सरायकेला : झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सरायकेला-खरसावां रामाशंकर सिंह के मार्गदर्शन में रविवार, 15 फरवरी को सरायकेला जिला कारा में जेल अदालत सह चिकित्सा जांच एवं विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। कार्यक्रम निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार संपन्न हुआ।

कार्यक्रम की देखरेख मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सह सचिव प्रभारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण लूसी सोसेन तिग्गा ने की। इस अवसर पर जिला कारा अधीक्षक सत्येंद्र कुमार महतो, सहायक लोक अभियोजक देव प्रताप तिवारी, सहायक एलएडीसी अंबिका चरण पाणि, विजय कुमार महतो, जेलर सोनू कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

जेल अदालत के दौरान बंदियों द्वारा दिए गए दो आवेदनों पर सुनवाई की गई और उन्हें आवश्यक कानूनी मार्गदर्शन प्रदान किया गया। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने बंदियों को बताया कि वे अपनी किसी भी विधिक समस्या के लिए निःसंकोच जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से सहायता ले सकते हैं। उन्होंने निःशुल्क विधिक सहायता से जुड़ी सुविधाओं की जानकारी भी दी।

चिकित्सा जांच शिविर में बंदियों की स्वास्थ्य जांच की गई और आवश्यक परामर्श दिया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बंदियों को त्वरित न्यायिक सहायता, स्वास्थ्य सुविधा और विधिक अधिकारों के प्रति जागरूक करना था।
इस दौरान मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ने महिला वार्ड का निरीक्षण कर महिला बंदियों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं के बारे में जानकारी ली। उन्हें भी निःशुल्क विधिक सहायता और अन्य सुविधाओं के बारे में अवगत कराया गया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सरायकेला-खरसावां द्वारा आयोजित इस शिविर ने बंदियों की विधिक जागरूकता बढ़ाने और न्याय तक उनकी पहुंच सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

