चाईबासा | देश की शिक्षा व्यवस्था में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं, प्रतियोगी परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक, छात्रों के भविष्य के साथ हो रहे खिलवाड़ तथा लोकतांत्रिक अधिकारों के संरक्षण की मांग को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी, पश्चिमी सिंहभूम के तत्वावधान में गुरुवार को उपायुक्त कार्यालय के समीप धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। भारी बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन में हिस्सा लिया। प्रदर्शन के बाद उपायुक्त, पश्चिमी सिंहभूम के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया।

धरना-प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला प्रभारी सह प्रदेश महासचिव धर्मेंद्र सोनकर ने कहा कि देश का युवा केवल रोजगार ही नहीं, बल्कि निष्पक्ष और पारदर्शी शिक्षा व्यवस्था की भी अपेक्षा रखता है। उन्होंने कहा कि जब छात्रों की वर्षों की मेहनत प्रश्नपत्र लीक और भ्रष्ट व्यवस्था की भेंट चढ़ जाती है, तो यह केवल एक परीक्षा की विफलता नहीं, बल्कि देश के भविष्य के साथ अन्याय है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस छात्रों की आवाज को दबने नहीं देगी और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग करने वाले छात्रों और युवाओं पर प्राथमिकी दर्ज करना तथा उन्हें प्रताड़ित करना दुर्भाग्यपूर्ण है। सरकार को छात्रों की आवाज सुननी चाहिए, न कि उन्हें डराने का प्रयास करना चाहिए।

जिला कांग्रेस अध्यक्ष रंजन बोयपाई ने कहा कि देश का युवा भारत की सबसे बड़ी ताकत है। उनकी मेहनत, सपनों और भविष्य की रक्षा करना केंद्र सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। कांग्रेस शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और छात्रों के अधिकारों की रक्षा के लिए अपना संघर्ष जारी रखेगी।
ज्ञापन में उठाई गईं प्रमुख मांगें

राष्ट्रपति के नाम सौंपे गए ज्ञापन में मांग की गई कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दें। साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई अनियमितताओं और प्रश्नपत्र लीक की घटनाओं पर संसद में विस्तृत चर्चा कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसके अलावा शिक्षा व्यवस्था के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों, युवाओं और नागरिकों के विरुद्ध दर्ज सभी प्राथमिकी एवं आपराधिक मुकदमे तत्काल वापस लेने की भी मांग की गई।
कार्यक्रम का संचालन कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन एनएसयूआई जिलाध्यक्ष अनीष गोप ने किया।

धरना-प्रदर्शन को पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष चंद्रशेखर दास, सन्नी सिंकू, आदिवासी कांग्रेस के राष्ट्रीय समन्वयक दीनबंधु बोयपाई, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष नितिमा बारी, पूर्व प्रदेश सचिव अशरफुल होदा, युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रीतम बांकिरा, उपाध्यक्ष पूर्ण चंद्र कायम, यूथ इंटक जिलाध्यक्ष सुरेश सावैयां, आरजीपीआरएस जिला संयोजक रितेश तामसोय, प्रखंड अध्यक्ष शैलेश गोप, मंजु बिरुवा, वरिष्ठ कांग्रेसी कैरा बिरुवा और अमृत मांझी समेत कई नेताओं ने संबोधित किया।
इस अवसर पर प्रखंड अध्यक्ष दिकु सावैयां, चंद्र भूषण बिरुवा, सुखलाल हेम्ब्रम, युवा कांग्रेस प्रदेश महासचिव आदित्य विक्रम तिरिया, अविनाश कोड़ाह, महिला नेत्री जम्बी कुदादा, सत्यशीला हेम्ब्रम, रजनीश बिरुवा, मालती बानरा, सुनीता सिंकु, आशा पुरती, सावित्री सिरका, सुनीता लकड़ा, मंडल अध्यक्ष अमर ज्योति गोंड, तिला तिर्की, विनीत लागुरी, वरिष्ठ कांग्रेसी राधा मोहन बनर्जी, मासूम रजा, शैली शैलेन्द्र सिंकु, सन्नी रोबर्ट, चंदन पासवान, विजय तिग्गा, मो. तस्लीम अंसारी, सचिन बिरुवा, अमित मुखी, विशाल गुड़िया, भुवनेश्वर तियू, सतीश बोदरा, सहाय लुगुन, गुलशन लागुरी, सुशांत बानरा, नारायण कुदादा, सुशील दास, केदार नाथ कालुंडिया, गणेश सोय, नंदन दास, करण सोनकर, शमीम गद्दी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

