बैंकॉक | बैंकॉक में 29 मार्च से 5 अप्रैल 2026 तक आयोजित वर्ल्ड पैरा आर्चरी सीरीज 2026 (लेग-1) में भारतीय तीरंदाजी टीम ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए देश का नाम रोशन किया। इस प्रतियोगिता में पहली बार भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए विजय सुन्डी ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की।

पुरुष वर्ग के रिकर्व राउंड टीम इवेंट में विजय सुन्डी और हरविंदर सिंह की जोड़ी ने फाइनल मुकाबले में चाइनीज ताइपे को 6-2 अंकों से हराकर स्वर्ण पदक जीता।

वहीं मिक्स टीम इवेंट में विजय सुन्डी और भावना की जोड़ी ने कांस्य पदक अपने नाम किया। फाइनल ब्रॉन्ज मुकाबले में स्लोवेनिया के खिलाफ मुकाबला 4-4 से बराबरी पर रहा, जिसके बाद शूट-ऑफ में भारत ने 10.9 अंक हासिल किए, जबकि स्लोवेनिया 9.8 अंक ही बना सका। इस तरह भारतीय टीम ने कांस्य पदक जीत लिया।

व्यक्तिगत प्रदर्शन में भी विजय सुन्डी ने शानदार खेल दिखाते हुए 70 मीटर राउंड में 323 और 318 अंक हासिल कर कुल 641 अंक बनाए। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने वर्ल्ड पैरा आर्चरी सीरीज में टॉप-1 रैंक हासिल कर इतिहास रच दिया।
इधर चाईबासा स्थित तुरतुंग तीरंदाजी प्रशिक्षण केंद्र, सिकुरसाई में इस जीत की खुशी में जश्न मनाया गया।
विजय सुन्डी के कोच महर्षि महेंद्र सिंकू ने उनकी सफलता पर खुशी जताते हुए कहा कि तीरंदाजी में सफलता के लिए कड़ी मेहनत, अनुशासन, धैर्य और निरंतर अभ्यास बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि विजय का माइंडसेट, प्रेजेंस ऑफ माइंड और शूटिंग तकनीक काफी मजबूत है। उन्हें उम्मीद है कि विजय सुन्डी आने वाले समय में पैरा एशियन गेम्स और पैरालंपिक में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
विजय सुन्डी की इस उपलब्धि पर कई प्रमुख हस्तियों ने उन्हें बधाई दी। बधाई देने वालों में भारतीय तीरंदाजी संघ के अध्यक्ष एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा, द्रोणाचार्य व पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित पूर्णिमा महतो, झारखंड तीरंदाजी संघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुमंत चंद्र मोहंती, पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्त चंदन कुमार सहित खेल जगत, प्रशासन और समाज के कई गणमान्य लोग शामिल हैं।
सभी ने विजय सुन्डी को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं देते हुए उनकी इस ऐतिहासिक सफलता पर गर्व जताया।

