चाईबासा : जी. सी. जैन कॉमर्स कॉलेज की स्थिति बेहद चिंताजनक और शर्मनाक बताई जा रही है। वर्ष 2016 में कक्षाओं की कमी के कारण छात्रों को पेड़ों के नीचे पढ़ाई करनी पड़ी थी। लंबे आंदोलन और संघर्ष के बाद नया भवन तैयार हुआ ताकि छात्रों को सुरक्षित और व्यवस्थित कक्षाएँ मिल सकें।
लेकिन वर्तमान स्थिति इसके बिल्कुल उलट है। नया भवन छात्रों के बजाय स्किल डेवलपमेंट, सोलर प्लांट और अन्य गैर-शैक्षणिक गतिविधियों के लिए कब्जे में रखा गया है। कक्षाएँ बंद हैं और प्रयोगशालाओं की जगह मशीनें रखी गई हैं।
जब छात्रों ने कॉलेज प्रशासन से पूछा कि किस आदेश के आधार पर नया भवन इस तरह उपयोग किया जा रहा है, तो प्रशासन कोई भी आधिकारिक आदेश-पत्र प्रस्तुत नहीं कर सका। कई प्राध्यापक भी इस मामले से अनजान पाए गए, जिससे यह स्पष्ट होता है कि भवन का उपयोग मनमाने ढंग से और बिना अनुमति के किया जा रहा है।
प्राचार्य के रवैये पर नाराज़गी
NSUI पदाधिकारियों ने प्राचार्य पर असम्मानजनक व्यवहार का आरोप लगाया। उनका कहना है कि बातचीत के दौरान प्राचार्य का रवैया छात्रों के प्रति असंगत और संस्थान की गरिमा के विरुद्ध था। छात्रों ने कहा कि जो प्राचार्य छात्रों की बात सुनने को तैयार नहीं, उसे कॉलेज की कमान संभालने का अधिकार नहीं है।
पुराना भवन बन चुका है खतरा
कॉलेज का पुराना भवन पूरी तरह जर्जर हो चुका है। दीवारों में गहरी दरारें, कमजोर छतें और भूकंप जैसी स्थिति के कारण यहां पढ़ाई करना छात्रों के लिए जान जोखिम में डालने जैसा है। इसके बावजूद नया भवन खाली रखा जा रहा है और छात्र पुराने खतरनाक ढांचे में पढ़ने को मजबूर हैं।
NSUI की मुख्य मांगें :
1. नया भवन तुरंत शिक्षण कार्य के लिए खोला जाए।
2. स्किल डेवलपमेंट व अन्य गैर-शैक्षणिक गतिविधियाँ तत्काल रोकी जाएँ।
3. भवन उपयोग से संबंधित आदेश-पत्र सार्वजनिक किया जाए।
4. पुराने भवन की तकनीकी जांच कर छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
5. प्राचार्य छात्रों से सम्मानजनक संवाद सुनिश्चित करें।
NSUI ने चेतावनी दी है कि छात्रों की पढ़ाई, सुरक्षा और भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि प्रशासन ने कार्रवाई नहीं की, तो सड़क से लेकर परिसर तक बड़े आंदोलन किए जाएंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी कॉलेज प्रशासन की होगी।
प्रतिनिधिमंडल में जिलाध्यक्ष अनीश गोप, महासचिव कृष्णा सिरका, कॉलेज अध्यक्ष आर्या प्रकाश सोय, सचिन बिरुवा, मुकेश नायक, बबलु कोड़ा, शिवा तिवारी, संदीप गोंड सहित कई छात्र मौजूद रहे।

