चाईबासा | पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित प्रकोष्ठ में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में बैंक ऑफ इंडिया ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (BOI-RSETI) द्वारा संचालित विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप विकास आयुक्त उत्कर्ष कुमार, अग्रणी जिला बैंक प्रबंधक तथा आरसेटी निदेशक सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक के दौरान जानकारी दी गई कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में विभिन्न ट्रेडों के तहत 909 ग्रामीण युवक-युवतियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। वहीं, वर्ष 2026-27 में प्रशिक्षण आधारित दो बैचों का प्रशिक्षण पूर्ण हो चुका है तथा एक बैच वर्तमान में संचालित है।
समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने निर्देश दिया कि केंद्र के बाहर संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों के तहत जिले के मंडल कारा में चार बैचों के माध्यम से फिनायल एवं पेपर कप निर्माण, मशरूम उत्पादन तथा फास्ट फूड निर्माण से संबंधित प्रशिक्षण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि इससे जेल से बाहर आने के बाद बंदियों को सम्मानजनक आजीविका प्राप्त करने में सहायता मिलेगी।

उपायुक्त ने यह भी निर्देशित किया कि प्रशिक्षण केंद्र से प्रशिक्षण प्राप्त कर जीविकोपार्जन के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर रही जेएसएलपीएस की दीदियों की सूची तैयार की जाए। साथ ही, प्रशिक्षण सत्रों के दौरान उनकी उपस्थिति सुनिश्चित कराते हुए नए प्रशिक्षुओं के बीच उनके अनुभव साझा कराए जाएं, ताकि अन्य लोग भी प्रेरित हो सकें।

बैठक में उपायुक्त ने प्रशिक्षण केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं, प्रशिक्षुओं के लिए आवासन व्यवस्था, भोजन की गुणवत्ता एवं अन्य व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकाधिक ग्रामीण क्षेत्रों के 18 से 45 वर्ष आयु वर्ग के युवक-युवतियों को रोजगारपरक प्रशिक्षण से जोड़ने पर जोर देते हुए ब्यूटी पार्लर, सिलाई, कंप्यूटर, सीसीटीवी इंस्टॉलेशन सहित अन्य तकनीकी कौशल आधारित प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

