#घाटशिला #बहरागोड़ा #पूर्वी_सिंहभूम #सीमावर्ती_गांव #maskalnews

घाटशिला–बहरागोड़ा सीमावर्ती गांवों में संदिग्ध गतिविधियों से दहशत, रात्रि गश्ती बढ़ाने की मांग

घाटशिला–बहरागोड़ा सीमावर्ती गांवों में संदिग्ध गतिविधियों से दहशत, रात्रि गश्ती बढ़ाने की मांग

घाटशिला : घाटशिला एवं बहरागोड़ा विधानसभा क्षेत्र के सीमावर्ती गांवों में इन दिनों चोरी की घटनाओं और संदिग्ध गतिविधियों की चर्चाओं से आमजन में भय का माहौल व्याप्त है। विशेषकर पूर्वी सिंहभूम के ग्रामीण इलाकों में शाम ढलते ही लोग घरों में सिमटने को मजबूर हैं।

Admissions Open | Contact : +91 9899613747

स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, जंगल किनारे झाड़ियों से सटे सुदूर क्षेत्रों में लकड़ी के दरवाजों वाले घरों को निशाना बनाने की कोशिश की जा रही है, जिससे पूरे क्षेत्र में असुरक्षा की भावना बढ़ी है। स्थिति यह है कि रात के समय आवाजाही लगभग ठप हो गई है और गांवों में सन्नाटा पसरा रहता है।

Book your slot today : +91 7250214782

ऐसी ही एक घटना दमपाड़ा क्षेत्र के केदुंपोसी गांव में बुधवार की रात करीब 11:35 बजे घटी। एक घर के दरवाजे पर बाहर से किसी के टकटकाने और पुकारने की आवाज सुनी गई। जब घरवालों ने दरवाजा खोला तो बाहर कोई दिखाई नहीं दिया। बताया जा रहा है कि इस प्रकार की घटनाएं पिछले दो दिनों से पश्चिम बंगाल में भी सामने आ रही हैं।

Book your slot today : +91 7250214782

झारखंड के कई गांव पश्चिम बंगाल की सीमा से सटे होने के कारण लोगों में यह चर्चा है कि आपराधिक तत्व सीमा पार से सक्रिय हो सकते हैं। हालांकि, अब तक किसी प्रकार की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। बिना ठोस साक्ष्य के किसी राजनीतिक षड्यंत्र की आशंका व्यक्त करना उचित नहीं होगा, किंतु प्रशासन की चुप्पी से ग्रामीणों की चिंता अवश्य बढ़ी है।

जनता की मांग है कि झारखंड सरकार एवं स्थानीय पुलिस प्रशासन तत्काल प्रभाव से

• प्रभावित गांवों में नियमित रात्रि गश्ती बढ़ाए,

• फ्लैग मार्च कर लोगों में भरोसा कायम करे,

• ग्राम स्तर पर पुलिस-जन संवाद बैठक आयोजित करे,

• सीमावर्ती इलाकों में विशेष निगरानी अभियान चलाए।


ग्रामीणों से भी अपील की जाती है कि वे अफवाहों से बचें, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें तथा कानून को अपने हाथ में न लें।

क्षेत्र की शांति एवं सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। आमजन की सुरक्षा और विश्वास बहाली हेतु शीघ्र ठोस कदम उठाए जाने की अपेक्षा की जाती है।