चाईबासा: पश्चिम सिंहभूम जिले के चाईबासा, चक्रधरपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में संगठित रूप से संचालित अवैध लॉटरी कारोबार को लेकर एंटी करप्शन ऑफ इंडिया के झारखंड प्रदेश अध्यक्ष रामहरि गोप ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने इस मामले में पुलिस महानिदेशक (DGP), झारखंड एवं पुलिस महानिरीक्षक स्पीड पोस्ट के माध्यम से (DIG), कोल्हान प्रमंडल से औपचारिक शिकायत भेजकर कठोरतम कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत में कहा गया है कि यह अवैध नेटवर्क विशेष रूप से आदिवासी समुदाय, दिहाड़ी मजदूरों, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को निशाना बनाकर संचालित किया जा रहा है, जिससे इन वर्गों का गंभीर आर्थिक, सामाजिक एवं मानसिक शोषण हो रहा है। इसके कारण कई परिवार कर्ज में डूब चुके हैं, घरेलू तनाव बढ़ रहा है और बच्चों की शिक्षा भी प्रभावित हो रही है।
रामहरि गोप के अनुसार, यह केवल अवैध व्यापार नहीं बल्कि अनुसूचित जनजाति समुदाय के संवैधानिक अधिकारों, सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था और क्षेत्र की कानून व्यवस्था पर सीधा हमला है। शिकायत में अवैध नेटवर्क के मुख्य सरगना के रूप में राकेश जायसवाल, चक्रधरपुर के रहने वाला है, जिनके माध्यम से पूरे क्षेत्र में इस अवैध नेटवर्क का संचालन किए जाने का आरोप है।
इसके अलावा कथित प्रमुख संचालकों में विकाश विश्वकर्मा (कुम्हार टोली, चाईबासा) और शुभम घोष उर्फ बच्चा बंगाली (बड़ी बाजार, गणेश मंदिर के पास, चाईबासा) का भी उल्लेख किया गया है। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि यह नेटवर्क स्थानीय एजेंटों, सब-एजेंटों और डिजिटल माध्यमों के जरिए अवैध लॉटरी टिकटों का वितरण कर रहा है, जिसमें धन संग्रह, डिजिटल लेन-देन और अंतर-राज्य संपर्क भी शामिल हैं, जिससे यह एक संगठित आपराधिक गिरोह का रूप ले चुका है।
उन्होंने मांग की है कि पूरे नेटवर्क के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज कर विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया जाए, सभी अवैध अड्डों को ध्वस्त किया जाए, वित्तीय स्रोतों और संपत्तियों की जांच कर जब्ती की कार्रवाई की जाए तथा पीड़ित आदिवासी एवं श्रमिक परिवारों को कानूनी सहायता, परामर्श और पुनर्वास उपलब्ध कराया जाए। साथ ही, यदि किसी सरकारी अधिकारी या पुलिस कर्मी की संलिप्तता या संरक्षण पाया जाए तो उनके विरुद्ध भी कठोर कार्रवाई की जाए।
रामहरि गोप ने कहा कि समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो यह नेटवर्क और मजबूत होगा, जिससे समाज के कमजोर वर्गों का शोषण और बढ़ेगा तथा क्षेत्र में अपराध की प्रवृत्तियां और तेज होंगी।
चाईबासा-चक्रधरपुर क्षेत्र में आदिवासियों और मजदूरों को निशाना बनाकर अवैध लॉटरी नेटवर्क, DGP व DIG को भेजी गई शिकायत

