सरायकेला-खरसावां | जिले के ईचागढ़ एवं सरायकेला प्रखंड में वरीय पदाधिकारियों द्वारा विभिन्न विकास योजनाओं एवं संस्थानों का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, स्वास्थ्य केंद्र, आवास योजना तथा मनरेगा योजनाओं की प्रगति और गुणवत्ता की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने संबंधित कर्मियों को लंबित कार्यों में तेजी लाने तथा शत-प्रतिशत योग्य लाभुकों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने का निर्देश दिया।

ईचागढ़ प्रखंड के वरीय पदाधिकारी सह जिला परिवहन पदाधिकारी गिरिजा शंकर महतो तथा सरायकेला प्रखंड की वरीय पदाधिकारी सह भूमि सुधार उपसमाहर्ता निवेदिता नियति ने क्षेत्र का दौरा कर विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान लाभुकों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, योजनाओं की गुणवत्ता तथा कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
प्रखंड स्तर पर आयोजित समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने कहा कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी और सरल प्रक्रिया के माध्यम से पात्र लोगों तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी लंबित एवं अपूर्ण योजनाओं को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने, नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने तथा क्षेत्रीय स्तर पर सतत निरीक्षण जारी रखने का निर्देश दिया।

अधिकारियों ने प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्यालय आने वाले लाभुकों के आवेदनों पर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि आम लोगों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
निरीक्षण के दौरान कार्यालयों एवं संस्थानों में उपस्थिति पंजी और अभिलेख संधारण की भी समीक्षा की गई। सभी कर्मियों को निर्धारित समय पर उपस्थित रहने तथा जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ कार्य करने का निर्देश दिया गया।
विद्यालयों के निरीक्षण के दौरान शैक्षणिक गतिविधियों, छात्र-छात्राओं की उपस्थिति, मध्यान्ह भोजन तथा आधारभूत सुविधाओं का मूल्यांकन किया गया। वहीं मनरेगा योजनाओं के तहत कार्यस्थलों पर मजदूरों की उपस्थिति और उपलब्ध सुविधाओं की जांच की गई। आवास योजनाओं में निर्माण कार्य की गुणवत्ता की समीक्षा करते हुए लंबित आवासों को शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा अधिकारियों ने सरकारी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार पर जोर देते हुए कहा कि अधिक से अधिक लोगों को जागरूक किया जाए, ताकि पात्र लाभुक समय पर योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें।

