन्हें जागरूक एवं सशक्त बनाना था।